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Meiosis Questions in Hindi

Class 11 Biology · Cell Cycle and Cell Division · Meiosis

492+

Questions

Hindi

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100%

With Solutions

Showing 50 of 492 questions in Hindi

201
EasyMCQ
किस चरण में काइऐज़्मेटा (chiasmata) के निर्माण स्थल पर भी अर्धगुणसूत्र (chromatids) अलग हो जाते हैं?
A
पैकीटीन
B
लेप्टोटीन
C
डाइकाइनेसिस
D
ज़ायगोटीन

Solution

(C) यहाँ वर्णित प्रक्रिया काइऐज़्मेटा का अंतिमकरण (terminalization) है,जो $Meiosis-I$ के $Diakinesis$ चरण के दौरान होता है। $Diakinesis$ के दौरान,गुणसूत्र पूरी तरह से संघनित हो जाते हैं और अर्धसूत्री तर्कु (meiotic spindle) का निर्माण होता है,जो समजात गुणसूत्रों को अलग होने के लिए तैयार करता है। $Diplotene$ चरण के दौरान बने काइऐज़्मेटा गुणसूत्रों के सिरों की ओर स्थानांतरित हो जाते हैं,जिससे इन स्थानों पर अर्धगुणसूत्र (chromatids) अलग हो जाते हैं। अतः,सही उत्तर $Diakinesis$ है।
202
MediumMCQ
किस अवस्था के दौरान समजात गुणसूत्रों के जोड़े कोशिका के विषुवतीय तल (मध्यवर्ती पट्टिका) पर संरेखित होते हैं?
A
पूर्वावस्था
B
मध्यावस्था
C
मध्यावस्था-$I$
D
पश्चावस्था-$II$

Solution

(C) अर्धसूत्रीविभाजन में,समजात गुणसूत्रों के युग्मन (सिनैप्सिस) की प्रक्रिया पूर्वावस्था-$I$ के दौरान होती है।
ये समजात जोड़े फिर मध्यावस्था-$I$ के दौरान कोशिका के विषुवतीय तल (मध्यावस्था पट्टिका) पर संरेखित होते हैं।
यह संरेखण अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ की एक विशिष्ट विशेषता है,जो यह सुनिश्चित करती है कि समजात गुणसूत्र अलग होकर विभिन्न संतति कोशिकाओं में चले जाएं।
इसलिए,सही अवस्था मध्यावस्था-$I$ है।
203
EasyMCQ
दो अर्धसूत्री विभाजनों के बीच की अवस्था को क्या कहा जाता है?
A
कोशिका विभाजन
B
अंतरावस्था (Interphase)
C
विभाजन अवस्था ($M$-phase)
D
अंतराभाजन (Interkinesis)

Solution

(D) दो क्रमिक अर्धसूत्री विभाजनों (अर्धसूत्री विभाजन-$I$ और अर्धसूत्री विभाजन-$II$) के बीच की अवस्था को अंतराभाजन (Interkinesis) कहा जाता है।
यह एक अल्पकालिक विश्राम अवस्था है जो अर्धसूत्री विभाजन-$I$ के बाद और अर्धसूत्री विभाजन-$II$ से पहले आती है।
इस चरण के दौरान $DNA$ का प्रतिकृति (replication) नहीं होता है,हालांकि कोशिका आकार में बढ़ सकती है और प्रोटीन का संश्लेषण कर सकती है।
204
EasyMCQ
इंटरकाइनेसिस (अंतरावस्था) क्या है?
A
तर्कु तंतुओं के छोटे होने के कारण गुणसूत्रों के अलग होने की प्रक्रिया
B
कोशिका केंद्रकीय स्थिति का निर्माण
C
दो अर्धसूत्री विभाजनों के बीच की अवस्था
D
दो कोशिका द्रव्य विभाजनों के बीच की अवस्था

Solution

(C) इंटरकाइनेसिस वह अल्पकालिक विश्राम अवस्था है जो $Meiosis-I$ और $Meiosis-II$ के बीच होती है।
इस चरण के दौरान,कोशिका में $DNA$ का प्रतिकृतियन नहीं होता है,लेकिन कोशिका दूसरे अर्धसूत्री विभाजन के लिए तैयारी करती है।
यह आमतौर पर केंद्रक झिल्ली और केंद्रिका की उपस्थिति द्वारा पहचाना जाता है,हालांकि गुणसूत्र कुछ हद तक विसंघनन (decondensation) की प्रक्रिया से गुजर सकते हैं।
205
MediumMCQ
निम्नलिखित स्तंभों का मिलान करें:
स्तंभ $I$स्तंभ $II$
$(a)$ पूर्वावस्था-$I$$(p)$ केंद्रिका और केंद्रक झिल्ली पुनः प्रकट होते हैं
$(b)$ मध्यावस्था-$I$$(q)$ सबसे लंबी अवस्था
$(c)$ पश्चावस्था-$I$$(r)$ समजात गुणसूत्र विषुवतीय पट्टिका पर संरेखित होते हैं
$(d)$ अंत्यावस्था-$I$$(s)$ प्रत्येक ध्रुव पर पहुँचने वाले गुणसूत्रों की संख्या मूल कोशिका की आधी होती है
A
$(a-p), (b-q), (c-r), (d-s)$
B
$(a-q), (b-p), (c-s), (d-r)$
C
$(a-r), (b-s), (c-p), (d-q)$
D
$(a-q), (b-r), (c-s), (d-p)$

Solution

(D) पूर्वावस्था-$I$ अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ की सबसे लंबी अवस्था है क्योंकि इसमें लेप्टोटीन, जाइगोटीन, पैकीटीन, डिप्लोटीन और डायकाइनेसिस जैसी जटिल उप-अवस्थाएँ शामिल होती हैं। अतः, $(a-q)$।
$(b)$ मध्यावस्था-$I$ में, समजात गुणसूत्र विषुवतीय पट्टिका पर संरेखित होते हैं। अतः, $(b-r)$।
$(c)$ पश्चावस्था-$I$ में, समजात गुणसूत्र अलग हो जाते हैं और विपरीत ध्रुवों की ओर बढ़ते हैं, जिससे प्रत्येक संतति केंद्रक में गुणसूत्रों की संख्या आधी हो जाती है। अतः, $(c-s)$।
$(d)$ अंत्यावस्था-$I$ में, केंद्रक झिल्ली और केंद्रिका ध्रुवों पर पुनः प्रकट होते हैं। अतः, $(d-p)$।
इसलिए, सही मिलान $(a-q), (b-r), (c-s), (d-p)$ है।
206
EasyMCQ
$S -$ कथन: पैकीटीन उप-अवस्था में,गुणसूत्रों का प्रत्येक समूह द्विसंयोजक (bivalent) के रूप में दिखाई देता है।
$R -$ कारण: पादप कोशिकाओं में पूर्वावस्था के दौरान,दो ध्रुवों पर व्यवस्थित तारककेंद्र (centriole) की इकाइयां तर्कु तंतु (spindle fibers) बनाती हैं।
A
$S$ और $R$ दोनों सही हैं,और $R$,$S$ की सही व्याख्या है।
B
$S$ और $R$ दोनों सही हैं,लेकिन $R$,$S$ की सही व्याख्या नहीं है।
C
$S$ सही है और $R$ गलत है।
D
$S$ और $R$ दोनों गलत हैं।

