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Particle Nature of Light : Photon Questions in Hindi

Class 12 Physics · Dual Nature of Radiation and matter · Particle Nature of Light : Photon

228+

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100%

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Showing 27 of 228 questions in Hindi

201
MediumMCQ
$1 \text{ MeV}$ ऊर्जा वाले फोटॉन का संवेग $\text{kg-m/s}$ में क्या होगा?
A
$0.33 \times 10^{6}$
B
$7 \times 10^{-24}$
C
$10^{-22}$
D
$5 \times 10^{-22}$

Solution

(D) फोटॉन की ऊर्जा $E = \frac{hc}{\lambda}$ द्वारा दी जाती है,जहाँ $h$ प्लांक नियतांक है,$c$ प्रकाश की गति है और $\lambda$ तरंगदैर्ध्य है।
डी-ब्रोग्ली संबंध के अनुसार,संवेग $p = \frac{h}{\lambda}$ है,जिसका अर्थ है $\lambda = \frac{h}{p}$।
ऊर्जा समीकरण में $\lambda$ का मान रखने पर: $E = \frac{hc}{h/p} = pc$।
इसलिए,संवेग $p = \frac{E}{c}$ होगा।
दिया गया है: $E = 1 \text{ MeV} = 1 \times 10^{6} \times 1.6 \times 10^{-19} \text{ J} = 1.6 \times 10^{-13} \text{ J}$ और $c = 3 \times 10^{8} \text{ m/s}$।
इन मानों को रखने पर: $p = \frac{1.6 \times 10^{-13}}{3 \times 10^{8}} \approx 0.533 \times 10^{-21} \text{ kg-m/s} = 5.33 \times 10^{-22} \text{ kg-m/s}$।
दिए गए विकल्पों के अनुसार निकटतम मान $p = 5 \times 10^{-22} \text{ kg-m/s}$ है।
202
EasyMCQ
$66 \ W$ शक्ति का एक बल्ब $600 \ nm$ तरंगदैर्ध्य की तरंगें उत्सर्जित करता है,तो प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या . . . . . . है। $(h = 6.6 \times 10^{-34} \ J \cdot s)$
A
$2 \times 10^{22}$
B
$2 \times 10^{19}$
C
$2 \times 10^{21}$
D
$2 \times 10^{20}$

Solution

(D) बल्ब की शक्ति $P$ प्रति सेकंड उत्सर्जित कुल ऊर्जा है। एक फोटॉन की ऊर्जा $E = \frac{hc}{\lambda}$ द्वारा दी जाती है।
यदि $n$ प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या है,तो कुल शक्ति $P = n \times E = n \frac{hc}{\lambda}$ होगी।
$n$ के लिए पुनर्व्यवस्थित करने पर,हमें $n = \frac{P \lambda}{hc}$ प्राप्त होता है।
दिया गया है: $P = 66 \ W$,$\lambda = 600 \ nm = 600 \times 10^{-9} \ m$,$h = 6.6 \times 10^{-34} \ J \cdot s$,और $c = 3 \times 10^8 \ m/s$.
मान रखने पर:
$n = \frac{66 \times 600 \times 10^{-9}}{6.6 \times 10^{-34} \times 3 \times 10^8}$
$n = \frac{66 \times 600 \times 10^{-9}}{19.8 \times 10^{-26}}$
$n = \frac{39600 \times 10^{-9}}{19.8 \times 10^{-26}}$
$n = 2000 \times 10^{17} = 2 \times 10^{20}$.
अतः,प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या $2 \times 10^{20}$ है।
203
EasyMCQ
यदि $6000 \mathring{A}$ तरंगदैर्ध्य के संगत फोटॉन की ऊर्जा $3.2 \times 10^{-19} \ J$ है,तो $4000 \mathring{A}$ तरंगदैर्ध्य के लिए फोटॉन की ऊर्जा . . . . . . . होगी।
A
$4.44 \times 10^{-19} \ J$
B
$2.22 \times 10^{-19} \ J$
C
$1.11 \times 10^{-19} \ J$
D
$4.80 \times 10^{-19} \ J$

Solution

(D) फोटॉन की ऊर्जा का सूत्र $E = \frac{hc}{\lambda}$ है।
चूंकि $h$ और $c$ स्थिरांक हैं,ऊर्जा $E$ तरंगदैर्ध्य $\lambda$ के व्युत्क्रमानुपाती होती है,अर्थात $E \propto \frac{1}{\lambda}$।
इसलिए,हम अनुपात को $\frac{E_{2}}{E_{1}} = \frac{\lambda_{1}}{\lambda_{2}}$ के रूप में लिख सकते हैं।
दिया गया है: $E_{1} = 3.2 \times 10^{-19} \ J$,$\lambda_{1} = 6000 \mathring{A}$,और $\lambda_{2} = 4000 \mathring{A}$।
मान रखने पर: $\frac{E_{2}}{3.2 \times 10^{-19}} = \frac{6000}{4000} = \frac{6}{4} = 1.5$।
$E_{2} = 1.5 \times 3.2 \times 10^{-19} \ J$।
$E_{2} = 4.80 \times 10^{-19} \ J$।
204
EasyMCQ
$35 \text{ keV}$ ऊर्जा वाले फोटॉन की तरंगदैर्ध्य . . . . . . है।
$(h = 6.625 \times 10^{-34} \text{ J s}, c = 3 \times 10^{8} \text{ m/s}, 1 \text{ eV} = 1.6 \times 10^{-19} \text{ J})$
A
$35 \times 10^{-12} \text{ m}$
B
$35 \text{ Å}$
C
$3.5 \text{ nm}$
D
$3.5 \text{ Å}$

