AIEEE 2011 Mathematics Question Paper with Answer and Solution in Hindi

36 QuestionsHindiWith Solutions

MathematicsQ136 of 36 questions

Page 1 of 1 · Hindi

1
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
यदि $A = \sin^2 x + \cos^4 x$ है,तो सभी वास्तविक $x$ के लिए :
A
$1 \le A \le 2$
B
$\frac{13}{16} \le A \le 1$
C
$\frac{3}{4} \le A \le 1$
D
$\frac{3}{4} \le A \le \frac{13}{16}$

Solution

(C) दिया गया है $A = \sin^2 x + \cos^4 x$.
माना $t = \sin^2 x$,तो $0 \le t \le 1$. चूँकि $\cos^2 x = 1 - \sin^2 x = 1 - t$,इसलिए $\cos^4 x = (1 - t)^2$.
इन मानों को $A$ के व्यंजक में प्रतिस्थापित करने पर:
$A = t + (1 - t)^2 = t + 1 - 2t + t^2 = t^2 - t + 1$.
यह $t$ में एक द्विघात व्यंजक है जहाँ $t \in [0, 1]$.
परवलय $f(t) = t^2 - t + 1$ का शीर्ष $t = 1/2$ पर है।
चूँकि $1/2$ अंतराल $[0, 1]$ के भीतर है,न्यूनतम मान $f(1/2) = 3/4$ है।
अधिकतम मान सीमाओं $t=0$ या $t=1$ पर प्राप्त होता है:
$f(0) = 1$ और $f(1) = 1$.
अतः,$A$ का परिसर $\frac{3}{4} \le A \le 1$ है।
2
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
यदि $\omega (\neq 1)$ इकाई का घनमूल है और $(1 + \omega)^7 = A + B\omega$ है,तो $A$ और $B$ का मान ज्ञात कीजिए।
A
$0, 1$
B
$1, 0$
C
$1, 1$
D
$-1, 1$

Solution

(C) हम जानते हैं कि इकाई के घनमूल के लिए,$1 + \omega + \omega^2 = 0$,जिसका अर्थ है $1 + \omega = -\omega^2$.
इस मान को दिए गए व्यंजक में रखने पर:
$(1 + \omega)^7 = (-\omega^2)^7$
$= -\omega^{14}$
चूंकि $\omega^3 = 1$,इसलिए $\omega^{14} = \omega^{12} \cdot \omega^2 = (\omega^3)^4 \cdot \omega^2 = 1^4 \cdot \omega^2 = \omega^2$.
अतः,$(1 + \omega)^7 = -\omega^2$.
सर्वसमिका $1 + \omega + \omega^2 = 0$ का उपयोग करने पर,$-\omega^2 = 1 + \omega$ प्राप्त होता है।
$1 + \omega$ की तुलना $A + B\omega$ से करने पर,$A = 1$ और $B = 1$ प्राप्त होता है।
3
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
कथन-$1:$ $10$ समान गेंदों को $4$ अलग-अलग बक्सों में इस प्रकार वितरित करने के तरीकों की संख्या कि कोई भी बक्सा खाली न रहे,$^9C_3$ है।
कथन-$2:$ $9$ अलग-अलग स्थानों में से किन्हीं $3$ स्थानों को चुनने के तरीकों की संख्या $^9C_3$ है।
A
कथन-$1$ गलत है,कथन-$2$ सही है।
B
कथन-$1$ सही है,कथन-$2$ गलत है।
C
कथन-$1$ सही है,कथन-$2$ सही है; कथन-$2$,कथन-$1$ की सही व्याख्या नहीं है।
D
कथन-$1$ सही है,कथन-$2$ सही है; कथन-$2$,कथन-$1$ की सही व्याख्या है।

Solution

(D) कथन-$1$ के लिए: $n$ समान वस्तुओं को $r$ अलग-अलग बक्सों में इस प्रकार वितरित करने के तरीकों की संख्या कि कोई भी बक्सा खाली न रहे,सूत्र $^{n-1}C_{r-1}$ द्वारा दी जाती है।
यहाँ,$n = 10$ और $r = 4$ है।
अतः,तरीकों की संख्या $^{10-1}C_{4-1} = ^9C_3$ है।
इस प्रकार,कथन-$1$ सही है।
कथन-$2$ के लिए: $n$ अलग-अलग वस्तुओं में से $r$ वस्तुओं को चुनने के तरीकों की संख्या $^nC_r$ है।
यहाँ,$n = 9$ और $r = 3$ है,इसलिए तरीकों की संख्या $^9C_3$ है।
इस प्रकार,कथन-$2$ सही है।
चूंकि समान वस्तुओं को अलग-अलग बक्सों में वितरित करने का सूत्र (स्टार्स एंड बार्स विधि) स्थानों को चुनने की अवधारणा का उपयोग करके प्राप्त किया जाता है,इसलिए कथन-$2$,कथन-$1$ की सही व्याख्या है।
4
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
$(1 - x - x^2 + x^3)^6$ के विस्तार में $x^7$ का गुणांक है
A
$-132$
B
$-144$
C
$132$
D
$144$

Solution

(B) दिया गया व्यंजक: $(1 - x - x^2 + x^3)^6 = ((1 - x)(1 - x^2))^6 = (1 - x)^6 (1 - x)^6 (1 + x)^6 = (1 - x)^{12} (1 + x)^6$.
हमें $(1 - x)^{12} (1 + x)^6$ में $x^7$ का गुणांक ज्ञात करना है।
$(1 - x)^{12} = \sum_{i=0}^{12} (-1)^i \binom{12}{i} x^i$ और $(1 + x)^6 = \sum_{j=0}^{6} \binom{6}{j} x^j$ लेने पर।
$x^7$ का गुणांक $\sum_{i+j=7} (-1)^i \binom{12}{i} \binom{6}{j}$ होगा।
योग करने पर: $-12 + 396 - 3300 + 9900 - 11880 + 5544 - 792 = -144$.
5
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
कथन $-1$: प्रत्येक प्राकृत संख्या $n$ के लिए,$(n + 1)^7 - n^7 - 1$,$7$ से विभाज्य है।
कथन $-2$: प्रत्येक प्राकृत संख्या $n$ के लिए,$n^7 - n$,$7$ से विभाज्य है।
A
कथन $-1$ असत्य है,कथन $-2$ सत्य है।
B
कथन $-1$ सत्य है,कथन $-2$ असत्य है।
C
कथन $-1$ सत्य है,कथन $-2$ सत्य है; कथन $-2$,कथन $-1$ की सही व्याख्या नहीं है।
D
कथन $-1$ सत्य है,कथन $-2$ सत्य है; कथन $-2$,कथन $-1$ की सही व्याख्या है।

Solution

(D) कथन $-2$ के लिए: फर्मेट के लिटिल प्रमेय के अनुसार,किसी भी अभाज्य संख्या $p$ और पूर्णांक $n$ के लिए,$n^p \equiv n \pmod{p}$ होता है। यहाँ $p = 7$ है,इसलिए $n^7 \equiv n \pmod{7}$,जिसका अर्थ है कि $n^7 - n$,$7$ से विभाज्य है। अतः,कथन $-2$ सत्य है।
कथन $-1$ के लिए: द्विपद प्रमेय का उपयोग करके $(n + 1)^7$ का विस्तार करने पर: $(n + 1)^7 = n^7 + 7n^6 + 21n^5 + 35n^4 + 35n^3 + 21n^2 + 7n + 1$ प्राप्त होता है।
अतः $(n + 1)^7 - n^7 - 1 = 7n^6 + 21n^5 + 35n^4 + 35n^3 + 21n^2 + 7n = 7(n^6 + 3n^5 + 5n^4 + 5n^3 + 3n^2 + n)$।
यह व्यंजक स्पष्ट रूप से $7$ से विभाज्य है। अतः,कथन $-1$ सत्य है।
ध्यान दें कि कथन $-1$ को $(n+1)^7 - (n+1) - (n^7 - n) = 7k$ के रूप में लिखा जा सकता है। चूंकि $(n+1)^7 - (n+1)$ और $n^7 - n$ दोनों $7$ से विभाज्य हैं (कथन $-2$ के अनुसार),इसलिए उनका अंतर भी $7$ से विभाज्य है। अतः,कथन $-2$,कथन $-1$ की सही व्याख्या है।
6
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
एक व्यक्ति अपनी नौकरी के पहले तीन महीनों में प्रत्येक महीने $200$ की बचत करता है। इसके बाद के प्रत्येक महीने में,उसकी बचत पिछले महीने की बचत से $40$ अधिक हो जाती है। नौकरी शुरू होने से उसकी कुल बचत ............ महीनों के बाद $11040$ होगी।
A
$19$
B
$20$
C
$21$
D
$18$