Solution

(C) $1$. $S$ कथन सही है: अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ की पूर्वावस्था की पैकीटीन उप-अवस्था के दौरान,द्विसंयोजक (bivalents/tetrads) स्पष्ट रूप से दिखाई देते हैं।
$2$. $R$ कथन गलत है: पादप कोशिकाओं में तारककेंद्र (centrioles) नहीं होते हैं। पादप कोशिकाओं में तर्कु तंतु ध्रुवों पर स्थित सूक्ष्म नलिका आयोजन केंद्रों (MTOCs) द्वारा बनते हैं,न कि तारककेंद्र द्वारा। तारककेंद्र सामान्यतः जंतु कोशिकाओं में पाए जाते हैं।
207
MediumMCQ
$S -$ कथन: डिप्लोटीन अवस्था के दौरान पुनर्संयोजन ग्रंथिकाएं (recombination nodules) दिखाई देती हैं।
$R -$ कारण: सिनेप्सिस (synapsis) जाइगोटीन अवस्था के दौरान होता है।
A
$S$ और $R$ दोनों सही हैं,और $R$,$S$ की सही व्याख्या है।
B
$S$ और $R$ दोनों सही हैं,लेकिन $R$,$S$ की सही व्याख्या नहीं है।
C
$S$ सही है और $R$ गलत है।
D
$S$ गलत है और $R$ सही है।

Solution

(D) $1$. $S$ कथन गलत है। पुनर्संयोजन ग्रंथिकाएं (recombination nodules) पैकीटीन अवस्था के दौरान बनती हैं,न कि डिप्लोटीन अवस्था में। डिप्लोटीन अवस्था के दौरान,सिनेप्टोनीमल कॉम्प्लेक्स का विघटन होता है और समजात गुणसूत्र एक-दूसरे से अलग होने लगते हैं,सिवाय उन स्थानों के जहाँ कायज्मेटा (chiasmata) बनते हैं।
$2$. $R$ कथन सही है। सिनेप्सिस,जो समजात गुणसूत्रों के युग्मन की प्रक्रिया है,अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ की प्रोफेज की जाइगोटीन अवस्था के दौरान होती है।
$3$. चूँकि $S$ कथन गलत है और $R$ कथन सही है,इसलिए सही विकल्प $D$ है।
208
MediumMCQ
निम्नलिखित में से सही सुमेलित युग्म की पहचान कीजिए।
A
लेप्टोटीन - सिनेप्सिस
B
जायगोटीन - पुनर्संयोजन ग्रंथिकाएं दिखाई देती हैं
C
पैकीटीन - काएज्मेटा के स्थान पर जीन का विनिमय होता है
D
डायकाइनेसिस - अर्धसूत्रीविभाजन का अंतिम चरण है

Solution

(C) $1$. लेप्टोटीन: गुणसूत्र दिखाई देने लगते हैं और संघनित होते हैं। सिनेप्सिस जायगोटीन के दौरान होता है।
$2$. जायगोटीन: समजात गुणसूत्रों के जोड़े बनने की प्रक्रिया (सिनेप्सिस) होती है। पुनर्संयोजन ग्रंथिकाएं पैकीटीन के दौरान दिखाई देती हैं।
$3$. पैकीटीन: समजात गुणसूत्रों के गैर-सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच काएज्मेटा (chiasmata) के स्थान पर जीन का विनिमय (Crossing over) होता है।
$4$. डायकाइनेसिस: यह अर्धसूत्रीविभाजन की पूर्वावस्था-$I$ का अंतिम चरण है,जो काएज्मेटा के समापन और केंद्रिका तथा केंद्रक आवरण के लुप्त होने द्वारा पहचाना जाता है।
209
EasyMCQ
निम्नलिखित में से कौन सा युग्म गलत है?
A
समसूत्री विभाजन (Mitosis) - गुणसूत्रों की संख्या समान रहती है।
B
अर्धसूत्री विभाजन (Meiosis) - आनुवंशिक पदार्थ एक बार प्रतिकृति करता है और कोशिका दो बार विभाजित होती है।
C
लेप्टोटीन (Leptotene) - अर्धसूत्री विभाजन की अंतिम अवस्था।
D
जायगोटीन (Zygotene) - गुणसूत्रों का पार्श्व युग्मन (Synapsis)।

Solution

(C) $\text{अर्धसूत्री विभाजन}-I$ की प्रोफेज अवस्था पाँच उप-अवस्थाओं में विभाजित होती है: $\text{लेप्टोटीन}$, $\text{जायगोटीन}$, $\text{पैकीटीन}$, $\text{डिप्लोटीन}$ और $\text{डायकाइनेसिस}$।
$\text{लेप्टोटीन}$ प्रोफेज-$I$ की पहली अवस्था है, न कि अंतिम अवस्था।
इसलिए, $\text{लेप्टोटीन } - \text{अर्धसूत्री विभाजन की अंतिम अवस्था}$ वाला युग्म गलत है।
210
EasyMCQ
पूर्वावस्था-$I$ के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन सा चरण असंगत है?
A
जायगोटीन
B
लेप्टोटीन
C
डायपेक्टिन
D
डिप्लोटीन

Solution

(C) अर्धसूत्रीविभाजन की पूर्वावस्था-$I$ को गुणसूत्रों के व्यवहार के आधार पर पाँच अलग-अलग उप-चरणों में विभाजित किया गया है: लेप्टोटीन,जायगोटीन,पैकीटीन,डिप्लोटीन और डायकाइनेसिस।
'डायपेक्टिन' अर्धसूत्रीविभाजन की प्रक्रिया में कोई मान्यता प्राप्त चरण नहीं है।
इसलिए,'डायपेक्टिन' असंगत चरण है।
211
MediumMCQ
निम्नलिखित में से कौन सा युग्म सही सुमेलित है?
A
पूर्वावस्था-$II$ - द्विध्रुवीय तर्कु का निर्माण रुक जाता है।
B
पश्चावस्था-$II$ - प्रत्येक ध्रुव पर पहुँचने वाले अर्धगुणसूत्रों की संख्या जनक कोशिका में मौजूद गुणसूत्रों की संख्या से आधी होती है।
C
अंत्यावस्था-$II$ - केंद्रक झिल्ली गायब हो जाती है।
D
मध्यावस्था-$II$ - गुणसूत्र विषुवतीय तल पर व्यवस्थित होते हैं।

Solution

(D) अर्धसूत्रीविभाजन-$II$ (Meiosis-$II$) के चरण इस प्रकार हैं:
$1$. पूर्वावस्था-$II$: केंद्रक झिल्ली गायब हो जाती है और तर्कु उपकरण का निर्माण शुरू होता है।
$2$. मध्यावस्था-$II$: गुणसूत्र विषुवतीय तल पर व्यवस्थित हो जाते हैं,और विपरीत ध्रुवों से आने वाले सूक्ष्म नलिकाएं (microtubules) सिस्टर क्रोमैटिड्स के काइनेटोकोर से जुड़ जाते हैं।
$3$. पश्चावस्था-$II$: प्रत्येक गुणसूत्र का सेंट्रोमियर विभाजित होता है,जिससे सिस्टर क्रोमैटिड्स विपरीत ध्रुवों की ओर गति करते हैं।
$4$. अंत्यावस्था-$II$: गुणसूत्र ध्रुवों पर पहुँच जाते हैं,और केंद्रक झिल्ली तथा केंद्रिका पुनः प्रकट हो जाते हैं।
अतः,'मध्यावस्था-$II$ - गुणसूत्र विषुवतीय तल पर व्यवस्थित होते हैं' युग्म सही सुमेलित है।
212
EasyMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन (meiosis) के दौरान मातृ और पितृ गुणसूत्रों के बीच गुणसूत्र के खंडों की अदला-बदली को क्या कहा जाता है?
A
सूत्रयुग्मन (Synapsis)
B
वियोजन (Disjunction)
C
गुणसूत्रीय विपथन (Chromosomal aberration)
D
विनिमय (Crossing over)