Solution

(A) दिया गया है:
ऊर्जा $E = 35 \text{ keV} = 35 \times 10^{3} \times 1.6 \times 10^{-19} \text{ J} = 56 \times 10^{-16} \text{ J}$.
फोटॉन की तरंगदैर्ध्य के लिए सूत्र का उपयोग करते हुए:
$E = \frac{hc}{\lambda} \implies \lambda = \frac{hc}{E}$
मान रखने पर:
$\lambda = \frac{6.625 \times 10^{-34} \times 3 \times 10^{8}}{35 \times 10^{3} \times 1.6 \times 10^{-19}}$
$\lambda = \frac{19.875 \times 10^{-26}}{56 \times 10^{-16}}$
$\lambda \approx 0.3549 \times 10^{-10} \text{ m} \approx 0.355 \times 10^{-10} \text{ m} = 35.5 \times 10^{-12} \text{ m}$.
दिए गए विकल्पों के अनुसार निकटतम मान $35 \times 10^{-12} \text{ m}$ है।
205
EasyMCQ
$f$ आवृत्ति वाले प्रकाश के एक फोटॉन का संवेग . . . . . . है।
A
$\frac{h c}{f}$
B
$\frac{h f}{c}$
C
$\frac{h}{c f}$
D
$h c f$

Solution

(B) फोटॉन की ऊर्जा $E = hf$ द्वारा दी जाती है,जहाँ $h$ प्लांक नियतांक है और $f$ आवृत्ति है।
आइंस्टीन के द्रव्यमान-ऊर्जा तुल्यता संबंध के अनुसार,$E = mc^2$ होता है।
ऊर्जा के लिए दोनों व्यंजकों की तुलना करने पर: $mc^2 = hf$।
चूँकि संवेग $p = mc$ होता है,हम लिख सकते हैं कि $mc^2 = (mc)c = pc = hf$।
अतः,संवेग $p = \frac{hf}{c}$ है।
206
EasyMCQ
लेजर द्वारा $6 \times 10^{14} \,Hz$ आवृत्ति का एकवर्णी प्रकाश उत्पन्न होता है। उत्सर्जित शक्ति $2 \times 10^{-3} \,W$ है। इस प्रकाश पुंज में फोटॉन की ऊर्जा . . . . . . eV है।
A
$3.5$
B
$4$
C
$3$
D
$2.5$

Solution

(D) फोटॉन की ऊर्जा का सूत्र $E = h \nu$ है,जहाँ $h$ प्लांक नियतांक $(6.63 \times 10^{-34} \,J \cdot s)$ है और $\nu$ प्रकाश की आवृत्ति है।
दिया गया है: $\nu = 6 \times 10^{14} \,Hz$.
मान रखने पर: $E = (6.63 \times 10^{-34} \,J \cdot s) \times (6 \times 10^{14} \,Hz) = 3.978 \times 10^{-19} \,J$.
ऊर्जा को जूल से इलेक्ट्रॉन-वोल्ट $(eV)$ में बदलने के लिए,हम इलेक्ट्रॉन के आवेश $(1.6 \times 10^{-19} \,C)$ से विभाजित करते हैं:
$E = \frac{3.978 \times 10^{-19} \,J}{1.6 \times 10^{-19} \,J/eV} \approx 2.486 \,eV$.
निकटतम मान लेने पर,हमें $E \approx 2.5 \,eV$ प्राप्त होता है।
207
MediumMCQ
$p_{1}$ संवेग से गति कर रहे एक प्रोटॉन की गतिज ऊर्जा उसकी विराम द्रव्यमान-ऊर्जा का $1/8$ है। प्रोटॉन की गतिज ऊर्जा के बराबर ऊर्जा वाले एक अन्य प्रकाश फोटॉन का संवेग $p_{2}$ है। तब,अनुपात $\frac{p_{1}-p_{2}}{p_{1}}$ का मान क्या होगा?
A
$1$
B
$1/4$
C
$1/2$
D
$3/4$