Solution

(C) पहले कुछ महीनों के लिए बचत:
महीना $1: 200$,महीना $2: 200$,महीना $3: 200$।
महीना $4$ से,बचत एक समांतर श्रेणी $(AP)$ बनाती है जिसका प्रथम पद $a = 240$ और सार्व अंतर $d = 40$ है।
माना कुल महीनों की संख्या $n$ है। कुल बचत इस प्रकार है:
$600 + \sum_{k=1}^{n-3} [240 + (k-1)40] = 11040$
$600 + \frac{n-3}{2} [2(240) + (n-3-1)40] = 11040$
$600 + (n-3) [240 + (n-4)20] = 11040$
$(n-3) [20n + 160] = 10440$
$(n-3)(n+8) = 522$
$n^2 + 5n - 546 = 0$
द्विघात समीकरण $n^2 + 5n - 546 = 0$ को हल करने पर:
$n = \frac{-5 \pm 47}{2}$
धनात्मक मान लेने पर,$n = 21$।
अतः,$21$ महीनों के बाद कुल बचत $11040$ होगी।
7
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
दो वृत्त $x^2 + y^2 = ax$ और $x^2 + y^2 = c^2$ एक-दूसरे को स्पर्श करते हैं यदि:
A
$|a| = c$
B
$a = 2c$
C
$|a| = 2c$
D
$2|a| = c$

Solution

(A) दिए गए समीकरण $x^2 + y^2 - ax = 0$ और $x^2 + y^2 = c^2$ हैं।
पहले वृत्त के लिए,केंद्र $C_1 = (\frac{a}{2}, 0)$ और त्रिज्या $r_1 = |\frac{a}{2}|$ है।
दूसरे वृत्त के लिए,केंद्र $C_2 = (0, 0)$ और त्रिज्या $r_2 = |c|$ है।
केंद्रों के बीच की दूरी $d = \sqrt{(\frac{a}{2} - 0)^2 + (0 - 0)^2} = |\frac{a}{2}|$ है।
दो वृत्त एक-दूसरे को स्पर्श करते हैं यदि उनके केंद्रों के बीच की दूरी उनकी त्रिज्याओं के योग या अंतर के बराबर हो,अर्थात $d = |r_1 \pm r_2|$.
$|\frac{a}{2}| = ||\frac{a}{2}| \pm |c||$.
स्थिति $1$: $|\frac{a}{2}| = |\frac{a}{2}| + |c| \Rightarrow |c| = 0$ (वृत्त के लिए संभव नहीं है)।
स्थिति $2$: $|\frac{a}{2}| = | |\frac{a}{2}| - |c| |$.
इसका अर्थ है $|\frac{a}{2}| = |c| - |\frac{a}{2}|$ (यह मानते हुए कि $|c| > |\frac{a}{2}|$) ।
अतः,$2|\frac{a}{2}| = |c|$,जो $|a| = c$ में सरल हो जाता है।
8
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
उस दीर्घवृत्त का समीकरण ज्ञात कीजिए जिसके अक्ष निर्देशांक अक्ष हैं,जो बिंदु $(-3, 1)$ से होकर गुजरता है और जिसकी उत्केंद्रता $e = \sqrt{\frac{2}{5}}$ है।
A
$5x^{2} + 3y^{2} - 48 = 0$
B
$3x^{2} + 5y^{2} - 15 = 0$
C
$5x^{2} + 3y^{2} - 32 = 0$
D
$3x^{2} + 5y^{2} - 32 = 0$

Solution

(D) माना दीर्घवृत्त का समीकरण $\frac{x^{2}}{a^{2}} + \frac{y^{2}}{b^{2}} = 1$ है।
चूंकि यह $(-3, 1)$ से गुजरता है,इसलिए $\frac{9}{a^{2}} + \frac{1}{b^{2}} = 1$ है।
दिया है $e^{2} = \frac{2}{5}$,हम जानते हैं कि $b^{2} = a^{2}(1 - e^{2}) = a^{2}(1 - \frac{2}{5}) = \frac{3}{5}a^{2}$।
$b^{2}$ का मान समीकरण में रखने पर: $\frac{9}{a^{2}} + \frac{1}{\frac{3}{5}a^{2}} = 1$।
$\frac{9}{a^{2}} + \frac{5}{3a^{2}} = 1$ $\Rightarrow \frac{27 + 5}{3a^{2}} = 1$ $\Rightarrow 3a^{2} = 32$ $\Rightarrow a^{2} = \frac{32}{3}$।
तब $b^{2} = \frac{3}{5} \times \frac{32}{3} = \frac{32}{5}$।
समीकरण $\frac{x^{2}}{32/3} + \frac{y^{2}}{32/5} = 1$ है,जिसे सरल करने पर $3x^{2} + 5y^{2} = 32$ या $3x^{2} + 5y^{2} - 32 = 0$ प्राप्त होता है।
9
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
$\mathop {\lim }\limits_{x \to 2} \left( {\frac{{\sqrt {1 - \cos \{ 2(x - 2)\} } }}{{x - 2}}} \right) = $
A
$\sqrt 2 $
B
$-\sqrt 2 $
C
$\frac{1}{{\sqrt 2 }}$
D
$\text{अस्तित्व में नहीं है}$

Solution

(D) माना $f(x) = \frac{\sqrt{1 - \cos\{2(x - 2)\}}}{x - 2}$ है।
सर्वसमिका $1 - \cos(2\theta) = 2\sin^2(\theta)$ का उपयोग करने पर,हमें $1 - \cos\{2(x - 2)\} = 2\sin^2(x - 2)$ प्राप्त होता है।
अतः,$f(x) = \frac{\sqrt{2\sin^2(x - 2)}}{x - 2} = \frac{\sqrt{2}|\sin(x - 2)|}{x - 2}$ है।
बाएँ हाथ की सीमा $(LHL)$: $\mathop {\lim }\limits_{x \to 2^-} \frac{\sqrt{2}|\sin(x - 2)|}{x - 2}$। जब $x \to 2^-$,तब $(x - 2) < 0$,इसलिए $|\sin(x - 2)| = -\sin(x - 2)$ है।
$LHL = \mathop {\lim }\limits_{x \to 2^-} \frac{-\sqrt{2}\sin(x - 2)}{x - 2} = -\sqrt{2}(1) = -\sqrt{2}$ है।
दाएँ हाथ की सीमा $(RHL)$: $\mathop {\lim }\limits_{x \to 2^+} \frac{\sqrt{2}|\sin(x - 2)|}{x - 2}$। जब $x \to 2^+$,तब $(x - 2) > 0$,इसलिए $|\sin(x - 2)| = \sin(x - 2)$ है।
$RHL = \mathop {\lim }\limits_{x \to 2^+} \frac{\sqrt{2}\sin(x - 2)}{x - 2} = \sqrt{2}(1) = \sqrt{2}$ है।
चूँकि $LHL \neq RHL$,इसलिए सीमा का अस्तित्व नहीं है।
10
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
यदि $f: R \to [0, \infty)$ इस प्रकार है कि $\lim_{x \to 5} f(x)$ का अस्तित्व है और $\lim_{x \to 5} \frac{(f(x))^2 - 9}{\sqrt{|x - 5|}} = 0$ है,तो $\lim_{x \to 5} f(x)$ का मान ज्ञात कीजिए:
A
$0$
B
$1$
C
$2$
D
$3$

Solution

(D) दिया गया है कि $\lim_{x \to 5} \frac{(f(x))^2 - 9}{\sqrt{|x - 5|}} = 0$ है।
माना $L = \lim_{x \to 5} f(x)$ है।
यदि $L^2 - 9 \neq 0$ होता,तो सीमा $\infty$ हो जाती।
चूंकि सीमा $0$ है,इसलिए अंश को $x \to 5$ पर $0$ होना चाहिए।
अतः,$L^2 - 9 = 0$,जिसका अर्थ है $L^2 = 9$।
चूंकि $f$ का सह-प्रांत $[0, \infty)$ है,इसलिए $L = 3$ होगा।
11
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
यदि संख्याओं $a, 2a, 3a, \dots, 50a$ का माध्यिका के सापेक्ष माध्य विचलन $50$ है,तो $|a|$ का मान ज्ञात कीजिए।
A
$3$
B
$4$
C
$5$
D
$2$