Solution

(D) अर्धसूत्रीविभाजन के $prophase-I$ की $pachytene$ अवस्था के दौरान, समजात गुणसूत्रों के नॉन-सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच आनुवंशिक सामग्री का आदान-प्रदान होता है। इस प्रक्रिया को $\text{विनिमय}$ (Crossing over) कहा जाता है। यह प्रक्रिया $recombinase$ एंजाइम द्वारा मध्यस्थ होती है और इसके परिणामस्वरूप आनुवंशिक पुनर्संयोजन (genetic recombination) होता है, जो लैंगिक रूप से प्रजनन करने वाले जीवों में विभिन्नता के लिए आवश्यक है।
213
MediumMCQ
समजात गुणसूत्रों की अर्धगुणसूत्रों (chromatids) के बीच विनिमय (crossing over) किस स्थान पर होता है?
A
सेंट्रोमियर
B
कायज्मेटा (Chiasmata)
C
अर्धगुणसूत्र (Chromatid)
D
क्रोमोसेंटर

Solution

(B) विनिमय (crossing over) अर्धसूत्रीविभाजन की पूर्वावस्था-$I$ की पैकीटीन अवस्था के दौरान समजात गुणसूत्रों के गैर-सहोदर अर्धगुणसूत्रों (non-sister chromatids) के बीच आनुवंशिक सामग्री का आदान-प्रदान है।
यह प्रक्रिया जुड़ाव के विशिष्ट बिंदुओं पर होती है जिन्हें कायज्मेटा $(Chiasmata)$ कहा जाता है।
$Chiasmata$ $X$-आकार की संरचनाएं हैं जो डिप्लोटीन अवस्था के दौरान दिखाई देती हैं,जो उन स्थानों को चिह्नित करती हैं जहाँ विनिमय हुआ है।
214
EasyMCQ
निम्नलिखित में से किस अवस्था में गुणसूत्र लंबे,पतले और धागे जैसे दिखाई देते हैं?
A
लेप्टोटीन
B
जायगोटीन
C
पैकीटीन
D
डिप्लोटीन

Solution

(A) अर्धसूत्रीविभाजन की $Prophase-I$ (पूर्वावस्था-$I$) के दौरान,पहली अवस्था $Leptotene$ (लेप्टोटीन) होती है।
$Leptotene$ अवस्था में,गुणसूत्र प्रकाश सूक्ष्मदर्शी के नीचे धीरे-धीरे दिखाई देने लगते हैं।
$Leptotene$ अवस्था के दौरान गुणसूत्रों का संघनन जारी रहता है,और वे लंबे,पतले और धागे जैसे दिखाई देते हैं,जिन्हें अक्सर उनकी व्यवस्था के कारण 'बुके' (bouquet) अवस्था के रूप में वर्णित किया जाता है।
215
MediumMCQ
निम्नलिखित में से किस प्रकार के कोशिका विभाजन के परिणामस्वरूप गुणसूत्रों की संख्या आधी हो जाती है?
A
समसूत्री विभाजन (Mitosis)
B
द्विनिषेचन (Double fertilization)
C
अर्धसूत्री विभाजन (Meiosis)
D
असूत्री विभाजन (Amitosis)

Solution

(C) अर्धसूत्री विभाजन कोशिका विभाजन का एक विशेष प्रकार है जो गुणसूत्रों की संख्या को आधा कर देता है,जिसके परिणामस्वरूप अगुणित $(n)$ संतति कोशिकाएं उत्पन्न होती हैं।
यह जनन कोशिकाओं में युग्मकों (शुक्राणु और अंडे) के उत्पादन के लिए होता है।
इसके विपरीत,समसूत्री विभाजन एक समान विभाजन है जिसमें संतति कोशिकाओं में गुणसूत्रों की संख्या समान रहती है।
अतः,सही विकल्प $C$ है।
216
EasyMCQ
अर्धसूत्री विभाजन (Meiosis) की किस अवस्था में गुणसूत्रों की संख्या आधी हो जाती है?
A
मध्यावस्था-$I$
B
अंत्यावस्था-$I$
C
मध्यावस्था-$II$
D
पश्चावस्था-$I$

Solution

(D) अर्धसूत्री विभाजन एक न्यूनीकरण विभाजन है। गुणसूत्रों की संख्या में द्विगुणित $(2n)$ से अगुणित $(n)$ में कमी पश्चावस्था-$I$ (Anaphase-$I$) के दौरान होती है। पश्चावस्था-$I$ के दौरान,समजात गुणसूत्र अलग हो जाते हैं और विपरीत ध्रुवों की ओर चले जाते हैं,जबकि सिस्टर क्रोमैटिड्स अपने सेंट्रोमियर पर जुड़े रहते हैं। इसके परिणामस्वरूप प्रत्येक संतति कोशिका को जनक कोशिका की तुलना में केवल आधी संख्या में गुणसूत्र प्राप्त होते हैं।
217
MediumMCQ
साइनैप्सिस के दौरान प्रत्येक बाइवैलेंट (टेट्राड) में कितने क्रोमैटिड्स मौजूद होते हैं?
A
$2$
B
$4$
C
$8$
D
अनेक

Solution

(B) अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ के $Prophase-I$ की $Zygotene$ अवस्था में साइनैप्सिस की प्रक्रिया के दौरान,समजात गुणसूत्र युग्मित होकर एक जटिल संरचना बनाते हैं जिसे बाइवैलेंट या टेट्राड कहा जाता है।
प्रत्येक गुणसूत्र दो सिस्टर क्रोमैटिड्स से बना होता है।
चूंकि एक बाइवैलेंट में दो समजात गुणसूत्र होते हैं,इसलिए इसमें कुल $4$ क्रोमैटिड्स ($2$ प्रत्येक गुणसूत्र से) होते हैं।
इसीलिए इसे टेट्राड कहा जाता है क्योंकि इसमें $4$ क्रोमैटिड्स होते हैं।
218
EasyMCQ
किस अवस्था में गुणसूत्र लंबे और पतले होते हैं?
A
लेप्टोटीन
B
जायगोटीन
C
पैकीटीन
D
डाईकाइनेसिस

Solution

(A) अर्धसूत्रीविभाजन की $Prophase-I$ (पूर्वावस्था-$I$) के $Leptotene$ (लेप्टोटीन) चरण के दौरान,क्रोमैटिन पदार्थ संघनित होकर गुणसूत्रों का निर्माण शुरू करता है। इस चरण की शुरुआत में,गुणसूत्र लंबे,पतले और धागे जैसे होते हैं,इसीलिए '$Leptotene$' शब्द ग्रीक भाषा के शब्द से लिया गया है जिसका अर्थ 'पतला धागा' होता है।
219
EasyMCQ
अर्धसूत्री विभाजन-$I$ (Meiosis-$I$) को क्या कहा जाता है?
A
समान विभाजन (Equational division)
B
समान विभाजन (Equational division)
C
न्यूनकारी विभाजन (Reductional division)
D
उपर्युक्त में से कोई नहीं

Solution

(C) अर्धसूत्री विभाजन दो चरणों में विभाजित है: अर्धसूत्री विभाजन-$I$ और अर्धसूत्री विभाजन-$II$।
अर्धसूत्री विभाजन-$I$ को न्यूनकारी विभाजन (Reductional division) कहा जाता है क्योंकि इसमें संतति कोशिकाओं में गुणसूत्रों की संख्या जनक कोशिका की तुलना में आधी हो जाती है।
अर्धसूत्री विभाजन-$II$ को समान विभाजन (Equational division) कहा जाता है क्योंकि इसमें गुणसूत्रों की संख्या जनक कोशिका के समान ही रहती है,जो समसूत्री विभाजन (Mitosis) के समान है।
220
EasyMCQ
किस प्रक्रिया के दौरान पीढ़ी-दर-पीढ़ी आनुवंशिक सामग्री का वितरण,आनुवंशिक विविधता का सृजन और पुनर्संयोजित आनुवंशिक सामग्री की स्थापना होती है?
A
समसूत्री विभाजन
B
अर्धसूत्री विभाजन
C
अंगजनन
D
रूपांतरण