Solution

(D) प्रोटॉन के लिए,गैर-सापेक्षिक गतिज ऊर्जा $E_k = \frac{p_1^2}{2m} = \frac{1}{8}mc^2$ लेने पर,
$p_1^2 = \frac{1}{4}m^2c^2$,जिससे $p_1 = \frac{mc}{2}$ प्राप्त होता है।
फोटॉन के लिए,ऊर्जा $E = p_2c = E_k = \frac{1}{8}mc^2$,जिससे $p_2 = \frac{mc}{8}$ प्राप्त होता है।
अब अनुपात $\frac{p_1 - p_2}{p_1} = \frac{mc/2 - mc/8}{mc/2} = \frac{3/8}{1/2} = \frac{3}{4}$ होता है।
208
EasyMCQ
एक $60 \,W$ का स्रोत $662.5 \,nm$ तरंगदैर्ध्य का एकवर्णी प्रकाश उत्सर्जित करता है। प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या है
A
$5 \times 10^{17}$
B
$2 \times 10^{20}$
C
$5 \times 10^{26}$
D
$2 \times 10^{29}$

Solution

(B) दिया गया है: स्रोत की शक्ति $P = 60 \,W$ है।
प्रकाश की तरंगदैर्ध्य $\lambda = 662.5 \,nm = 6.625 \times 10^{-7} \,m$ है।
एक फोटॉन की ऊर्जा $E = \frac{hc}{\lambda}$ द्वारा दी जाती है।
मान रखने पर ($h = 6.625 \times 10^{-34} \,J \cdot s$ और $c = 3 \times 10^8 \,m/s$):
$E = \frac{6.625 \times 10^{-34} \times 3 \times 10^8}{6.625 \times 10^{-7}} = 3 \times 10^{-19} \,J$ है।
प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या $(n)$, कुल शक्ति और एक फोटॉन की ऊर्जा का अनुपात है:
$n = \frac{P}{E} = \frac{60}{3 \times 10^{-19}} = 20 \times 10^{19} = 2 \times 10^{20}$ फोटॉन/सेकंड।
209
EasyMCQ
$\lambda$ तरंगदैर्ध्य के $n$ फोटॉन $m$ द्रव्यमान की एक कृष्णिका (black body) द्वारा अवशोषित किए जाते हैं। निकाय द्वारा प्राप्त संवेग है
A
$\frac{nh}{\lambda}$
B
$\frac{h}{m \lambda}$
C
$\frac{mnh}{\lambda}$
D
$\frac{n h}{m \lambda}$

Solution

(A) $\lambda$ तरंगदैर्ध्य वाले एक फोटॉन का संवेग $p = \frac{h}{\lambda}$ द्वारा दिया जाता है।
चूंकि $n$ फोटॉन कृष्णिका द्वारा अवशोषित किए जाते हैं,इसलिए निकाय को स्थानांतरित कुल संवेग सभी $n$ फोटॉनों के संवेग का योग है।
अतः,निकाय द्वारा प्राप्त कुल संवेग $P = n \times p = n \times \frac{h}{\lambda} = \frac{nh}{\lambda}$ है।
210
EasyMCQ
$LASER$ क्रिया का सिद्धांत किसमें शामिल है?
A
सिस्टम द्वारा उत्सर्जित विशेष आवृत्ति का प्रवर्धन (amplification)
B
पॉपुलेशन इन्वर्जन (संख्या व्युत्क्रमण)
C
स्टिमुलेटेड एमिशन (उद्दीपित उत्सर्जन)
D
उपरोक्त सभी

Solution

(D) $LASER$ क्रिया निम्नलिखित मूलभूत प्रक्रियाओं पर निर्भर करती है:
$(i)$ पॉपुलेशन इन्वर्जन: एक ऐसी स्थिति प्राप्त करना जहाँ मूल अवस्था (ground state) की तुलना में उत्तेजित अवस्था में अधिक परमाणु हों।
(ii) स्टिमुलेटेड एमिशन: एक आपतित फोटॉन एक उत्तेजित परमाणु को दूसरे फोटॉन का उत्सर्जन करने के लिए प्रेरित करता है जो चरण,आवृत्ति और दिशा में समान होता है।
(iii) प्रवर्धन (Amplification): एक ऑप्टिकल कैविटी के भीतर स्टिमुलेटेड एमिशन को दोहराकर प्रकाश की तीव्रता बढ़ाने की प्रक्रिया।
अतः,दिए गए सभी विकल्प सही हैं।
211
EasyMCQ
एक स्रोत से प्रकाश $c$ वेग के साथ यात्रा करता है। यदि स्रोत प्रेक्षक से $v$ वेग के साथ दूर जा रहा है,तो प्रेक्षक के सापेक्ष प्रकाश का आपेक्षिक वेग क्या होगा?
A
$c$
B
$c+v$
C
$c-v$
D
$\sqrt{c^2+v^2}$