Solution

(B) दी गई संख्याएँ $a, 2a, 3a, \dots, 50a$ हैं। पदों की कुल संख्या $n = 50$ है।
चूंकि $n$ सम है,माध्यिका $25$ वें और $26$ वें पद का औसत है:
$\text{माध्यिका} = \frac{25a + 26a}{2} = 25.5a$.
माध्यिका के सापेक्ष माध्य विचलन $\frac{1}{n} \sum_{i=1}^{n} |x_i - \text{माध्यिका}| = 50$ द्वारा दिया जाता है।
$\frac{1}{50} \sum_{i=1}^{50} |ia - 25.5a| = 50$.
$|a| (|25.5 - 1| + |25.5 - 2| + \dots + |25.5 - 50|) = 2500$.
$|a| (24.5 + 23.5 + \dots + 0.5 + 0.5 + \dots + 24.5) = 2500$.
$|a| \times 2 \times (0.5 + 1.5 + \dots + 24.5) = 2500$.
$|a| \times 25 \times 25 = 2500$.
$|a| = 4$.
12
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
सचिन और राहुल ने एक द्विघात समीकरण को हल करने का प्रयास किया। सचिन ने अचर पद लिखने में गलती की और उसे $(4, 3)$ मूल प्राप्त हुए। राहुल ने $x$ का गुणांक लिखने में गलती की और उसे $(3, 2)$ मूल प्राप्त हुए। समीकरण के सही मूल हैं:
A
$6, 1$
B
$4, 3$
C
$-6, -1$
D
$-4, -3$

Solution

(A) माना द्विघात समीकरण $ax^{2} + bx + c = 0$ है।
सचिन ने अचर पद में गलती की,इसलिए मूलों का योग सही है।
मूलों का योग $= 4 + 3 = 7$.
राहुल ने $x$ के गुणांक में गलती की,इसलिए मूलों का गुणनफल सही है।
मूलों का गुणनफल $= 3 \times 2 = 6$.
सही द्विघात समीकरण $x^{2} - (\text{मूलों का योग})x + (\text{मूलों का गुणनफल}) = 0$ है।
मान रखने पर,हमें $x^{2} - 7x + 6 = 0$ प्राप्त होता है।
समीकरण का गुणनखंड करने पर: $x^{2} - 6x - x + 6 = 0 \implies x(x - 6) - 1(x - 6) = 0 \implies (x - 6)(x - 1) = 0$.
अतः,सही मूल $6$ और $1$ हैं।
13
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
मान लीजिए $a \ne a_1 \ne 0,$ $f(x) = ax^2 + bx + c,$ $g(x) = a_1x^2 + b_1x + c_1,$ और $p(x) = f(x) - g(x).$ यदि $p(x) = 0$ केवल $x = -1$ के लिए है और $p(-2) = 2$ है,तो $p(2)$ का मान ज्ञात कीजिए।
A
$9$
B
$6$
C
$3$
D
$18$

Solution

(D) दिया गया है $p(x) = f(x) - g(x) = (a - a_1)x^2 + (b - b_1)x + (c - c_1).$
चूंकि $p(x) = 0$ का केवल एक ही मूल $x = -1$ है,इसलिए द्विघात समीकरण $p(x)$ को $p(x) = k(x + 1)^2$ के रूप में एक पूर्ण वर्ग होना चाहिए,जहाँ $k = a - a_1 \ne 0$ एक स्थिरांक है।
दिया गया है $p(-2) = 2,$
$k(-2 + 1)^2 = 2 \Rightarrow k(-1)^2 = 2 \Rightarrow k = 2.$
अतः,$p(x) = 2(x + 1)^2.$
अब,हमें $p(2)$ का मान ज्ञात करना है:
$p(2) = 2(2 + 1)^2 = 2(3)^2 = 2 \times 9 = 18.$
14
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
यदि $f(x)$,$1$ आवर्तकाल वाला एक विषम आवर्ती फलन है,तो $f(2)$ का मान क्या होगा?
A
$0$
B
$1$
C
$-1$
D
निर्धारित नहीं किया जा सकता

Solution

(A) दिया गया है कि $f(x)$ एक विषम फलन है,इसलिए $f(-x) = -f(x)$।
किसी भी विषम फलन के लिए,$f(0) = -f(0)$,जिसका अर्थ है $2f(0) = 0$,अतः $f(0) = 0$।
दिया गया है कि $f(x)$,$T = 1$ आवर्तकाल वाला एक आवर्ती फलन है,इसलिए सभी $x$ के लिए $f(x + 1) = f(x)$।
आवर्तकाल के गुणधर्म के अनुसार,किसी भी पूर्णांक $n$ के लिए $f(x + nT) = f(x)$।
इसलिए,$f(2) = f(0 + 2 \times 1) = f(0)$।
चूंकि $f(0) = 0$,इसलिए $f(2) = 0$ होगा।
15
MathematicsEasyMCQAIEEE · 2011
निम्नलिखित कथनों पर विचार करें:
$P :$ सुमन प्रतिभाशाली है
$Q :$ सुमन अमीर है
$R :$ सुमन ईमानदार है
कथन "सुमन प्रतिभाशाली और बेईमान है यदि और केवल यदि सुमन अमीर है" का निषेध किस प्रकार व्यक्त किया जा सकता है?
A
$\sim (Q \leftrightarrow (P \wedge \sim R))$
B
$\sim Q \leftrightarrow (\sim P \wedge R)$
C
$\sim (P \wedge \sim R) \leftrightarrow Q$
D
$\sim P \wedge (Q \leftrightarrow \sim R)$

Solution

(A) मान लीजिए कि दिए गए कथन हैं:
$P :$ सुमन प्रतिभाशाली है
$Q :$ सुमन अमीर है
$R :$ सुमन ईमानदार है
कथन "सुमन प्रतिभाशाली और बेईमान है" को $(P \wedge \sim R)$ के रूप में दर्शाया गया है।
कथन "सुमन प्रतिभाशाली और बेईमान है यदि और केवल यदि सुमन अमीर है" को $(P \wedge \sim R) \leftrightarrow Q$ के रूप में दर्शाया गया है।
चूंकि द्वि-प्रतिबंधात्मक ऑपरेटर क्रमविनिमेय है,यह $Q \leftrightarrow (P \wedge \sim R)$ के बराबर है।
किसी कथन $S$ के निषेध को $\sim S$ द्वारा दर्शाया जाता है।
इसलिए,दिए गए कथन का निषेध $\sim (Q \leftrightarrow (P \wedge \sim R))$ है।
16
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
यदि रेखा $x = \frac{y - 1}{2} = \frac{z - 3}{\lambda}$ और समतल $x + 2y + 3z = 4$ के बीच का कोण $\cos^{-1}\left(\sqrt{\frac{5}{14}}\right)$ है,तो $\lambda$ का मान ज्ञात कीजिए।
A
$\frac{3}{2}$
B
$\frac{2}{5}$
C
$\frac{5}{3}$
D
$\frac{2}{3}$

Solution

(D) रेखा का समीकरण $\frac{x-0}{1} = \frac{y-1}{2} = \frac{z-3}{\lambda}$ है। रेखा का दिशा सदिश $\vec{b} = (1, 2, \lambda)$ है।
समतल $x + 2y + 3z = 4$ का अभिलंब सदिश $\vec{n} = (1, 2, 3)$ है।
माना रेखा और समतल के बीच का कोण $\theta$ है। कोण का सूत्र $\sin \theta = \frac{|\vec{b} \cdot \vec{n}|}{|\vec{b}| |\vec{n}|}$ है।
दिया गया है कि $\theta = \cos^{-1}\left(\sqrt{\frac{5}{14}}\right)$,इसलिए $\cos \theta = \sqrt{\frac{5}{14}}$.
$\sin^2 \theta + \cos^2 \theta = 1$ का उपयोग करते हुए,$\sin \theta = \sqrt{1 - \frac{5}{14}} = \sqrt{\frac{9}{14}} = \frac{3}{\sqrt{14}}$.
अब,$\frac{|(1)(1) + (2)(2) + (3)(\lambda)|}{\sqrt{1^2 + 2^2 + \lambda^2} \sqrt{1^2 + 2^2 + 3^2}} = \frac{3}{\sqrt{14}}$.
$\frac{|5 + 3\lambda|}{\sqrt{5 + \lambda^2} \sqrt{14}} = \frac{3}{\sqrt{14}}$.
$|5 + 3\lambda| = 3\sqrt{5 + \lambda^2}$.
दोनों पक्षों का वर्ग करने पर: $(5 + 3\lambda)^2 = 9(5 + \lambda^2)$.
$25 + 9\lambda^2 + 30\lambda = 45 + 9\lambda^2$.
$30\lambda = 20$.
$\lambda = \frac{20}{30} = \frac{2}{3}$.
17
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
कथन $-1$: बिंदु $A(1, 0, 7)$,रेखा $\frac{x}{1} = \frac{y - 1}{2} = \frac{z - 2}{3}$ में बिंदु $B(1, 6, 3)$ का दर्पण प्रतिबिंब है।
कथन $-2$: रेखा $\frac{x}{1} = \frac{y - 1}{2} = \frac{z - 2}{3}$,$A(1, 0, 7)$ और $B(1, 6, 3)$ को जोड़ने वाले रेखाखंड को समद्विभाजित करती है।
A
कथन $-1$ गलत है,कथन $-2$ सही है।
B
कथन $-1$ सही है,कथन $-2$ गलत है।
C
कथन $-1$ सही है,कथन $-2$ सही है; कथन $-2$,कथन $-1$ की सही व्याख्या नहीं है।
D
कथन $-1$ सही है,कथन $-2$ सही है; कथन $-2$,कथन $-1$ की सही व्याख्या है।

