(10.16) माध्यिका के सापेक्ष माध्य विचलन की गणना करने के लिए,हम पहले आवृत्ति वितरण तालिका बनाते हैं:
| वर्ग | आवृत्ति $(f_i)$ | $c.f.$ | मध्य-बिंदु $(x_i)$ | $|x_i - M|$ | $f_i |x_i - M|$ |
| $0-10$ | $6$ | $6$ | $5$ | $23$ | $138$ |
| $10-20$ | $7$ | $13$ | $15$ | $13$ | $91$ |
| $20-30$ | $15$ | $28$ | $25$ | $3$ | $45$ |
| $30-40$ | $16$ | $44$ | $35$ | $7$ | $112$ |
| $40-50$ | $4$ | $48$ | $45$ | $17$ | $68$ |
| $50-60$ | $2$ | $50$ | $55$ | $27$ | $54$ |
| कुल | $N=50$ | - | - | - | $508$ |
यहाँ,$N = 50$,इसलिए $\frac{N}{2} = 25$। $25$ से ठीक बड़ी संचयी आवृत्ति $28$ है,जो $20-30$ वर्ग के अनुरूप है।
अतः,माध्यिका वर्ग $20-30$ है।
माध्यिका के सूत्र का उपयोग करते हुए: $M = l + \frac{\frac{N}{2} - C}{f} \times h$
जहाँ $l = 20, C = 13, f = 15, h = 10$।
$M = 20 + \frac{25 - 13}{15} \times 10 = 20 + \frac{120}{15} = 20 + 8 = 28$।
माध्यिका के सापेक्ष माध्य विचलन $= \frac{1}{N} \sum f_i |x_i - M| = \frac{508}{50} = 10.16$।