Solution

(A) आइंस्टीन के विशेष सापेक्षता के सिद्धांत की दूसरी अभिधारणा के अनुसार,निर्वात में प्रकाश की गति एक सार्वभौमिक स्थिरांक $c$ $(3 \times 10^8 \ m/s)$ है।
यह गति स्रोत की गति या प्रेक्षक की गति से स्वतंत्र है।
इसलिए,स्रोत प्रेक्षक से चाहे किसी भी $v$ वेग से दूर जा रहा हो,प्रेक्षक के सापेक्ष प्रकाश का आपेक्षिक वेग $c$ ही रहता है।
212
MediumMCQ
एक लेजर $5 \times 10^{14} \,Hz$ आवृत्ति के प्रकाश पुंज का उत्पादन करती है जिसका आउटपुट पावर $33 \,mW$ है। लेजर द्वारा प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की औसत संख्या क्या है? (प्लांक नियतांक $h = 6.6 \times 10^{-34} \,J \,s$)
A
$40 \times 10^{16}$
B
$10 \times 10^{16}$
C
$30 \times 10^{16}$
D
$20 \times 10^{16}$

Solution

(B) लेजर की शक्ति $P = nE$ द्वारा दी जाती है,जहाँ $n$ प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या है और $E$ एक फोटॉन की ऊर्जा है।
एक फोटॉन की ऊर्जा $E = h\nu$ है,जहाँ $h = 6.6 \times 10^{-34} \,J \,s$ और $\nu = 5 \times 10^{14} \,Hz$ है।
$E = (6.6 \times 10^{-34}) \times (5 \times 10^{14}) = 33 \times 10^{-20} \,J$।
शक्ति $P = 33 \,mW = 33 \times 10^{-3} \,W$ है।
प्रति सेकंड फोटॉनों की संख्या $n = P / E$ है।
$n = (33 \times 10^{-3}) / (33 \times 10^{-20}) = 10^{17} = 10 \times 10^{16}$ फोटॉन प्रति सेकंड।
अतः,सही विकल्प $B$ है।
213
MediumMCQ
एक नीला लैंप $4500 \ \text{Å}$ की औसत तरंगदैर्ध्य का प्रकाश उत्सर्जित करता है। लैंप की रेटिंग $150 \ \text{W}$ और दक्षता $8 \%$ है। तो लैंप द्वारा प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या ज्ञात कीजिए।
A
$27.17 \times 10^{18}$
B
$17.17 \times 10^{18}$
C
$27.17 \times 10^{15}$
D
$54 \times 10^{16}$

Solution

(A) दिया गया है: तरंगदैर्ध्य $\lambda = 4500 \ \text{Å} = 4500 \times 10^{-10} \ \text{m}$,शक्ति $P = 150 \ \text{W}$,दक्षता $\eta = 8 \% = 0.08$.
लैंप द्वारा उत्सर्जित प्रकाश की शक्ति $P_{\text{out}} = P \times \eta = 150 \times 0.08 = 12 \ \text{W}$ है।
एक फोटॉन की ऊर्जा $E = \frac{hc}{\lambda}$ है।
प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या $n = \frac{P_{\text{out}}}{E} = \frac{P_{\text{out}} \times \lambda}{hc}$ द्वारा दी जाती है।
मान रखने पर: $n = \frac{12 \times 4500 \times 10^{-10}}{6.63 \times 10^{-34} \times 3 \times 10^8} \approx 2.717 \times 10^{19}$। विकल्पों को देखते हुए,सही उत्तर $27.17 \times 10^{18}$ है।
214
MediumMCQ
$10 \text{ kW}$ शक्ति का एक ट्रांसमीटर $500 \text{ m}$ तरंगदैर्ध्य की रेडियो तरंगें उत्सर्जित करता है। ट्रांसमीटर द्वारा प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या किस कोटि की है?
A
$10^{37}$
B
$10^{31}$
C
$10^{25}$
D
$10^{43}$

Solution

(B) ट्रांसमीटर की शक्ति $P = \frac{n E_{photon}}{t}$ द्वारा दी जाती है,जहाँ $n$ समय $t$ में उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या है और $E_{photon} = \frac{hc}{\lambda}$ है।
अतः,प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या $\frac{n}{t} = \frac{P \lambda}{hc}$ है।
दिया गया है: $P = 10 \text{ kW} = 10^4 \text{ W}$,$\lambda = 500 \text{ m}$,$h = 6.63 \times 10^{-34} \text{ J s}$,और $c = 3 \times 10^8 \text{ m/s}$.
मान रखने पर:
$\frac{n}{t} = \frac{10^4 \times 500}{6.63 \times 10^{-34} \times 3 \times 10^8}$
$\frac{n}{t} = \frac{5 \times 10^6}{19.89 \times 10^{-26}}$
$\frac{n}{t} \approx 0.251 \times 10^{32} = 2.51 \times 10^{31}$.
अतः,यह $10^{31}$ की कोटि का है।
215
EasyMCQ
शून्य विराम द्रव्यमान वाला कण है
A
प्रोटॉन
B
न्यूट्रॉन
C
फोटॉन
D
इलेक्ट्रॉन