Solution

(D) माना रेखा $L: \frac{x}{1} = \frac{y - 1}{2} = \frac{z - 2}{3} = k$ है। रेखा पर कोई भी बिंदु $P(k, 2k + 1, 3k + 2)$ है।
बिंदु $A(1, 0, 7)$ को रेखा $L$ में बिंदु $B(1, 6, 3)$ का दर्पण प्रतिबिंब होने के लिए,रेखा $AB$ को $L$ के लंबवत होना चाहिए और $AB$ के मध्य बिंदु को $L$ पर स्थित होना चाहिए।
$1$. $AB$ का मध्य बिंदु $M = (\frac{1+1}{2}, \frac{0+6}{2}, \frac{7+3}{2}) = (1, 3, 5)$ है।
जाँच: $\frac{1}{1} = \frac{3-1}{2} = \frac{5-2}{3} \implies 1 = 1 = 1$. अतः,$M$,$L$ पर स्थित है।
$2$. $AB$ के दिक अनुपात $(1-1, 6-0, 3-7) = (0, 6, -4)$ हैं।
$L$ के दिक अनुपात $(1, 2, 3)$ हैं।
अदिश गुणनफल: $(0)(1) + (6)(2) + (-4)(3) = 0 + 12 - 12 = 0$.
चूंकि अदिश गुणनफल $0$ है,इसलिए $AB$,$L$ के लंबवत है।
दोनों शर्तें पूरी होती हैं,इसलिए कथन $-1$ सही है। कथन $-2$ भी सही है क्योंकि रेखा $L$,$AB$ के मध्य बिंदु से गुजरती है और $AB$ के लंबवत है,जो रेखा में दर्पण प्रतिबिंब की परिभाषा है। अतः,कथन $-2$,कथन $-1$ की सही व्याख्या है।
18
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
$\int_{0}^{1} \frac{8 \log(1+x)}{1+x^{2}} dx = $
A
$\frac{\pi}{8} \log 2$
B
$\frac{\pi}{2} \log 2$
C
$\log 2$
D
$\pi \log 2$

Solution

(D) माना $I = \int_{0}^{1} \frac{8 \log(1+x)}{1+x^{2}} dx$.
$x = \tan \theta$ प्रतिस्थापित करने पर,$dx = \sec^{2} \theta d\theta$ प्राप्त होता है।
जब $x=0, \theta=0$ और जब $x=1, \theta=\frac{\pi}{4}$ होता है।
$I = 8 \int_{0}^{\pi/4} \frac{\log(1+\tan \theta)}{1+\tan^{2} \theta} \sec^{2} \theta d\theta = 8 \int_{0}^{\pi/4} \log(1+\tan \theta) d\theta$ ... $(i)$.
गुणधर्म $\int_{0}^{a} f(x) dx = \int_{0}^{a} f(a-x) dx$ का उपयोग करने पर:
$I = 8 \int_{0}^{\pi/4} \log(1+\tan(\frac{\pi}{4}-\theta)) d\theta$.
चूंकि $\tan(\frac{\pi}{4}-\theta) = \frac{1-\tan \theta}{1+\tan \theta}$,इसलिए:
$I = 8 \int_{0}^{\pi/4} \log(1 + \frac{1-\tan \theta}{1+\tan \theta}) d\theta = 8 \int_{0}^{\pi/4} \log(\frac{2}{1+\tan \theta}) d\theta$.
$I = 8 \int_{0}^{\pi/4} (\log 2 - \log(1+\tan \theta)) d\theta$.
$I = 8 \log 2 [\theta]_{0}^{\pi/4} - 8 \int_{0}^{\pi/4} \log(1+\tan \theta) d\theta$.
$I = 8 \log 2 (\frac{\pi}{4}) - I$.
$2I = 2\pi \log 2 \Rightarrow I = \pi \log 2$.
19
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
वक्रों $y = x$,$y = \frac{1}{x}$,$x = e$ और धनात्मक $X$-अक्ष द्वारा घिरे क्षेत्र का क्षेत्रफल क्या है?
A
$1$
B
$\frac{3}{2}$
C
$\frac{5}{2}$
D
$\frac{1}{2}$

Solution

(B) दिए गए वक्र $y = x$,$y = \frac{1}{x}$,$x = e$ और धनात्मक $X$-अक्ष $(y = 0)$ हैं।
$y = x$ और $y = \frac{1}{x}$ का प्रतिच्छेदन बिंदु ज्ञात करने के लिए $x = \frac{1}{x}$ रखने पर,$x^2 = 1$ प्राप्त होता है। प्रथम चतुर्थांश में होने के कारण,$x = 1$ है। अतः,प्रतिच्छेदन बिंदु $(1, 1)$ है।
यह क्षेत्र $x = 0$ से $x = 1$ तक $y = x$ द्वारा और $x = 1$ से $x = e$ तक $y = \frac{1}{x}$ द्वारा घिरा हुआ है।
आवश्यक क्षेत्रफल = $\int_{0}^{1} x \, dx + \int_{1}^{e} \frac{1}{x} \, dx$
$= \left[ \frac{x^2}{2} \right]_{0}^{1} + [\ln |x|]_{1}^{e}$
$= \left( \frac{1}{2} - 0 \right) + (\ln e - \ln 1)$
$= \frac{1}{2} + (1 - 0) = \frac{1}{2} + 1 = \frac{3}{2} \text{ वर्ग इकाई}$.
Solution diagram
20
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
$\int_0^{1.5} x[x^2] dx = $
A
$0$
B
$\frac{3}{2}$
C
$\frac{3}{4}$
D
$\frac{5}{4}$

Solution

(C) हमें समाकलन $I = \int_0^{1.5} x[x^2] dx$ का मान ज्ञात करना है।
चूंकि $[x^2]$ का मान $x^2 = 1$ और $x^2 = 2$ पर बदलता है,इसलिए हम समाकलन को $x = 1$ और $x = \sqrt{2}$ पर विभाजित करते हैं।
$I = \int_0^1 x[x^2] dx + \int_1^{\sqrt{2}} x[x^2] dx + \int_{\sqrt{2}}^{1.5} x[x^2] dx$.
$0 \le x < 1$ के लिए,$0 \le x^2 < 1$,अतः $[x^2] = 0$.
$1 \le x < \sqrt{2}$ के लिए,$1 \le x^2 < 2$,अतः $[x^2] = 1$.
$\sqrt{2} \le x < 1.5$ के लिए,$2 \le x^2 < 2.25$,अतः $[x^2] = 2$.
अतः,$I = \int_0^1 x(0) dx + \int_1^{\sqrt{2}} x(1) dx + \int_{\sqrt{2}}^{1.5} x(2) dx$.
$I = 0 + \left[ \frac{x^2}{2} \right]_1^{\sqrt{2}} + 2 \left[ \frac{x^2}{2} \right]_{\sqrt{2}}^{1.5}$.
$I = \left( \frac{2-1}{2} \right) + (1.5^2 - (\sqrt{2})^2) = \frac{1}{2} + (2.25 - 2) = 0.5 + 0.25 = 0.75 = \frac{3}{4}$.
21
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
परवलयों $y^2 = 4x$ और $x^2 = 4y$ द्वारा परिबद्ध क्षेत्र का क्षेत्रफल क्या है?
A
$\frac{32}{3}$
B
$\frac{16}{3}$
C
$\frac{8}{3}$
D
$0$