Solution

(B) अर्धसूत्री विभाजन (Meiosis) कोशिका विभाजन का एक विशेष प्रकार है जो गुणसूत्रों की संख्या को आधा कर देता है,जिसके परिणामस्वरूप अगुणित (haploid) संतति कोशिकाओं का निर्माण होता है।
अर्धसूत्री विभाजन की प्रोफेज-$I$ अवस्था के दौरान,विशेष रूप से पैकीटीन उप-अवस्था में,क्रॉसिंग ओवर की प्रक्रिया होती है।
क्रॉसिंग ओवर में समजात गुणसूत्रों के गैर-सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच आनुवंशिक सामग्री का आदान-प्रदान शामिल है,जो आनुवंशिक पुनर्संयोजन (genetic recombination) की ओर ले जाता है।
यह प्रक्रिया संतानों में आनुवंशिक विविधता सुनिश्चित करती है और युग्मकों के निर्माण के माध्यम से पीढ़ियों तक गुणसूत्रों की संख्या को स्थिर बनाए रखती है।
221
EasyMCQ
जब एक द्विगुणित कोशिका सामान्य अर्धसूत्री विभाजन से गुजरती है,तब...
A
सभी प्रभावी जीन अलग हो जाते हैं।
B
सभी समजात गुणसूत्र अलग हो जाते हैं।
C
सभी संतति कोशिकाओं में समजात गुणसूत्रों के जोड़े होते हैं।
D
सभी सहलग्नता समूह बाधित हो जाते हैं।

Solution

(B) अर्धसूत्री विभाजन एक न्यूनकारी विभाजन है जो द्विगुणित $(2n)$ कोशिकाओं में अगुणित $(n)$ युग्मक उत्पन्न करने के लिए होता है।
अर्धसूत्री विभाजन-$I$ के दौरान,समजात गुणसूत्र जोड़े बनाते हैं और फिर अलग होकर विभिन्न संतति कोशिकाओं में चले जाते हैं।
यह प्रक्रिया सुनिश्चित करती है कि प्रत्येक संतति कोशिका को प्रत्येक समजात जोड़े से केवल एक गुणसूत्र प्राप्त हो,जिससे समजात गुणसूत्र प्रभावी रूप से अलग हो जाते हैं।
अतः,सही परिणाम यह है कि सभी समजात गुणसूत्र अलग हो जाते हैं।
222
EasyMCQ
अर्धसूत्री विभाजन (Meiosis) में दो क्रमिक विभाजन शामिल होते हैं। ये विभाजन हैं:
A
एक केंद्रकीय विभाजन और एक कायिक विभाजन
B
एक न्यूनकारी विभाजन (Reductional division) और एक समसूत्री विभाजन (Equational division)
C
एक न्यूनकारी विभाजन और एक कोशिकाद्रव्य विभाजन
D
एक समसूत्री विभाजन और एक केंद्रकीय विभाजन

Solution

(B) अर्धसूत्री विभाजन कोशिका विभाजन का एक विशेष प्रकार है जो गुणसूत्रों की संख्या को आधा कर देता है,जिसके परिणामस्वरूप अगुणित (haploid) संतति कोशिकाएं उत्पन्न होती हैं।
इसमें दो क्रमिक केंद्रकीय विभाजन शामिल होते हैं जिन्हें अर्धसूत्री विभाजन-$I$ और अर्धसूत्री विभाजन-$II$ के रूप में जाना जाता है।
अर्धसूत्री विभाजन-$I$ को न्यूनकारी विभाजन कहा जाता है क्योंकि इसमें गुणसूत्रों की संख्या आधी हो जाती है।
अर्धसूत्री विभाजन-$II$ को समसूत्री विभाजन कहा जाता है क्योंकि इसमें गुणसूत्रों की संख्या जनक कोशिका के समान ही रहती है (समसूत्री विभाजन के समान)।
223
EasyMCQ
निम्नलिखित में से किस विकल्प में $DNA$ का संश्लेषण नहीं होता है?
A
कोशिका चक्र में समसूत्री विभाजन की अंतरावस्था
B
कोशिका चक्र में अर्धसूत्री विभाजन की अंतरावस्था
C
कोशिका चक्र में अर्धसूत्री विभाजन की अंतरावस्था (Interkinesis)
D
कोशिका चक्र में असूत्री विभाजन की अंतरावस्था

Solution

(C) $DNA$ का प्रतिकृतियन समसूत्री और अर्धसूत्री विभाजन दोनों की अंतरावस्था के $S$-चरण (संश्लेषण चरण) के दौरान होता है।
अंतरावस्था (Interkinesis) अर्धसूत्री विभाजन-$I$ और अर्धसूत्री विभाजन-$II$ के बीच का चरण है।
अंतरावस्था के दौरान $DNA$ का प्रतिकृतियन नहीं होता है क्योंकि गुणसूत्र पहले से ही द्विगुणित होते हैं।
इसलिए,अंतरावस्था के दौरान $DNA$ का संश्लेषण नहीं होता है।
224
EasyMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन (meiosis) की पूर्वावस्था-$I$ (prophase-$I$) के दौरान अवस्थाओं का सही क्रम क्या है?
A
लेप्टोटीन,पैकीटीन,जाइगोटीन,डायकाइनेसिस,डिप्लोटीन
B
लेप्टोटीन,जाइगोटीन,पैकीटीन,डिप्लोटीन,डायकाइनेसिस
C
जाइगोटीन,लेप्टोटीन,पैकीटीन,डायकाइनेसिस,डिप्लोटीन
D
डिप्लोटीन,डायकाइनेसिस,पैकीटीन,जाइगोटीन,लेप्टोटीन

Solution

(B) अर्धसूत्रीविभाजन की पूर्वावस्था-$I$ समसूत्री विभाजन की पूर्वावस्था की तुलना में एक जटिल और लंबी अवस्था है। गुणसूत्रों के व्यवहार के आधार पर इसे पाँच अलग-अलग चरणों में विभाजित किया गया है:
$1$. लेप्टोटीन: गुणसूत्र स्पष्ट और धागे जैसे दिखाई देते हैं।
$2$. जाइगोटीन: समजात गुणसूत्रों का युग्मन (synapsis) होता है।
$3$. पैकीटीन: समजात गुणसूत्रों के गैर-बहन क्रोमैटिड्स के बीच क्रॉसिंग ओवर (विनिमय) होता है।
$4$. डिप्लोटीन: सिनेप्टोनेमल कॉम्प्लेक्स का विघटन होता है और समजात गुणसूत्र क्रॉसिंग ओवर के स्थानों (chiasmata) को छोड़कर अलग होने लगते हैं।
$5$. डायकाइनेसिस: काइज़्मेटा का उपांतीभवन (terminalization) होता है और गुणसूत्र पूरी तरह से संघनित हो जाते हैं।
अतः,सही क्रम लेप्टोटीन $\rightarrow$ जाइगोटीन $\rightarrow$ पैकीटीन $\rightarrow$ डिप्लोटीन $\rightarrow$ डायकाइनेसिस है।
225
EasyMCQ
निम्नलिखित में से किस अवस्था में गुणसूत्र अस्पष्ट या धागे जैसे दिखाई देते हैं?
A
पैकीटीन
B
डिप्लोटीन
C
जायगोटीन
D
लेप्टोटीन