Solution

(C) फोटॉन विद्युत चुंबकीय विकिरण का एक क्वांटम है। सापेक्षता के सिद्धांत के अनुसार,फोटॉन का विराम द्रव्यमान $0$ होता है। फोटॉन निर्वात में प्रकाश की गति $c$ से यात्रा करते हैं और उनके पास ऊर्जा $E = h\nu$ और संवेग $p = h/\lambda$ होता है,लेकिन उनका कोई विराम द्रव्यमान नहीं होता है।
216
EasyMCQ
$600 \,nm$ तरंगदैर्ध्य का प्रकाश उत्पन्न करने वाले $6.6 \times 10^{-3} \,W$ शक्ति के लेजर द्वारा प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की औसत संख्या क्या है? (प्लांक नियतांक,$h = 6.6 \times 10^{-34} \,J \cdot s$)
A
$2 \times 10^{16}$
B
$3 \times 10^{16}$
C
$4 \times 10^{16}$
D
$6 \times 10^{16}$

Solution

(A) लेजर की शक्ति $P$ प्रति सेकंड उत्सर्जित कुल ऊर्जा है। एक फोटॉन की ऊर्जा $E = \frac{hc}{\lambda}$ द्वारा दी जाती है।
इसलिए,प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या $n = \frac{P}{E} = \frac{P \lambda}{hc}$ है।
दिए गए मान: $P = 6.6 \times 10^{-3} \,W$,$\lambda = 600 \times 10^{-9} \,m$,$h = 6.6 \times 10^{-34} \,J \cdot s$,और $c = 3 \times 10^8 \,m/s$.
इन मानों को सूत्र में रखने पर:
$n = \frac{(6.6 \times 10^{-3} \,W) \times (600 \times 10^{-9} \,m)}{(6.6 \times 10^{-34} \,J \cdot s) \times (3 \times 10^8 \,m/s)}$
$n = \frac{6.6 \times 600 \times 10^{-12}}{6.6 \times 3 \times 10^{-26}}$
$n = \frac{600 \times 10^{-12}}{3 \times 10^{-26}}$
$n = 200 \times 10^{14} = 2 \times 10^{16}$ फोटॉन प्रति सेकंड।
217
EasyMCQ
यदि एक फोटॉन की तरंगदैर्ध्य $4000 \text{ Å}$ है,तो उसकी ऊर्जा होगी
A
$4.95 \times 10^{-19} \text{ J}$
B
$5.95 \times 10^{-19} \text{ J}$
C
$3.95 \times 10^{-19} \text{ J}$
D
$6.95 \times 10^{-19} \text{ J}$

Solution

(A) फोटॉन की तरंगदैर्ध्य $\lambda = 4000 \text{ Å} = 4000 \times 10^{-10} \text{ m} = 4 \times 10^{-7} \text{ m}$ दी गई है।
फोटॉन की ऊर्जा $E$ की गणना सूत्र $E = \frac{hc}{\lambda}$ द्वारा की जाती है,जहाँ $h = 6.626 \times 10^{-34} \text{ J s}$ (प्लांक नियतांक) और $c = 3 \times 10^8 \text{ m/s}$ (प्रकाश की गति) है।
मान रखने पर:
$E = \frac{6.626 \times 10^{-34} \times 3 \times 10^8}{4 \times 10^{-7}}$
$E = \frac{19.878 \times 10^{-26}}{4 \times 10^{-7}}$
$E = 4.9695 \times 10^{-19} \text{ J}$
दिए गए विकल्पों के अनुसार निकटतम मान $E \approx 4.95 \times 10^{-19} \text{ J}$ है।
218
EasyMCQ
पॉज़िट्रॉन किसका प्रतिकण (antiparticle) है?
A
प्रोटॉन
B
इलेक्ट्रॉन
C
न्यूट्रॉन
D
फोटॉन

Solution

(B) पॉज़िट्रॉन,जिसे एंटी-इलेक्ट्रॉन के रूप में भी जाना जाता है,इलेक्ट्रॉन का प्रतिकण (antiparticle) है। इसका द्रव्यमान इलेक्ट्रॉन के समान होता है लेकिन इस पर विपरीत विद्युत आवेश होता है ($-e$ के स्थान पर $+e$)।
219
EasyMCQ
निम्नलिखित में से कौन सा कथन सत्य $\text{नहीं}$ है?
A
विद्युत चुम्बकीय विकिरण फोटॉन नामक कणों से बना होता है
B
प्रत्येक फोटॉन प्रकाश की गति से चलता है
C
फोटॉन की ऊर्जा विकिरण की तीव्रता पर निर्भर करती है
D
फोटॉन विद्युत और चुंबकीय क्षेत्र द्वारा विक्षेपित नहीं होते हैं