Solution

(B) प्रतिच्छेदन बिंदु ज्ञात करने के लिए,$y = \frac{x^2}{4}$ को $y^2 = 4x$ में प्रतिस्थापित करें:
$(\frac{x^2}{4})^2 = 4x$
$\frac{x^4}{16} = 4x$
$x^4 = 64x$
$x(x^3 - 64) = 0$
अतः,$x = 0$ या $x = 4$.
जब $x = 0, y = 0$. जब $x = 4, y = 4$.
प्रतिच्छेदन बिंदु $(0,0)$ और $(4,4)$ हैं।
परिबद्ध क्षेत्रफल इस प्रकार है:
$\text{क्षेत्रफल} = \int_{0}^{4} (\sqrt{4x} - \frac{x^2}{4}) dx$
$= \int_{0}^{4} (2\sqrt{x} - \frac{x^2}{4}) dx$
$= [2 \cdot \frac{2}{3} x^{3/2} - \frac{1}{4} \cdot \frac{x^3}{3}]_{0}^{4}$
$= [\frac{4}{3} x^{3/2} - \frac{x^3}{12}]_{0}^{4}$
$= (\frac{4}{3} \cdot 8 - \frac{64}{12}) - 0$
$= \frac{32}{3} - \frac{16}{3} = \frac{16}{3} \text{ वर्ग इकाई}$.
Solution diagram
22
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
मान लीजिए $A$ और $B$ क्रम $3$ के दो सममित आव्यूह हैं।
कथन $-1$: $A(BA)$ और $(AB)A$ सममित आव्यूह हैं।
कथन $-2$: यदि $A$ का $B$ के साथ आव्यूह गुणन क्रमविनिमेय है,तो $AB$ एक सममित आव्यूह है।
A
कथन $-1$ सत्य है,कथन $-2$ असत्य है।
B
कथन $-1$ असत्य है,कथन $-2$ सत्य है।
C
कथन $-1$ सत्य है,कथन $-2$ सत्य है; कथन $-2$,कथन $-1$ की सही व्याख्या नहीं है।
D
कथन $-1$ सत्य है,कथन $-2$ सत्य है; कथन $-2$,कथन $-1$ की सही व्याख्या है।

Solution

(C) दिया गया है कि $A$ और $B$ सममित आव्यूह हैं,इसलिए $A^{\prime} = A$ और $B^{\prime} = B$ है।
कथन $-1$ के लिए:
$(A(BA))^{\prime} = (BA)^{\prime} A^{\prime} = (A^{\prime} B^{\prime}) A^{\prime} = (AB)A = A(BA)$।
अतः,$A(BA)$ सममित है।
इसी प्रकार,$((AB)A)^{\prime} = A^{\prime} (AB)^{\prime} = A(B^{\prime} A^{\prime}) = A(BA) = (AB)A$।
अतः,$(AB)A$ भी सममित है। इस प्रकार,कथन $-1$ सत्य है।
कथन $-2$ के लिए:
$(AB)^{\prime} = B^{\prime} A^{\prime} = BA$।
यदि $AB$ सममित है,तो $(AB)^{\prime} = AB$,जिसका अर्थ है कि $BA = AB$।
अतः,कथन $-2$ सत्य है।
हालाँकि,कथन $-2$ $AB$ के सममित होने की शर्त बताता है,जबकि कथन $-1$ क्रमविनिमेयता पर विचार किए बिना $A(BA)$ और $(AB)A$ की सममितता के बारे में है। इसलिए,कथन $-2$,कथन $-1$ की सही व्याख्या नहीं है।
23
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
क्रम $3$ के वास्तविक वर्ग आव्यूहों के समुच्चय पर निम्नलिखित संबंध $R$ पर विचार करें। $R = \{(A,B) | A = P^{-1}BP \text{ किसी व्युत्क्रमणीय आव्यूह } P \text{ के लिए }\}$.
\textbf{कथन-$1$:} $R$ एक तुल्यता संबंध है।
\textbf{कथन-$2$:} किन्हीं दो व्युत्क्रमणीय $3 \times 3$ आव्यूहों $M$ और $N$ के लिए,$(MN)^{-1} = N^{-1}M^{-1}$।
A
कथन-$1$ सत्य है,कथन-$2$ सत्य है; कथन-$2$,कथन-$1$ की सही व्याख्या नहीं है।
B
कथन-$1$ असत्य है,कथन-$2$ सत्य है।
C
कथन-$1$ सत्य है,कथन-$2$ सत्य है; कथन-$2$,कथन-$1$ की सही व्याख्या है।
D
कथन-$1$ सत्य है,कथन-$2$ असत्य है।

Solution

(A) स्वतुल्य गुणधर्म के लिए:
$(A, A) \in R$ क्योंकि $A = I^{-1}AI$,जहाँ $I$ तत्समक आव्यूह है,जो व्युत्क्रमणीय है। अतः,$R$ स्वतुल्य है।
सममित गुणधर्म के लिए:
यदि $(A, B) \in R$,तो $A = P^{-1}BP$ किसी व्युत्क्रमणीय आव्यूह $P$ के लिए।
बाएं से $P$ और दाएं से $P^{-1}$ से गुणा करने पर: $PAP^{-1} = B$।
माना $Q = P^{-1}$। चूंकि $P$ व्युत्क्रमणीय है,$Q$ भी व्युत्क्रमणीय है।
तब $B = Q^{-1}AQ$,अर्थात $(B, A) \in R$। अतः,$R$ सममित है।
संक्रामक गुणधर्म के लिए:
यदि $(A, B) \in R$ और $(B, C) \in R$,तो $A = P^{-1}BP$ और $B = Q^{-1}CQ$ किन्हीं व्युत्क्रमणीय आव्यूहों $P$ और $Q$ के लिए।
$B$ का मान प्रतिस्थापित करने पर: $A = P^{-1}(Q^{-1}CQ)P = (QP)^{-1}C(QP)$।
चूंकि $QP$ व्युत्क्रमणीय है,$(A, C) \in R$। अतः,$R$ संक्रामक है।
इस प्रकार,$R$ एक तुल्यता संबंध है। कथन-$1$ सत्य है।
कथन-$2$ व्युत्क्रमणीय आव्यूहों का एक मानक गुणधर्म है: $(MN)^{-1} = N^{-1}M^{-1}$। यह सत्य है।
हालाँकि,कथन-$2$ आव्यूह व्युत्क्रम का एक सामान्य गुणधर्म है और यह वह विशिष्ट कारण नहीं है कि संबंध $R$ (समानता) एक तुल्यता संबंध क्यों है। अतः,कथन-$2$,कथन-$1$ की सही व्याख्या नहीं है।
24
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
कथन-$1$: $3$ कोटि के विषम-सममित आव्यूह (skew-symmetric matrix) का सारणिक शून्य होता है।
कथन-$2$: $n$ कोटि के किसी भी वर्ग आव्यूह $A$ के लिए,$\det(A^T) = \det(A)$ और $\det(-A) = (-1)^n \det(A)$ होता है।
A
कथन-$1$ सत्य है,कथन-$2$ सत्य है; कथन-$2$,कथन-$1$ की सही व्याख्या है।
B
कथन-$1$ सत्य है,कथन-$2$ सत्य है; कथन-$2$,कथन-$1$ की सही व्याख्या नहीं है।
C
कथन-$1$ असत्य है,कथन-$2$ सत्य है।
D
कथन-$1$ सत्य है,कथन-$2$ असत्य है।