Solution

(D) $Meiosis-I$ (अर्धसूत्रीविभाजन-$I$) की $Leptotene$ (लेप्टोटीन) अवस्था के दौरान,गुणसूत्र प्रकाश सूक्ष्मदर्शी के नीचे धीरे-धीरे दिखाई देने लगते हैं। हालाँकि,वे लंबी,पतली और धागे जैसी संरचनाओं के रूप में दिखाई देते हैं,जो $Metaphase$ (मध्यावस्था) जैसी बाद की अवस्थाओं में देखे जाने वाले संघनित गुणसूत्रों की तुलना में अस्पष्ट होते हैं। इसलिए,सही उत्तर $Leptotene$ है।
226
EasyMCQ
सिनैप्सिस (Synapsis) निम्नलिखित में से किसके बीच होता है?
A
समजात गुणसूत्र
B
असमजात गुणसूत्र
C
सेंट्रोमियर रहित गुणसूत्र
D
विषमजात गुणसूत्र

Solution

(A) सिनैप्सिस दो समजात गुणसूत्रों का युग्मन है जो अर्धसूत्रीविभाजन $(Meiosis)$ की पूर्वावस्था-$I$ $(Prophase-I)$ के $Zygotene$ चरण के दौरान होता है। इस प्रक्रिया के दौरान,समजात गुणसूत्र एक-दूसरे के साथ संरेखित होते हैं,जिससे एक संरचना बनती है जिसे बाइवेलेंट या टेट्राड कहा जाता है। यह युग्मन आनुवंशिक पुनर्संयोजन (क्रॉसिंग ओवर) के लिए आवश्यक है।
227
EasyMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन (meiosis) के दौरान द्विसंयोजक (bivalent) गुणसूत्रों का निर्माण किस अवस्था में होता है?
A
लेप्टोटीन
B
पैकीटीन
C
जायगोटीन
D
डिप्लोटीन

Solution

(C) अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ में,प्रोफेज-$I$ को पाँच उप-अवस्थाओं में विभाजित किया गया है: लेप्टोटीन,जायगोटीन,पैकीटीन,डिप्लोटीन और डायकाइनेसिस।
जायगोटीन अवस्था के दौरान,समजात गुणसूत्र एक साथ युग्मित होने लगते हैं,इस प्रक्रिया को सिनेप्सिस (synapsis) कहा जाता है।
इन युग्मित समजात गुणसूत्रों को द्विसंयोजक (bivalents) या टेट्राड (tetrads) कहा जाता है।
अतः,द्विसंयोजक गुणसूत्रों का निर्माण जायगोटीन अवस्था की एक मुख्य विशेषता है।
228
EasyMCQ
पैकीटीन अवस्था के दौरान गुणसूत्रों में क्या देखा जाता है?
A
स्पष्ट द्वि-सूत्रता (diplotene)
B
स्पष्ट चतुष्सूत्रता (tetrad)
C
अस्पष्ट एक-सूत्रता (monad)
D
अस्पष्ट द्वि-सूत्रता (diplotene)

Solution

(B) पैकीटीन अवस्था अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ की प्रोफेज-$I$ की तीसरी अवस्था है। इस अवस्था के दौरान,सिनेप्सिस के पूरा होने और क्रोमैटिन के संघनन के कारण द्विसंयोजक (bivalent) गुणसूत्र स्पष्ट रूप से चतुष्सूत्र (tetrads) के रूप में दिखाई देते हैं। समजात गुणसूत्रों के जोड़े के चार क्रोमैटिड्स स्पष्ट हो जाते हैं,इसीलिए इन्हें चतुष्सूत्र कहा जाता है।
229
MediumMCQ
निम्नलिखित में से कौन सा कथन असत्य है?
A
जीन विनिमय (Crossing over) की घटना अर्धसूत्री विभाजन की प्रोफेज-$I$ के दौरान होती है।
B
जीन विनिमय की प्रक्रिया पैतृक और मातृक समजात गुणसूत्रों की अर्धगुणसूत्रों (chromatids) के बीच होती है।
C
जीन विनिमय की घटना समजात गुणसूत्रों की दो सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच होती है।
D
जीन विनिमय की घटना समजात गुणसूत्रों की नॉन-सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच होती है।

Solution

(C) जीन विनिमय (Crossing over) अर्धसूत्री विभाजन की प्रोफेज-$I$ की पैकीटीन अवस्था के दौरान समजात गुणसूत्रों की नॉन-सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच आनुवंशिक सामग्री के आदान-प्रदान की प्रक्रिया है।
कथन $A$ सत्य है क्योंकि जीन विनिमय प्रोफेज-$I$ में होता है।
कथन $B$ सत्य है क्योंकि इसमें पैतृक और मातृक समजात गुणसूत्र शामिल होते हैं।
कथन $D$ सत्य है क्योंकि यह नॉन-सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच होता है।
कथन $C$ असत्य है क्योंकि जीन विनिमय एक ही गुणसूत्र की सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच नहीं होता है,क्योंकि वे आनुवंशिक रूप से समान होती हैं।
230
EasyMCQ
एक द्विसंयोजक (bivalent) संरचना में न्यूनतम कितने काएज्मेटा (chiasmata) बनते हैं?
A
एक
B
दो
C
तीन
D
चार

Solution

(A) द्विसंयोजक (bivalent) अर्धसूत्रीविभाजन (meiosis) की प्रोफेज-$I$ के दौरान बनने वाले समजात गुणसूत्रों का एक जोड़ा है।
पैकीटीन (pachytene) अवस्था के दौरान,समजात गुणसूत्रों के नॉन-सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच क्रॉसिंग ओवर होता है।
बाद की डिप्लोटीन (diplotene) अवस्था में,समजात गुणसूत्र अलग होने लगते हैं,लेकिन वे उन स्थानों पर जुड़े रहते हैं जहाँ क्रॉसिंग ओवर हुआ था।
इन $X$-आकार के जुड़ाव बिंदुओं को काएज्मेटा (chiasmata) कहा जाता है।
एक द्विसंयोजक को एक साथ बनाए रखने के लिए,समजात गुणसूत्रों के बीच कम से कम एक काएज्मेटा का बनना आवश्यक है।
231
EasyMCQ
किस अवस्था में समजात गुणसूत्र स्वतंत्र रूप से अलग होने के कारण बाइवेलेंट (bivalents) के रूप में दिखाई देते हैं?
A
जायगोटीन
B
पैकीटीन
C
डाइकाइनेसिस
D
डिप्लोटीन

Solution

(D) अर्धसूत्रीविभाजन की $Prophase-I$ के दौरान,$Diplotene$ अवस्था की विशेषता सिनेप्टोनेमल कॉम्प्लेक्स का विघटन है।
जैसे ही समजात गुणसूत्र क्रॉसिंग-ओवर के स्थानों को छोड़कर एक-दूसरे से अलग होने लगते हैं,वे स्पष्ट $bivalents$ (द्विसंयोजियों) के रूप में दिखाई देते हैं।
क्रॉसिंग-ओवर के स्थानों पर बनने वाली इन $X$-आकार की संरचनाओं को $chiasmata$ (कायज्मेटा) कहा जाता है।
इसलिए,वह अवस्था जहाँ समजात गुणसूत्र बाइवेलेंट के रूप में दिखाई देते हैं और कायज्मेटा प्रदर्शित करते हैं,वह $Diplotene$ है।
232
EasyMCQ
किस अवस्था में समजात गुणसूत्रों की संख्या आधी हो जाती है?
A
पूर्वावस्था-$II$
B
पूर्वावस्था-$I$
C
पश्चावस्था-$I$
D
पश्चावस्था-$II$

