यदि किसी न्यूक्लाइड की प्रति न्यूक्लिऑन बंधन ऊर्जा अधिक है,तो:

  • A
    यह प्रकृति में प्रचुर मात्रा में उपलब्ध होना चाहिए।
  • B
    यह तुरंत क्षय हो जाएगा।
  • C
    इसका विघटन स्थिरांक बड़ा होगा।
  • D
    इसकी अर्ध-आयु कम होगी।

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यदि ड्यूटेरियम की बंधन ऊर्जा $2.23 \, MeV$ है, तो $a.m.u.$ में द्रव्यमान क्षति क्या होगी?

कथन : $A > 100$ परमाणु द्रव्यमान संख्या वाले नाभिकों के लिए प्रति न्यूक्लियॉन बंधन ऊर्जा $A$ के साथ घटती है।
कारण : भारी नाभिकों के लिए नाभिकीय बल कमजोर होते हैं।

हीलियम के नाभिक के लिए द्रव्यमान क्षति (mass defect) $0.0303 \, a.m.u.$ है। हीलियम के लिए प्रति न्यूक्लियॉन बंधन ऊर्जा (binding energy per nucleon) $MeV$ में कितनी होगी?

यदि एक श्वेत वामन (white dwarf) का द्रव्यमान सूर्य के द्रव्यमान का $n$ गुना हो जाता है,तो उसमें मौजूद डिजनरेट इलेक्ट्रॉन दबाव उसके कोर के पतन (core collapse) को रोकने के लिए पर्याप्त नहीं होगा। $n$ का मान क्या है?

एक अल्फा कण $\left({ }^{4} He\right)$ का द्रव्यमान $4.00300 \ amu$ है। एक प्रोटॉन का द्रव्यमान $1.00783 \ amu$ और एक न्यूट्रॉन का द्रव्यमान $1.00867 \ amu$ है। इन आंकड़ों से अनुमानित अल्फा कण की बंधन ऊर्जा किसके निकटतम है ($MeV$ में)?

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