Solution

(A) कथन-$1$ के लिए: एक विषम-सममित आव्यूह $A$ के लिए $A^T = -A$ होता है। दोनों पक्षों का सारणिक लेने पर,$\det(A^T) = \det(-A)$ प्राप्त होता है। $n$ कोटि के आव्यूह के लिए $\det(A^T) = \det(A)$ और $\det(-A) = (-1)^n \det(A)$ होता है,इसलिए $\det(A) = (-1)^n \det(A)$ प्राप्त होता है। $n=3$ के लिए,$\det(A) = -\det(A)$,जिसका अर्थ है $2 \det(A) = 0$,अतः $\det(A) = 0$। इस प्रकार,कथन-$1$ सत्य है।
कथन-$2$ के लिए: गुणधर्म $\det(A^T) = \det(A)$ हमेशा सत्य है। $n$ कोटि के आव्यूह के लिए $\det(-A) = (-1)^n \det(A)$ गुणधर्म भी सत्य है। इसलिए,कथन-$2$ सत्य है।
चूंकि कथन-$2$ उन गणितीय गुणों को प्रदान करता है जिनका उपयोग कथन-$1$ को सिद्ध करने के लिए किया जाता है,इसलिए यह कथन-$1$ की सही व्याख्या है।
25
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
यदि $\omega \neq 1$ इकाई का घनमूल है और $H = \begin{bmatrix} \omega & 0 \\ 0 & \omega \end{bmatrix}$ है,तो $H^{70}$ का मान ज्ञात कीजिए।
A
$0$
B
$-H$
C
$H$
D
$H^2$

Solution

(C) दिया गया है कि $H = \begin{bmatrix} \omega & 0 \\ 0 & \omega \end{bmatrix}$ है।
हम $H$ की घातों की गणना करते हैं:
$H^2 = \begin{bmatrix} \omega & 0 \\ 0 & \omega \end{bmatrix} \begin{bmatrix} \omega & 0 \\ 0 & \omega \end{bmatrix} = \begin{bmatrix} \omega^2 & 0 \\ 0 & \omega^2 \end{bmatrix}$।
गणितीय आगमन के सिद्धांत द्वारा,$H^n = \begin{bmatrix} \omega^n & 0 \\ 0 & \omega^n \end{bmatrix}$।
$n = 70$ के लिए,$H^{70} = \begin{bmatrix} \omega^{70} & 0 \\ 0 & \omega^{70} \end{bmatrix}$।
चूंकि $\omega^3 = 1$,इसलिए $\omega^{70} = (\omega^3)^{23} \cdot \omega = (1)^{23} \cdot \omega = \omega$।
अतः,$H^{70} = \begin{bmatrix} \omega & 0 \\ 0 & \omega \end{bmatrix} = H$।
26
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
वे मान $p$ और $q$ जिनके लिए फलन $f(x) = \begin{cases} \frac{\sin(p+1)x + \sin x}{x} & x < 0 \\ q & x = 0 \\ \frac{\sqrt{x+x^2} - \sqrt{x}}{x^{3/2}} & x > 0 \end{cases}$ $\forall x \in R$ के लिए सतत है,हैं
A
$(-3/2, 1/2)$
B
$(1/2, 3/2)$
C
$(1/2, -3/2)$
D
$(5/2, 1/2)$

Solution

(A) $f(x)$ के $x=0$ पर सतत होने के लिए,$\lim_{x \to 0^-} f(x) = \lim_{x \to 0^+} f(x) = f(0) = q$ होना चाहिए।
सबसे पहले,दाईं सीमा ($R$.$H$.$L$.) की गणना करें:
$\lim_{x \to 0^+} f(x) = \lim_{x \to 0^+} \frac{\sqrt{x+x^2} - \sqrt{x}}{x^{3/2}} = \lim_{x \to 0^+} \frac{\sqrt{x}(\sqrt{1+x} - 1)}{x \cdot \sqrt{x}} = \lim_{x \to 0^+} \frac{\sqrt{1+x} - 1}{x}$.
संयुग्मी $\frac{\sqrt{1+x}+1}{\sqrt{1+x}+1}$ से गुणा करने पर:
$\lim_{x \to 0^+} \frac{(1+x) - 1}{x(\sqrt{1+x} + 1)} = \lim_{x \to 0^+} \frac{x}{x(\sqrt{1+x} + 1)} = \lim_{x \to 0^+} \frac{1}{\sqrt{1+x} + 1} = \frac{1}{1+1} = \frac{1}{2}$.
अतः,$q = 1/2$.
अब,बाईं सीमा ($L$.$H$.$L$.) की गणना करें:
$\lim_{x \to 0^-} f(x) = \lim_{x \to 0^-} \frac{\sin(p+1)x + \sin x}{x} = \lim_{x \to 0^-} \left( \frac{\sin(p+1)x}{x} + \frac{\sin x}{x} \right)$.
$\lim_{\theta \to 0} \frac{\sin \theta}{\theta} = 1$ का उपयोग करने पर:
$(p+1) + 1 = p+2$.
चूंकि $L.H.L. = q$,इसलिए $p+2 = 1/2$,जिसका अर्थ है $p = 1/2 - 2 = -3/2$.
इसलिए,मान $(p, q) = (-3/2, 1/2)$ हैं।
27
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
$\frac{d^2x}{dy^2} = $
A
$ - \left( \frac{d^2y}{dx^2} \right)^{-1} \left( \frac{dy}{dx} \right)^{-3}$
B
$\left( \frac{d^2y}{dx^2} \right) \left( \frac{dy}{dx} \right)^{-2}$
C
$ - \left( \frac{d^2y}{dx^2} \right) \left( \frac{dy}{dx} \right)^{-3}$
D
$\left( \frac{d^2y}{dx^2} \right)^{-1}$

Solution

(C) हम जानते हैं कि $\frac{dx}{dy} = \frac{1}{\frac{dy}{dx}}$.
अब,$y$ के सापेक्ष अवकलन करने पर:
$\frac{d^2x}{dy^2} = \frac{d}{dy} \left( \frac{dx}{dy} \right) = \frac{d}{dy} \left( \left( \frac{dy}{dx} \right)^{-1} \right)$.
श्रृंखला नियम (chain rule) का उपयोग करते हुए,$\frac{d}{dy} = \frac{dx}{dy} \cdot \frac{d}{dx} = \frac{1}{\frac{dy}{dx}} \cdot \frac{d}{dx}$:
$\frac{d^2x}{dy^2} = \left( \frac{1}{\frac{dy}{dx}} \right) \cdot \frac{d}{dx} \left( \left( \frac{dy}{dx} \right)^{-1} \right)$.
घात नियम (power rule) लागू करने पर:
$\frac{d^2x}{dy^2} = \left( \frac{1}{\frac{dy}{dx}} \right) \cdot \left( -1 \left( \frac{dy}{dx} \right)^{-2} \cdot \frac{d^2y}{dx^2} \right)$.
व्यंजक को सरल करने पर:
$\frac{d^2x}{dy^2} = - \left( \frac{dy}{dx} \right)^{-1} \cdot \left( \frac{dy}{dx} \right)^{-2} \cdot \frac{d^2y}{dx^2} = - \left( \frac{dy}{dx} \right)^{-3} \left( \frac{d^2y}{dx^2} \right)$.
28
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
यदि $\frac{dy}{dx} = y + 3 > 0$ और $y(0) = 2$ है,तो $y(\ln 2)$ का मान ज्ञात कीजिए:
A
$5$
B
$13$
C
$-2$
D
$7$

Solution

(D) दिया गया अवकल समीकरण $\frac{dy}{dx} = y + 3$ है।
चरों को अलग करने पर,हमें $\frac{dy}{y + 3} = dx$ प्राप्त होता है।
दोनों पक्षों का समाकलन करने पर,$\int \frac{dy}{y + 3} = \int dx$,जिससे $\ln|y + 3| = x + C$ प्राप्त होता है।
चूंकि $y + 3 > 0$,इसलिए $y + 3 = e^{x + C} = e^C \cdot e^x$ होगा।
मान लीजिए $e^C = A$,तो $y + 3 = A e^x$ है।
प्रारंभिक स्थिति $y(0) = 2$ का उपयोग करते हुए,$x = 0$ और $y = 2$ रखने पर:
$2 + 3 = A e^0 \Rightarrow A = 5$।
अतः,विशिष्ट हल $y + 3 = 5 e^x$ या $y = 5 e^x - 3$ है।
$y(\ln 2)$ का मान ज्ञात करने के लिए,$x = \ln 2$ रखने पर:
$y(\ln 2) = 5 e^{\ln 2} - 3$।
चूंकि $e^{\ln 2} = 2$,इसलिए $y(\ln 2) = 5(2) - 3 = 10 - 3 = 7$।
29
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
मान लीजिए $I$ एक उपकरण का क्रय मूल्य है और $V(t)$ $t$ वर्षों तक उपयोग किए जाने के बाद उसका मूल्य है। मूल्य $V(t)$ अवकल समीकरण $\frac{dV(t)}{dt} = -k(T - t)$ द्वारा दी गई दर से घटता है,जहाँ $k > 0$ एक स्थिरांक है और $T$ उपकरण का कुल जीवनकाल वर्षों में है। तो उपकरण का स्क्रैप मूल्य $V(T)$ क्या होगा?
A
$I - \frac{kT^2}{2}$
B
$I - \frac{k(T - t)^2}{2}$
C
$e^{-kT}$
D
$T^2 - \frac{1}{k}$