Solution

(C) अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ (Meiosis-$I$) में,समजात गुणसूत्र जोड़े बनाते हैं और फिर पश्चावस्था-$I$ (Anaphase-$I$) के दौरान विपरीत ध्रुवों की ओर अलग हो जाते हैं।
परिणामस्वरूप,प्रत्येक संतति कोशिका में गुणसूत्रों की संख्या जनक कोशिका की तुलना में आधी रह जाती है।
इसलिए,गुणसूत्रों की संख्या में कमी पश्चावस्था-$I$ के दौरान होती है।
233
MediumMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन (meiosis) की किस अवस्था में दो कोशिकाओं में गुणसूत्र विषुवतीय पट्टिका (equatorial plate) पर संरेखित होते हैं और तर्कु तंतुओं (spindle fibers) से जुड़ते हैं?
A
मध्यावस्था-$I$
B
मध्यावस्था-$II$
C
पश्चावस्था-$II$
D
पश्चावस्था-$I$

Solution

(B) अर्धसूत्रीविभाजन में,मध्यावस्था-$II$ वह अवस्था है जिसमें अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ के बाद बनी दोनों संतति कोशिकाओं में गुणसूत्र विषुवतीय पट्टिका पर संरेखित हो जाते हैं।
इस चरण के दौरान,प्रत्येक गुणसूत्र की अर्धगुणसूत्रों (sister chromatids) के काइनेटोकोर विपरीत ध्रुवों से आने वाले तर्कु तंतुओं से जुड़े होते हैं।
यह सुनिश्चित करता है कि बाद की पश्चावस्था-$II$ के दौरान अर्धगुणसूत्र अलग हो सकें।
234
EasyMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन (meiosis) की किस अवस्था में दो कोशिकाओं में स्वतंत्र संतति अर्धगुणसूत्र (sister chromatids) तर्कु तंतुओं (spindle fibers) द्वारा विपरीत ध्रुवों की ओर गमन करते हैं?
A
पश्चावस्था-$II$ (Anaphase-$II$)
B
पश्चावस्था-$I$ (Anaphase-$I$)
C
अंत्यावस्था-$II$ (Telophase-$II$)
D
अंत्यावस्था-$I$ (Telophase-$I$)

Solution

(A) अर्धसूत्रीविभाजन में,पश्चावस्था-$II$ (Anaphase-$II$) वह अवस्था है जिसमें प्रत्येक गुणसूत्र का सेंट्रोमियर विभाजित होता है,जिससे संतति अर्धगुणसूत्र अलग हो जाते हैं।
ये अलग हुए संतति अर्धगुणसूत्र (जिन्हें अब संतति गुणसूत्र कहा जाता है) तर्कु तंतुओं के छोटे होने के कारण कोशिका के विपरीत ध्रुवों की ओर खींचे जाते हैं।
यह प्रक्रिया अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ के बाद बनी दोनों संतति कोशिकाओं में होती है।
235
EasyMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन (meiosis) की किस अवस्था में सेंट्रोमियर विभाजित होता है?
A
केवल एनाफेज-$II$ में एक बार
B
केवल एनाफेज-$I$ में एक बार
C
दो बार अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ और अर्धसूत्रीविभाजन-$II$ में
D
दो बार एनाफेज-$I$ और एनाफेज-$II$ में

Solution

(A) अर्धसूत्रीविभाजन में,अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ के दौरान सेंट्रोमियर विभाजित नहीं होता है क्योंकि इसमें समजात गुणसूत्र अलग होते हैं,लेकिन सिस्टर क्रोमैटिड्स जुड़े रहते हैं।
अर्धसूत्रीविभाजन-$II$ की एनाफेज-$II$ अवस्था के दौरान,प्रत्येक गुणसूत्र का सेंट्रोमियर विभाजित हो जाता है,जिससे सिस्टर क्रोमैटिड्स अलग होकर विपरीत ध्रुवों की ओर गति करते हैं।
अतः,अर्धसूत्रीविभाजन की पूरी प्रक्रिया के दौरान सेंट्रोमियर केवल एक बार विभाजित होता है,जो कि एनाफेज-$II$ में होता है।
236
EasyMCQ
यदि पूर्वावस्था-$I$ में $4$ गुणसूत्र उपस्थित हैं,तो पश्चावस्था-$II$ के अंत में प्रत्येक कोशिका में कितने गुणसूत्र होंगे?
A
$4$
B
$2$
C
$8$
D
$16$

Solution

(B) अर्धसूत्रीविभाजन में,अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ के बाद गुणसूत्रों की संख्या आधी हो जाती है।
पूर्वावस्था-$I$ अर्धसूत्रीविभाजन का प्रारंभिक चरण है जहाँ कोशिका द्विगुणित $(2n = 4)$ होती है।
अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ के बाद,प्रत्येक संतति कोशिका को गुणसूत्रों की आधी संख्या प्राप्त होती है,अर्थात $n = 2$।
पश्चावस्था-$II$ के दौरान,सिस्टर क्रोमैटिड्स अलग हो जाते हैं। यद्यपि प्रति कोशिका $DNA$ की मात्रा आधी हो जाती है,लेकिन गुणसूत्रों की संख्या वही रहती है जो अर्धसूत्रीविभाजन-$II$ की शुरुआत में थी।
चूंकि अर्धसूत्रीविभाजन-$II$ में प्रवेश करने वाली कोशिकाओं में $2$ गुणसूत्र होते हैं,इसलिए पश्चावस्था-$II$ के अंत में प्रत्येक कोशिका में $2$ गुणसूत्र ही रहेंगे।
237
EasyMCQ
$Meiosis-I$ और $Meiosis-II$ के बीच की संक्रमणकालीन अवस्था को किस नाम से जाना जाता है?
A
अंतरावस्था (Interkinesis)
B
कोशिकाद्रव्य विभाजन (Cytokinesis)
C
डाइकाइनेसिस (Diakinesis)
D
केंद्रक विभाजन (Karyokinesis)

Solution

(A) $Meiosis-I$ और $Meiosis-II$ के बीच की अवस्था को अंतरावस्था $(Interkinesis)$ के रूप में जाना जाता है।
अंतरावस्था एक अल्पकालिक विश्राम अवस्था है जो $Meiosis-I$ के बाद और $Meiosis-II$ से पहले होती है।
इस चरण के दौरान $DNA$ का प्रतिकृति (replication) नहीं होता है।
कोशिकाद्रव्य विभाजन का अर्थ कोशिकाद्रव्य का विभाजन है,डाइकाइनेसिस पूर्वावस्था-$I$ का एक उप-चरण है,और केंद्रक विभाजन का अर्थ केंद्रक का विभाजन है।
238
EasyMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन (Meiosis) के लिए निम्नलिखित में से कौन सा कथन गलत है?
A
यह केवल जनन ऊतकों में होता है।
B
गुणसूत्रों का युग्मन प्रारंभिक पूर्वावस्था (Prophase $I$) के दौरान होता है।
C
गुणसूत्रों के खंडों का आदान-प्रदान नहीं होता है।
D
पश्चावस्था-$I$ (Anaphase $I$) के दौरान सेंट्रोमियर का विभाजन नहीं होता है।