Solution

(C) फोटॉन विद्युत चुम्बकीय विकिरण का एक क्वांटम है। प्रकाश के क्वांटम सिद्धांत के अनुसार, फोटॉन की ऊर्जा $E = h\nu$ द्वारा दी जाती है, जहाँ $h$ प्लांक का स्थिरांक है और $\nu$ विकिरण की आवृत्ति है。
चूंकि ऊर्जा केवल आवृत्ति पर निर्भर करती है, इसलिए कथन $C$ गलत है क्योंकि यह दावा करता है कि ऊर्जा तीव्रता पर निर्भर करती है。
फोटॉन द्रव्यमान रहित कण होते हैं जो प्रकाश की गति $(c \approx 3 \times 10^8 \ m/s)$ से चलते हैं。
चूंकि फोटॉन विद्युत रूप से तटस्थ होते हैं, इसलिए वे विद्युत या चुंबकीय क्षेत्रों में कोई बल अनुभव नहीं करते हैं, जिसका अर्थ है कि वे उनसे विक्षेपित नहीं होते हैं।
220
MediumMCQ
$942 \ W$ शक्ति का एक लैंप सभी दिशाओं में समान रूप से ऊर्जा विकीर्ण करता है। विकिरण की तरंगदैर्ध्य $660 \ nm$ है। लैंप से $5.0 \ m$ दूर एक छोटे पर्दे पर फोटॉन फ्लक्स $\frac{\text{photon}}{m^2 \cdot s}$ इकाई में क्या होगा? (प्लांक नियतांक $h = 6.6 \times 10^{-34} \ J \cdot s$ और प्रकाश की गति $c = 3 \times 10^8 \ m/s$ लें)
A
$5 \times 10^{20}$
B
$2 \pi \times 10^{19}$
C
$\frac{6}{\pi} \times 10^{18}$
D
$1 \times 10^{19}$

Solution

(D) स्रोत से $r = 5 \ m$ की दूरी पर तीव्रता $I = \frac{P}{4 \pi r^2}$ द्वारा दी जाती है।
मान रखने पर: $I = \frac{942}{4 \times 3.14 \times 5^2} = \frac{942}{12.56 \times 25} = \frac{942}{314} = 3 \ W/m^2$.
एक फोटॉन की ऊर्जा $E = \frac{hc}{\lambda} = \frac{6.6 \times 10^{-34} \times 3 \times 10^8}{660 \times 10^{-9}} = \frac{19.8 \times 10^{-26}}{6.6 \times 10^{-7}} = 3 \times 10^{-19} \ J$.
फोटॉन फ्लक्स $\phi$ प्रति इकाई क्षेत्रफल प्रति इकाई समय में फोटॉनों की संख्या है,जो $\phi = \frac{I}{E}$ द्वारा दी जाती है।
$\phi = \frac{3}{3 \times 10^{-19}} = 1 \times 10^{19} \ \frac{\text{photon}}{m^2 \cdot s}$.
221
MediumMCQ
$10 m$ दूर रखे $300 W$ के लैंप के आउटपुट को मापने के लिए एक फोटोडायोड सेंसर का उपयोग किया जाता है। सेंसर के मुख का व्यास $2 cm$ है। यदि प्रकाश की तरंगदैर्ध्य $660 nm$ है और एक्सपोज़र समय $100 ms$ है,तो सेंसर में कितने फोटॉन प्रवेश करेंगे? (मान लें कि लैंप की पूरी ऊर्जा प्रकाश के रूप में उत्सर्जित होती है और $h = 6.6 \times 10^{-34} J s$)
A
$3.6 \times 10^{13}$
B
$2.8 \times 10^{13}$
C
$2.5 \times 10^{13}$
D
$1.8 \times 10^{13}$

Solution

(C) एक फोटॉन की ऊर्जा $E = \frac{hc}{\lambda}$ द्वारा दी जाती है।
मान रखने पर: $E = \frac{6.6 \times 10^{-34} \times 3 \times 10^8}{660 \times 10^{-9}} = 3 \times 10^{-19} J$.
$t = 100 ms = 0.1 s$ समय में लैंप द्वारा उत्सर्जित कुल ऊर्जा $E_{total} = P \times t = 300 \times 0.1 = 30 J$ है।
$r = 10 m$ की दूरी पर तीव्रता $A_{sphere} = 4\pi r^2 = 4\pi(10)^2 = 400\pi m^2$ के गोलाकार क्षेत्रफल पर वितरित होती है।
$r_s = 1 cm = 10^{-2} m$ त्रिज्या वाले सेंसर के मुख का क्षेत्रफल $A_{sensor} = \pi r_s^2 = \pi(10^{-2})^2 = \pi \times 10^{-4} m^2$ है।
सेंसर पर आपतित ऊर्जा $E_{sensor} = E_{total} \times \frac{A_{sensor}}{A_{sphere}} = 30 \times \frac{\pi \times 10^{-4}}{400\pi} = \frac{30 \times 10^{-4}}{400} = 7.5 \times 10^{-6} J$ है।
फोटॉनों की संख्या $n = \frac{E_{sensor}}{E} = \frac{7.5 \times 10^{-6}}{3 \times 10^{-19}} = 2.5 \times 10^{13}$ है।
222
DifficultMCQ
कॉम्पटन प्रकीर्णन प्रक्रिया में,आपतित $X$-विकिरण $60^{\circ}$ के कोण पर प्रकीर्णित होता है। प्रकीर्णित विकिरण की तरंगदैर्ध्य $0.22 \ \text{Å}$ है। आपतित $X$-विकिरण की तरंगदैर्ध्य $\text{Å}$ इकाई में है:
A
$0.508$
B
$0.408$
C
$0.232$
D
$0.208$