Solution

(A) दिया गया अवकल समीकरण: $\frac{dV}{dt} = -k(T - t)$.
दोनों पक्षों का $t$ के सापेक्ष समाकलन करने पर:
$V(t) = \int -k(T - t) dt = k \int (T - t) d(T - t) = \frac{k(T - t)^2}{2} + C$.
जब $t = 0$ है,तो उपकरण का मूल्य उसका क्रय मूल्य $I$ है,इसलिए $V(0) = I$:
$I = \frac{k(T - 0)^2}{2} + C \implies I = \frac{kT^2}{2} + C \implies C = I - \frac{kT^2}{2}$.
$C$ का मान $V(t)$ के समीकरण में रखने पर:
$V(t) = \frac{k(T - t)^2}{2} + I - \frac{kT^2}{2}$.
स्क्रैप मूल्य $V(T)$ वह मूल्य है जो $t = T$ पर होता है:
$V(T) = \frac{k(T - T)^2}{2} + I - \frac{kT^2}{2} = 0 + I - \frac{kT^2}{2} = I - \frac{kT^2}{2}$.
30
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
अवकल समीकरण $y^2 dx + \left( x - \frac{1}{y} \right) dy = 0$ के लिए,यदि $y(1) = 1$ है,तो $x = $ ज्ञात कीजिए।
A
$4 - \frac{2}{y} - \frac{e^{\frac{1}{y}}}{e}$
B
$3 - \frac{1}{y} - \frac{e^{\frac{1}{y}}}{e}$
C
$1 + \frac{1}{y} - \frac{e^{\frac{1}{y}}}{e}$
D
$1 - \frac{1}{y} + \frac{e^{\frac{1}{y}}}{e}$

Solution

(C) दिया गया अवकल समीकरण $y^2 dx + (x - \frac{1}{y}) dy = 0$ है।
$y^2 dy$ से भाग देने पर,हमें $\frac{dx}{dy} + \frac{x}{y^2} = \frac{1}{y^3}$ प्राप्त होता है।
यह $\frac{dx}{dy} + P(y)x = Q(y)$ के रूप का एक रैखिक अवकल समीकरण है,जहाँ $P(y) = \frac{1}{y^2}$ और $Q(y) = \frac{1}{y^3}$ है।
समाकलन गुणक $(IF)$ $e^{\int P(y) dy} = e^{\int \frac{1}{y^2} dy} = e^{-\frac{1}{y}}$ है।
व्यापक हल $x \cdot IF = \int Q(y) \cdot IF dy + C$ है।
$x e^{-\frac{1}{y}} = \int \frac{1}{y^3} e^{-\frac{1}{y}} dy + C$.
माना $t = -\frac{1}{y}$,तो $dt = \frac{1}{y^2} dy$ और $\frac{1}{y} = -t$ होगा।
इन मानों को प्रतिस्थापित करने पर,$x e^{-\frac{1}{y}} = \int (-t) e^t dt + C = - (t e^t - e^t) + C = (1 - t) e^t + C$ प्राप्त होता है।
$x e^{-\frac{1}{y}} = (1 + \frac{1}{y}) e^{-\frac{1}{y}} + C$.
$y(1) = 1$ का उपयोग करने पर,$1 \cdot e^{-1} = (1 + 1) e^{-1} + C \Rightarrow e^{-1} = 2e^{-1} + C \Rightarrow C = -e^{-1} = -\frac{1}{e}$ प्राप्त होता है।
अतः,$x e^{-\frac{1}{y}} = (1 + \frac{1}{y}) e^{-\frac{1}{y}} - \frac{1}{e}$।
$e^{-\frac{1}{y}}$ से भाग देने पर,$x = 1 + \frac{1}{y} - \frac{e^{\frac{1}{y}}}{e}$ प्राप्त होता है।
31
MathematicsEasyMCQAIEEE · 2011
यदि $C$ और $D$ दो ऐसी घटनाएँ हैं कि $P(D) \neq 0$,तो निम्नलिखित में से कौन सा कथन सही है?
A
$P(C|D) \ge P(C)$
B
$P(C|D) < P(C)$
C
$P(C|D) \ge \frac{P(C)}{P(D)}$
D
$P(C|D) = P(C)$

Solution

(A) घटना $D$ के घटित होने पर घटना $C$ की सप्रतिबंध प्रायिकता को $P(C|D) = \frac{P(C \cap D)}{P(D)}$ के रूप में परिभाषित किया जाता है।
यदि $C \subset D$ है,तो $C \cap D = C$ होगा,जिसका अर्थ है कि $P(C \cap D) = P(C)$।
इस मान को सूत्र में रखने पर,हमें $P(C|D) = \frac{P(C)}{P(D)}$ प्राप्त होता है।
चूँकि $D$ एक घटना है,इसलिए $P(D) \le 1$ होगा। अतः,$\frac{1}{P(D)} \ge 1$।
दोनों पक्षों को $P(C)$ से गुणा करने पर,हमें $\frac{P(C)}{P(D)} \ge P(C)$ प्राप्त होता है।
अतः,$P(C|D) \ge P(C)$ सही है।
32
MathematicsMediumMCQAIEEE · 2011
$5$ स्वतंत्र बर्नौली परीक्षणों पर विचार करें,जिनमें से प्रत्येक की सफलता की प्रायिकता $p$ है। यदि कम से कम एक विफलता की प्रायिकता $\frac{31}{32}$ से अधिक या उसके बराबर है,तो $p$ किस अंतराल में स्थित है?
A
$(\frac{3}{4}, \frac{11}{12}]$
B
$[0, \frac{1}{2}]$
C
$(\frac{11}{12}, 1)$
D
$(\frac{1}{2}, \frac{3}{4})$

Solution

(B) मान लीजिए $X$ $5$ स्वतंत्र बर्नौली परीक्षणों में सफलताओं की संख्या है। सफलता की प्रायिकता $p$ है और विफलता की प्रायिकता $q = 1 - p$ है।
कम से कम एक विफलता की प्रायिकता $1 - P(\text{कोई विफलता नहीं}) = 1 - P(X = 5)$ द्वारा दी जाती है।
चूंकि परीक्षण स्वतंत्र हैं,$P(X = 5) = p^5$ है।
प्रश्न के अनुसार,कम से कम एक विफलता की प्रायिकता $\frac{31}{32}$ से अधिक या उसके बराबर है:
$1 - p^5 \geq \frac{31}{32}$
असमानता को पुनर्व्यवस्थित करने पर:
$1 - \frac{31}{32} \geq p^5$
$\frac{1}{32} \geq p^5$
दोनों पक्षों का पांचवां मूल लेने पर:
$p \leq (\frac{1}{32})^{1/5}$
$p \leq \frac{1}{2}$
चूंकि $p$ एक प्रायिकता है,$p \geq 0$ है। इसलिए,$p \in [0, \frac{1}{2}]$।
33
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
मान लीजिए $A, B, C$ युग्मवार स्वतंत्र घटनाएँ हैं जहाँ $P(C) > 0$ और $P(A \cap B \cap C) = 0$ है। तो $P(A' \cap B' | C) = $
A
$P(A') - P(B)$
B
$P(A) - P(B')$
C
$P(A') + P(B)$
D
$P(A') - P(B')$

Solution

(A) हमें $P(A' \cap B' | C)$ ज्ञात करना है। सप्रतिबंध प्रायिकता की परिभाषा के अनुसार:
$P(A' \cap B' | C) = \frac{P(A' \cap B' \cap C)}{P(C)}$
समुच्चयों के लिए समावेशन-अपवर्जन सिद्धांत का उपयोग करते हुए:
$P(A' \cap B' \cap C) = P(C) - P((A \cup B) \cap C)$
$P(A' \cap B' \cap C) = P(C) - [P(A \cap C) + P(B \cap C) - P(A \cap B \cap C)]$
दिया गया है कि $P(A \cap B \cap C) = 0$ और $A, B, C$ युग्मवार स्वतंत्र हैं,इसलिए $P(A \cap C) = P(A)P(C)$ और $P(B \cap C) = P(B)P(C)$।
इन मानों को प्रतिस्थापित करने पर:
$P(A' \cap B' \cap C) = P(C) - P(A)P(C) - P(B)P(C) + 0$
$P(A' \cap B' \cap C) = P(C)(1 - P(A) - P(B))$
अतः,$P(A' \cap B' | C) = \frac{P(C)(1 - P(A) - P(B))}{P(C)} = 1 - P(A) - P(B)$
चूँकि $1 - P(A) = P(A')$,इसलिए $P(A' \cap B' | C) = P(A') - P(B)$।
34
MathematicsEasyMCQAIEEE · 2011
फलन $f(x) = \frac{1}{\sqrt{x-[x]}}$ का परिसर (range) है
A
$(1, \infty)$
B
$(-\infty, \infty)$
C
$(0, \infty)$
D
$\emptyset$

