(N/A) माना $r$ और $h$ क्रमशः $R$ त्रिज्या वाले गोले के अंतर्गत शंकु की त्रिज्या और ऊँचाई हैं।
शंकु का आयतन $V = \frac{1}{3} \pi r^{2} h$ है।
शंकु की ऊँचाई $h = R + \sqrt{R^{2} - r^{2}}$ है।
$V = \frac{1}{3} \pi r^{2} (R + \sqrt{R^{2} - r^{2}})$.
$r$ के सापेक्ष अवकलन करने पर:
$\frac{dV}{dr} = \frac{2}{3} \pi r R + \frac{1}{3} \pi \left( 2r \sqrt{R^{2} - r^{2}} - \frac{r^{3}}{\sqrt{R^{2} - r^{2}}} \right)$.
$\frac{dV}{dr} = 0$ रखने पर:
$2R\sqrt{R^{2} - r^{2}} = 3r^{2} - 2R^{2}$.
दोनों पक्षों का वर्ग करने पर: $4R^{2}(R^{2} - r^{2}) = (3r^{2} - 2R^{2})^{2}$.
$9r^{4} = 8R^{2}r^{2} \Rightarrow r^{2} = \frac{8}{9}R^{2}$.
अतः $h = R + \frac{R}{3} = \frac{4}{3}R$.
अधिकतम आयतन $V = \frac{1}{3} \pi (\frac{8}{9}R^{2}) (\frac{4}{3}R) = \frac{32}{81} \pi R^{3}$.
गोले का आयतन $V_{s} = \frac{4}{3} \pi R^{3}$.
अनुपात $\frac{V}{V_{s}} = \frac{32/81}{4/3} = \frac{8}{27}$.
अतः,सबसे बड़े शंकु का आयतन गोले के आयतन का $\frac{8}{27}$ है।