(N/A) $1$. औसत त्वरण अंतराल $2$ में सबसे अधिक है।
$2$. औसत चाल अंतराल $3$ में सबसे अधिक है।
$3$. $v$ अंतराल $1, 2,$ और $3$ में धनात्मक है। $a$ अंतराल $1$ में धनात्मक,अंतराल $2$ में ऋणात्मक और अंतराल $3$ में शून्य है।
$4$. बिंदुओं $A, B, C,$ और $D$ पर त्वरण शून्य है।
विस्तृत व्याख्या:
- त्वरण चाल-समय ग्राफ के ढाल (slope) द्वारा दिया जाता है। चूंकि अंतराल $2$ में ग्राफ का ढाल सबसे अधिक है,इसलिए औसत त्वरण इस अंतराल में सबसे अधिक है।
- औसत चाल समय-अक्ष से वक्र की औसत ऊँचाई द्वारा दर्शाई जाती है। यह स्पष्ट है कि अंतराल $3$ में औसत ऊँचाई सबसे अधिक है। अतः,कण की औसत चाल अंतराल $3$ में सबसे अधिक है।
- अंतराल $1$ में: चाल-समय ग्राफ का ढाल धनात्मक है,इसलिए त्वरण $a$ धनात्मक है। चाल $v$ धनात्मक है।
- अंतराल $2$ में: चाल-समय ग्राफ का ढाल ऋणात्मक है,इसलिए त्वरण $a$ ऋणात्मक है। चाल $v$ धनात्मक है।
- अंतराल $3$ में: चाल-समय ग्राफ क्षैतिज है (ढाल शून्य है),इसलिए त्वरण $a$ शून्य है। चाल $v$ धनात्मक है।
- बिंदुओं $A, B, C,$ और $D$ पर,वक्र की स्पर्शरेखा समय-अक्ष के समानांतर है,जिसका अर्थ है कि ढाल शून्य है। इसलिए,इन बिंदुओं पर त्वरण शून्य है।