Solution

(C) अर्धसूत्रीविभाजन एक न्यूनकारी विभाजन है जो युग्मकों के उत्पादन के लिए जनन ऊतकों में होता है।
पूर्वावस्था-$I$ के दौरान,समजात गुणसूत्र युग्मित होते हैं (सिनैप्सिस)।
जीन विनिमय (Crossing over),जिसमें समजात गुणसूत्रों के गैर-सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच आनुवंशिक सामग्री (गुणसूत्र खंडों) का आदान-प्रदान होता है,पूर्वावस्था-$I$ की पैकीटीन अवस्था के दौरान होता है।
इसलिए,यह कथन कि 'गुणसूत्रों के खंडों का आदान-प्रदान नहीं होता है' गलत है।
अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ में,सेंट्रोमियर विभाजित नहीं होते हैं और पूरे गुणसूत्र विपरीत ध्रुवों की ओर चले जाते हैं,जो कि एक सही विशेषता है।
239
EasyMCQ
निम्नलिखित में से कौन सी घटना केवल अर्धसूत्रीविभाजन (Meiosis) के दौरान होती है?
A
समजात गुणसूत्रों का युग्मन (Pairing).
B
सिस्टर क्रोमैटिड्स का अलग होना।
C
कोशिकाद्रव्य विभाजन (Cytokinesis)।
D
केंद्रिका का गायब होना।

Solution

(A) समजात गुणसूत्रों का युग्मन,जिसे 'सिनेप्सिस' (Synapsis) कहा जाता है,एक विशिष्ट घटना है जो अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ की प्रोफेज-$I$ अवस्था के दौरान होती है।
इस प्रक्रिया के दौरान,समजात गुणसूत्र एक-दूसरे के साथ जुड़कर 'बाइवैलेंट' (Bivalent) या 'टेट्राड' (Tetrad) बनाते हैं,जो आनुवंशिक पुनर्संयोजन (Crossing over) के लिए आवश्यक है।
सिस्टर क्रोमैटिड्स का अलग होना समसूत्री विभाजन (Mitosis) और अर्धसूत्रीविभाजन-$II$ दोनों में होता है।
कोशिकाद्रव्य विभाजन (Cytokinesis) समसूत्री और अर्धसूत्री दोनों विभाजनों में होता है।
केंद्रिका का गायब होना समसूत्री और अर्धसूत्री विभाजन की प्रोफेज अवस्था के दौरान होने वाली एक सामान्य घटना है।
240
EasyMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन के दूसरे विभाजन (Meiosis $II$) के दौरान मुख्य घटना क्या होती है?
A
अर्धगुणसूत्रों (chromatids) और सेंट्रोमियर का पृथक्करण
B
केवल $DNA$ का संश्लेषण
C
लिंग गुणसूत्रों का पृथक्करण
D
समजात गुणसूत्रों का पृथक्करण

Solution

(A) अर्धसूत्रीविभाजन-$II$ एक समविभाजन (equational division) है जो समसूत्री विभाजन के समान होता है। अर्धसूत्रीविभाजन-$II$ की एनाफेज-$II$ अवस्था के दौरान,प्रत्येक गुणसूत्र का सेंट्रोमियर विभाजित हो जाता है,जिससे सिस्टर क्रोमैटिड्स अलग हो जाते हैं और विपरीत ध्रुवों की ओर गति करते हैं। इसके परिणामस्वरूप अर्धगुणसूत्रों और सेंट्रोमियर का पृथक्करण होता है।
241
EasyMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन (meiosis) की किस अवस्था के दौरान क्रॉसिंग ओवर (crossing over) होता है?
A
लेप्टोटीन
B
जायगोटीन
C
पैकीटीन
D
डिप्लोटीन

Solution

(C) क्रॉसिंग ओवर समजात गुणसूत्रों के नॉन-सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच आनुवंशिक सामग्री का आदान-प्रदान है।
यह प्रक्रिया अर्धसूत्रीविभाजन के $Prophase-I$ की $Pachytene$ (पैकीटीन) अवस्था के दौरान होती है।
$Pachytene$ के दौरान,द्विसंयोजक गुणसूत्र टेट्राड (tetrads) के रूप में स्पष्ट रूप से दिखाई देते हैं,और पुनर्संयोजन ग्रंथिकाएं (recombination nodules) दिखाई देती हैं,जो $DNA$ खंडों के आदान-प्रदान की सुविधा प्रदान करती हैं।
242
EasyMCQ
वह स्थान जहाँ क्रॉसिंग ओवर (विनिमय) होता है,उसे क्या कहते हैं?
A
सेंट्रोमियर
B
काइनेटोकोर
C
कियाज्मेटा (Chiasmata)
D
तारककेंद्र

Solution

(C) क्रॉसिंग ओवर अर्धसूत्रीविभाजन की प्रोफेज-$I$ की पैकीटीन अवस्था के दौरान समजात गुणसूत्रों के गैर-सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच आनुवंशिक सामग्री का आदान-प्रदान है।
यह प्रक्रिया समजात गुणसूत्रों के बीच जुड़ाव के विशिष्ट बिंदुओं पर होती है,जो सूक्ष्मदर्शी के नीचे $X$-आकार की संरचनाओं के रूप में दिखाई देते हैं,जिन्हें $Chiasmata$ (एकवचन: $Chiasma$) कहा जाता है।
इसलिए,वह स्थान जहाँ क्रॉसिंग ओवर होता है,उसे $Chiasmata$ कहा जाता है।
243
MediumMCQ
कियाज्माटा (chiasmata) की संख्या किस पर निर्भर करती है?
A
गुणसूत्र की लंबाई
B
गुणसूत्र की चौड़ाई
C
गुणसूत्र का व्यास
D
गुणसूत्र के जोड़े

Solution

(A) कियाज्माटा $X$-आकार की संरचनाएं हैं जो $meiosis$ के $prophase-I$ की $pachytene$ अवस्था के दौरान समजात गुणसूत्रों के नॉन-सिस्टर क्रोमैटिड्स के बीच बनती हैं।
ये संरचनाएं उन स्थानों को दर्शाती हैं जहाँ जीन विनिमय $(crossing over)$ हुआ है।
कियाज्माटा की संख्या गुणसूत्र की लंबाई के सीधे आनुपातिक होती है, क्योंकि लंबे गुणसूत्र आनुवंशिक पुनर्संयोजन की घटनाओं के लिए अधिक स्थान और अवसर प्रदान करते हैं।
244
MediumMCQ
निम्नलिखित कॉलम $I$ और कॉलम $II$ का सही मिलान करें:
कॉलम $I$ कॉलम $II$
$A$. लेप्टोटीन $i$. केंद्रिका लुप्त हो जाती है
$B$. जाइगोटीन $ii$. पुनर्संयोजन ग्रंथियों का निर्माण
$C$. पैकीटीन $iii$. सिनेप्सिस का विकास
$D$. डिप्लोटीन $iv$. गुणसूत्र धागे जैसी संरचना के रूप में दिखाई देते हैं
$E$. डाइकाइनेसिस $v$. काएज्मेटा द्वारा जीन विनिमय होता है
A
$(A-iv), (B-iii), (C-ii), (D-v), (E-i)$
B
$(A-i), (B-ii), (C-iii), (D-iv), (E-v)$
C
$(A-v), (B-iv), (C-iii), (D-ii), (E-i)$
D
$(A-ii), (B-iii), (C-iv), (D-v), (E-i)$

Solution

(A) सही मिलान इस प्रकार है:
$A$. लेप्टोटीन: गुणसूत्र धागे जैसी संरचना के रूप में दिखाई देते हैं $(iv)$।
$B$. जाइगोटीन: सिनेप्सिस का विकास होता है $(iii)$।
$C$. पैकीटीन: पुनर्संयोजन ग्रंथियों का निर्माण होता है $(ii)$।
$D$. डिप्लोटीन: काएज्मेटा द्वारा जीन विनिमय होता है $(v)$।
$E$. डाइकाइनेसिस: केंद्रिका लुप्त हो जाती है $(i)$।
अतः,सही क्रम $(A-iv), (B-iii), (C-ii), (D-v), (E-i)$ है।
245
EasyMCQ
अर्धसूत्री विभाजन-$II$ (Meiosis-$II$) क्या है?
A
कोशिका विभाजन।
B
ह्रास विभाजन।
C
सामान्य कोशिका विस्तार।
D
समसूत्री विभाजन।