Solution

(D) कॉम्पटन प्रभाव के लिए,तरंगदैर्ध्य में परिवर्तन का संबंध इस प्रकार है:
$\Delta \lambda = \lambda_2 - \lambda_1 = \frac{h}{m_0 c}(1 - \cos \theta)$
यहाँ,$\lambda_1$ आपतित विकिरण की तरंगदैर्ध्य है,$\lambda_2$ प्रकीर्णित विकिरण की तरंगदैर्ध्य है,और $\frac{h}{m_0 c} \approx 0.024 \ \text{Å}$ कॉम्पटन तरंगदैर्ध्य है।
दिया गया है: $\lambda_2 = 0.22 \ \text{Å}$ और $\theta = 60^{\circ}$।
मान रखने पर:
$0.22 - \lambda_1 = 0.024(1 - \cos 60^{\circ})$
$0.22 - \lambda_1 = 0.024(1 - 0.5)$
$0.22 - \lambda_1 = 0.024 \times 0.5$
$0.22 - \lambda_1 = 0.012$
$\lambda_1 = 0.22 - 0.012 = 0.208 \ \text{Å}$
223
MediumMCQ
बोस-आइंस्टीन सांख्यिकी किन कणों पर लागू होती है?
A
केवल सम पूर्णांक स्पिन वाले कण
B
पूर्णांक स्पिन वाले कण
C
अर्ध-विषम पूर्णांक स्पिन वाले कण
D
केवल विषम पूर्णांक स्पिन वाले कण

Solution

(B) बोस-आइंस्टीन सांख्यिकी उन कणों के सांख्यिकीय व्यवहार का वर्णन करती है जिन्हें बोसॉन कहा जाता है।
बोसॉन वे कण होते हैं जिनका स्पिन पूर्णांक होता है,अर्थात स्पिन $s = 0, 1, 2, \dots$।
ये कण पाउली के अपवर्जन सिद्धांत का पालन नहीं करते हैं,जिसका अर्थ है कि कई कण एक ही क्वांटम अवस्था में रह सकते हैं।
इसके विपरीत,फर्मी-डिराक सांख्यिकी फर्मिऑन पर लागू होती है,जिनका स्पिन अर्ध-विषम पूर्णांक $(s = 1/2, 3/2, 5/2, \dots)$ होता है और वे पाउली के अपवर्जन सिद्धांत का पालन करते हैं।
इसलिए,बोस-आइंस्टीन सांख्यिकी पूर्णांक स्पिन वाले कणों पर लागू होती है।
224
MediumMCQ
समान सतह क्षेत्र वाले दो कृष्ण पिंडों $A$ और $B$ पर विचार करें। सतह $A$ पर,$t$ समय में $f$ आवृत्ति के $n$ फोटॉन लंबवत आपतित होते हैं। सतह $B$ पर,$4t$ समय में $3f$ आवृत्ति के $2n$ फोटॉन लंबवत आपतित होते हैं। सतह $A$ पर विकिरण की औसत तीव्रता और सतह $B$ पर तीव्रता का अनुपात ज्ञात कीजिए।
A
$2: 3$
B
$3: 2$
C
$1: 12$
D
$1: 24$

Solution

(A) विकिरण की तीव्रता को प्रति इकाई क्षेत्रफल प्रति इकाई समय में आपतित ऊर्जा के रूप में परिभाषित किया जाता है: $I = \frac{E}{A \cdot t}$.
$f$ आवृत्ति के फोटॉन के लिए,ऊर्जा $E = hf$ होती है। अतः,कुल आपतित ऊर्जा $E_{total} = N \cdot hf$ है।
सतह $A$ के लिए: $I_A = \frac{n \cdot hf}{A \cdot t}$.
सतह $B$ के लिए: $I_B = \frac{(2n) \cdot h(3f)}{A \cdot (4t)} = \frac{6nhf}{4At} = \frac{3nhf}{2At}$.
अनुपात लेने पर: $\frac{I_A}{I_B} = \frac{nhf}{At} \cdot \frac{2At}{3nhf} = \frac{2}{3}$.
अतः,अनुपात $2: 3$ है।
225
MediumMCQ
एक लैंप से $660 \ nm$ तरंगदैर्ध्य के $10^{20}$ फोटॉन प्रति सेकंड उत्सर्जित होते हैं। लैंप की वाट क्षमता (power) क्या है ($W$ में)? (प्लांक नियतांक $h = 6.6 \times 10^{-34} \ J \cdot s$)
A
$30$
B
$60$
C
$100$
D
$500$