Solution

(A) फलन $f(x) = \frac{1}{\sqrt{x-[x]}}$ के रूप में परिभाषित है।
$f$ का प्रांत (domain):
हम जानते हैं कि सभी $x \in \mathbb{R}$ के लिए $0 \leq x-[x] < 1$ होता है।
साथ ही,जब $x \in \mathbb{Z}$ होता है,तब $x-[x] = 0$ होता है।
चूंकि हर शून्य नहीं हो सकता,इसलिए $x-[x] > 0$,जिसका अर्थ है कि $x \notin \mathbb{Z}$।
अतः,प्रांत $\mathbb{R} - \mathbb{Z}$ है।
$f$ का परिसर (range):
$x \in \mathbb{R} - \mathbb{Z}$ के लिए,$0 < x-[x] < 1$ होता है।
वर्गमूल लेने पर,$0 < \sqrt{x-[x]} < 1$ प्राप्त होता है।
व्युत्क्रम (reciprocal) लेने पर,$\frac{1}{\sqrt{x-[x]}} > 1$ प्राप्त होता है।
इसलिए,$f(x) \in (1, \infty)$।
अतः,$f$ का परिसर $(1, \infty)$ है।
35
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
मान लीजिए $f(x) = (x - 1)^2 + 1$,जहाँ $x \ge 1$ है।
कथन-$1$: $S = \{x : f(x) = f^{-1}(x)\} = \{1, 2\}$.
कथन-$2$: $f$ एक बाइजेक्शन (एकैकी और आच्छादक) है और $f^{-1}(x) = 1 + \sqrt{x - 1}$,जहाँ $x \ge 1$ है।
A
कथन-$1$ सत्य है,कथन-$2$ असत्य है।
B
कथन-$1$ असत्य है,कथन-$2$ सत्य है।
C
कथन-$1$ सत्य है,कथन-$2$ सत्य है; कथन-$2$,कथन-$1$ की सही व्याख्या नहीं है।
D
कथन-$1$ सत्य है,कथन-$2$ सत्य है; कथन-$2$,कथन-$1$ की सही व्याख्या है।

Solution

(D) दिया गया है $f(x) = (x - 1)^2 + 1$,जहाँ $x \ge 1$ है।
$f^{-1}(x)$ ज्ञात करने के लिए,$y = (x - 1)^2 + 1$ लें।
अतः $y - 1 = (x - 1)^2$। चूँकि $x \ge 1$,हमारे पास $x - 1 = \sqrt{y - 1}$ है,इसलिए $x = 1 + \sqrt{y - 1}$।
इस प्रकार,$f^{-1}(x) = 1 + \sqrt{x - 1}$,जहाँ $x \ge 1$ है। अतः,कथन-$2$ सत्य है।
$S = \{x : f(x) = f^{-1}(x)\}$ ज्ञात करने के लिए,हम $f(x) = x$ को हल करते हैं।
$(x - 1)^2 + 1 = x \implies x^2 - 2x + 1 + 1 = x \implies x^2 - 3x + 2 = 0$।
$(x - 1)(x - 2) = 0$,इसलिए $x = 1$ या $x = 2$।
चूँकि दोनों मान $x \ge 1$ को संतुष्ट करते हैं,$S = \{1, 2\}$ है। अतः,कथन-$1$ सत्य है।
वर्धमान फलनों के लिए $f(x) = f^{-1}(x)$ का अर्थ $f(x) = x$ होता है,इसलिए कथन-$2$,कथन-$1$ की सही व्याख्या है।
36
MathematicsDifficultMCQAIEEE · 2011
सदिश $\vec{a}$ और $\vec{b}$ लंबवत नहीं हैं और $\vec{c}$ तथा $\vec{d}$ दो ऐसे सदिश हैं जो $\vec{b} \times \vec{c} = \vec{b} \times \vec{d}$ और $\vec{a} \cdot \vec{d} = 0$ को संतुष्ट करते हैं,तो सदिश $\vec{d}$ किसके बराबर है?
A
$\vec{c} + \left( \frac{\vec{a} \cdot \vec{c}}{\vec{a} \cdot \vec{b}} \right) \vec{b}$
B
$\vec{b} + \left( \frac{\vec{b} \cdot \vec{c}}{\vec{a} \cdot \vec{b}} \right) \vec{c}$
C
$\vec{c} - \left( \frac{\vec{a} \cdot \vec{c}}{\vec{a} \cdot \vec{b}} \right) \vec{b}$
D
$\vec{b} - \left( \frac{\vec{b} \cdot \vec{c}}{\vec{a} \cdot \vec{b}} \right) \vec{c}$

Solution

(C) दिया गया है $\vec{b} \times \vec{c} = \vec{b} \times \vec{d}$.
दोनों पक्षों का $\vec{a}$ के साथ सदिश गुणन करने पर: $\vec{a} \times (\vec{b} \times \vec{c}) = \vec{a} \times (\vec{b} \times \vec{d})$.
सदिश त्रिक गुणन सूत्र $\vec{a} \times (\vec{b} \times \vec{c}) = (\vec{a} \cdot \vec{c}) \vec{b} - (\vec{a} \cdot \vec{b}) \vec{c}$ का उपयोग करने पर:
$(\vec{a} \cdot \vec{c}) \vec{b} - (\vec{a} \cdot \vec{b}) \vec{c} = (\vec{a} \cdot \vec{d}) \vec{b} - (\vec{a} \cdot \vec{b}) \vec{d}$.
चूंकि $\vec{a} \cdot \vec{d} = 0$,समीकरण सरल होकर निम्न हो जाता है:
$(\vec{a} \cdot \vec{c}) \vec{b} - (\vec{a} \cdot \vec{b}) \vec{c} = 0 - (\vec{a} \cdot \vec{b}) \vec{d}$.
$\vec{d}$ के लिए व्यवस्थित करने पर:
$(\vec{a} \cdot \vec{b}) \vec{d} = (\vec{a} \cdot \vec{b}) \vec{c} - (\vec{a} \cdot \vec{c}) \vec{b}$.
$(\vec{a} \cdot \vec{b})$ से भाग देने पर (जो शून्य नहीं है क्योंकि $\vec{a}$ और $\vec{b}$ लंबवत नहीं हैं):
$\vec{d} = \vec{c} - \left( \frac{\vec{a} \cdot \vec{c}}{\vec{a} \cdot \vec{b}} \right) \vec{b}$.

Vedclass Products

For Students

Vedclass Test Series

Mock tests in real AIEEE style covering Mathematics with performance analysis. 5-day free trial.

Start Free Trial
For Teachers

Exam Paper Generator

Generate Set A/B/C/D Mathematics papers from 7.5L+ questions in 2 minutes. 3 chapters free.

Try Free
For Institutes

Online Exam Module

Run live AIEEE mock exams with unlimited students, 360° analytics & white-label branding.

See Demo

Frequently Asked Questions

How many Mathematics questions are in AIEEE 2011?

There are 36 Mathematics questions from the AIEEE 2011 paper on Vedclass, each with a detailed step-by-step solution in Hindi.

Are AIEEE 2011 Mathematics solutions available in Hindi?

Yes. All solutions on this page are in Hindi. You can also switch to English or Hindi using the language buttons above the questions.

Can I practice AIEEE 2011 Mathematics as a timed test?

Yes. Use the Vedclass Test Series to attempt a full AIEEE mock test covering Mathematics with time limits and instant score analysis.

Can teachers create Mathematics papers from AIEEE previous year questions?

Yes. The Vedclass Exam Paper Generator lets teachers mix AIEEE Mathematics questions and generate Set A/B/C/D papers in minutes.

For Teachers & Institutes

Build a Custom Mathematics Paper

Pick AIEEE 2011 Mathematics questions, set difficulty, and generate Set A/B/C/D in 2 minutes.