Solution

(D) अर्धसूत्री विभाजन-$II$ समसूत्री विभाजन (mitosis) के समान होता है क्योंकि इसमें सिस्टर क्रोमैटिड्स का पृथक्करण होता है।
अर्धसूत्री विभाजन-$II$ में,गुणसूत्रों की संख्या जनक कोशिका के समान ही रहती है (अगुणित से अगुणित),इसीलिए इसे समसूत्री विभाजन (equational division) कहा जाता है।
अतः,अर्धसूत्री विभाजन-$II$ अनिवार्य रूप से एक समसूत्री विभाजन है।
246
EasyMCQ
साइनैप्सिस (Synapsis) किनके बीच होता है?
A
$m-RNA$ और राइबोसोम
B
तर्कु तंतु (Spindle fibers) और सेंट्रोमियर
C
दो समजात गुणसूत्र (Homologous chromosomes)
D
नर और मादा युग्मक

Solution

(C) साइनैप्सिस दो समजात गुणसूत्रों के युग्मन (pairing) की प्रक्रिया है, जो अर्धसूत्रीविभाजन $(Meiosis)$ की $Prophase-I$ अवस्था के $Zygotene$ चरण के दौरान होती है। इस प्रक्रिया के दौरान, समजात गुणसूत्र एक-दूसरे के साथ संरेखित होकर $Synaptonemal$ कॉम्प्लेक्स नामक एक जटिल संरचना बनाते हैं। यह युग्मन बाद के $Pachytene$ चरण में आनुवंशिक पुनर्संयोजन (जीन विनिमय - $Crossing over$) के लिए आवश्यक है।
247
EasyMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन में संतति कोशिकाएं जनक कोशिकाओं के समान नहीं होती हैं,क्योंकि .........
A
जीन विनिमय (Crossing over)
B
सूत्रयुग्मन (Synapsis)
C
$(A)$ और $(B)$ दोनों
D
इनमें से कोई नहीं

Solution

(C) अर्धसूत्रीविभाजन एक न्यूनकारी विभाजन है जिसके परिणामस्वरूप चार आनुवंशिक रूप से भिन्न संतति कोशिकाएं बनती हैं।
$1$. जीन विनिमय (Crossing over) प्रोफेज-$I$ की पैकीटीन अवस्था के दौरान होता है,जहाँ समजात गुणसूत्रों के नॉन-सिस्टर क्रोमैटिड्स आनुवंशिक सामग्री का आदान-प्रदान करते हैं,जिससे आनुवंशिक पुनर्संयोजन होता है।
$2$. सूत्रयुग्मन (Synapsis) प्रोफेज-$I$ की जाइगोटीन अवस्था के दौरान समजात गुणसूत्रों के युग्मित होने की प्रक्रिया है।
$3$. ये दोनों प्रक्रियाएं आनुवंशिक विविधता में योगदान करती हैं,जिससे यह सुनिश्चित होता है कि संतति कोशिकाएं जनक कोशिका के समान नहीं होती हैं।
248
MediumMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन (meiosis) की किस अवस्था में सिस्टर क्रोमैटिड्स अलग हो जाते हैं और विपरीत ध्रुवों की ओर गति करते हैं?
A
पश्चावस्था-$I$
B
पश्चावस्था-$II$
C
मध्यावस्था-$I$
D
मध्यावस्था-$II$

Solution

(B) अर्धसूत्रीविभाजन में,सिस्टर क्रोमैटिड्स का पृथक्करण पश्चावस्था-$II$ (Anaphase-$II$) के दौरान होता है।
पश्चावस्था-$I$ के दौरान,समजात गुणसूत्र अलग होते हैं,लेकिन सिस्टर क्रोमैटिड्स अपने सेंट्रोमियर पर जुड़े रहते हैं।
पश्चावस्था-$II$ के दौरान,सेंट्रोमियर विभाजित हो जाते हैं,जिससे सिस्टर क्रोमैटिड्स अलग होकर कोशिका के विपरीत ध्रुवों की ओर गति करते हैं और स्वतंत्र गुणसूत्र बन जाते हैं।
249
EasyMCQ
निम्नलिखित में से कौन सा युग्म अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ (meiosis-$I$) की पूर्वावस्था-$I$ (prophase-$I$) के चरणों और उनमें होने वाली प्रक्रियाओं के साथ सही ढंग से मेल खाता है?
A
डिप्लोटीन - कायास्मेटा का निर्माण और गुणसूत्रों का पृथक्करण।
B
लेप्टोटीन - समजात गुणसूत्र बाइवेलेंट के रूप में जुड़ते हैं।
C
पैकीटीन - समजात गुणसूत्र युग्मों का निर्माण।
D
जायगोटीन - क्रोमैटिन का संघनन शुरू होता है और वे पतले धागों जैसे दिखाई देते हैं।

Solution

(A) अर्धसूत्रीविभाजन-$I$ की पूर्वावस्था-$I$ को पांच उप-चरणों में विभाजित किया गया है:
$1$. लेप्टोटीन: क्रोमैटिन का संघनन शुरू होता है और वे पतले धागों जैसे दिखाई देते हैं।
$2$. जायगोटीन: समजात गुणसूत्र एक-दूसरे के करीब आते हैं और जोड़े बनाते हैं,जिसे 'सिनैप्सिस' कहा जाता है।
$3$. पैकीटीन: इस चरण में जीन विनिमय (crossing over) होता है।
$4$. डिप्लोटीन: इस चरण में समजात गुणसूत्र एक-दूसरे से अलग होने लगते हैं,लेकिन कायास्मेटा (chiasmata) के स्थान पर जुड़े रहते हैं।
$5$. डायकिनेसिस: कायास्मेटा का टर्मिनलाइजेशन होता है।
अतः,विकल्प $A$ सही है क्योंकि डिप्लोटीन चरण में कायास्मेटा का निर्माण स्पष्ट होता है और गुणसूत्रों का पृथक्करण शुरू होता है।
250
MediumMCQ
अर्धसूत्रीविभाजन (meiosis) की किस अवस्था में अर्धगुणसूत्र (chromatids) अलग हो जाते हैं और विपरीत ध्रुवों की ओर गति करते हैं?
A
पूर्वावस्था (Prophase)
B
मध्यावस्था (Metaphase)
C
पश्चावस्था (Anaphase)
D
अंत्यावस्था (Telophase)

Solution

(C) अर्धसूत्रीविभाजन की $Anaphase \ II$ (पश्चावस्था-$II$) के दौरान,प्रत्येक गुणसूत्र का सेंट्रोमियर विभाजित हो जाता है,जिससे सिस्टर क्रोमैटिड्स (अर्धगुणसूत्र) अलग हो जाते हैं। ये अलग हुए क्रोमैटिड्स (जो अब स्वतंत्र गुणसूत्र हैं) काइनेटोकोर से जुड़े तर्कु तंतुओं (spindle fibers) के छोटे होने के कारण कोशिका के विपरीत ध्रुवों की ओर खिंचे चले जाते हैं। यह प्रक्रिया सुनिश्चित करती है कि प्रत्येक संतति कोशिका में गुणसूत्रों की संख्या समान रहे।

Cell Cycle and Cell Division — Meiosis · Frequently Asked Questions

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