Solution

(A) लैंप की शक्ति $P$ प्रति सेकंड उत्सर्जित कुल ऊर्जा के बराबर होती है,जो प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या $N$ और एक फोटॉन की ऊर्जा $E = \frac{hc}{\lambda}$ का गुणनफल है।
दिया गया है: $N = 10^{20} \ s^{-1}$,$\lambda = 660 \ nm = 660 \times 10^{-9} \ m$,$h = 6.6 \times 10^{-34} \ J \cdot s$,और $c = 3 \times 10^8 \ m/s$.
$P = N \times \frac{hc}{\lambda}$
$P = 10^{20} \times \frac{6.6 \times 10^{-34} \times 3 \times 10^8}{660 \times 10^{-9}}$
$P = 10^{20} \times \frac{19.8 \times 10^{-26}}{660 \times 10^{-9}}$
$P = 10^{20} \times 0.03 \times 10^{-17}$
$P = 30 \ W$.
226
MediumMCQ
$663 \ nm$ पर कार्य करने वाले $6 \ mW$ लेजर स्रोत द्वारा प्रति सेकंड उत्सर्जित समान ऊर्जा वाले फोटॉनों की संख्या . . . . . . है। (दिया गया है: $h=6.63\times10^{-34} \ J.s$ और $c=3\times10^{8} \ m/s$)
A
$5\times10^{16}$
B
$5\times10^{15}$
C
$10\times10^{15}$
D
$2\times10^{16}$

Solution

(D) लेजर स्रोत की शक्ति $P$ को सूत्र $P = n \times E$ द्वारा दिया जाता है,जहाँ $n$ प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या है और $E$ एक फोटॉन की ऊर्जा है।
एक फोटॉन की ऊर्जा $E = \frac{hc}{\lambda}$ होती है।
इसे शक्ति के समीकरण में रखने पर: $P = \frac{n \times hc}{\lambda}$.
दिए गए मान: $P = 6 \ mW = 6 \times 10^{-3} \ W$,$\lambda = 663 \ nm = 663 \times 10^{-9} \ m$,$h = 6.63 \times 10^{-34} \ J.s$,और $c = 3 \times 10^{8} \ m/s$.
$n$ के लिए समीकरण को व्यवस्थित करने पर: $n = \frac{P \times \lambda}{h \times c}$.
$n = \frac{6 \times 10^{-3} \times 663 \times 10^{-9}}{6.63 \times 10^{-34} \times 3 \times 10^{8}}$.
$n = \frac{6 \times 663 \times 10^{-12}}{19.89 \times 10^{-26}}$.
$n = \frac{3978 \times 10^{-12}}{19.89 \times 10^{-26}} = 200 \times 10^{14} = 2 \times 10^{16}$ फोटॉन प्रति सेकंड।
227
DifficultMCQ
$6 \times 10^{14} \text{ Hz}$ आवृत्ति वाला एकवर्णी प्रकाश एक लेजर द्वारा उत्पन्न किया जाता है। उत्सर्जित शक्ति $4 \times 10^{-3} \text{ W}$ है। स्रोत द्वारा प्रति सेकंड औसतन कितने फोटॉन उत्सर्जित होते हैं? $[h = 6.63 \times 10^{-34} \text{ Js}]$
A
$1 \times 10^{16} \text{ फोटॉन प्रति सेकंड}$
B
$5 \times 10^{16} \text{ फोटॉन प्रति सेकंड}$
C
$3 \times 10^{15} \text{ फोटॉन प्रति सेकंड}$
D
$5 \times 10^{15} \text{ फोटॉन प्रति सेकंड}$

Solution

(A) स्रोत द्वारा उत्सर्जित शक्ति $P$,प्रति सेकंड उत्सर्जित फोटॉनों की संख्या $(n)$ और एक फोटॉन की ऊर्जा $(E = h\nu)$ के गुणनफल के बराबर होती है।
दिया गया है: शक्ति $P = 4 \times 10^{-3} \text{ W}$,आवृत्ति $\nu = 6 \times 10^{14} \text{ Hz}$,और प्लांक नियतांक $h = 6.63 \times 10^{-34} \text{ Js}$.
सूत्र: $P = n \cdot h\nu$.
$n$ के लिए सूत्र: $n = \frac{P}{h\nu}$.
मान रखने पर: $n = \frac{4 \times 10^{-3}}{6.63 \times 10^{-34} \times 6 \times 10^{14}}$.
$n = \frac{4 \times 10^{-3}}{39.78 \times 10^{-20}} = \frac{4}{39.78} \times 10^{17} \approx 0.10055 \times 10^{17} = 1.0055 \times 10^{16}$.
अतः,औसतन $n \approx 1 \times 10^{16} \text{ फोटॉन प्रति सेकंड}$ उत्सर्जित होते हैं।

Dual Nature of Radiation and matter — Particle Nature of Light : Photon · Frequently Asked Questions

1Are these Dual Nature of Radiation and matter questions useful for JEE and NEET?

Yes. All questions in this section are mapped to JEE Main and NEET exam patterns. Previous year questions from JEE Main, NEET, GUJCET and state-level exams are included with full solutions.

2Can I switch to Hindi or Gujarati for these questions?

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