प्रत्येक $2\,\mu C$ के दो आवेश एक दूसरे से $0.5$ मीटर की दूरी पर स्थित हैं। यदि दोनों निर्वात में उपस्थित हों तो उनके मध्य बल........$N$ होगा
$1.89$
$2.44$
$0.14$
$3.14$
$10 \,cm$ भुजा वाले समबाहु त्रिभुज $ABC$ के शीर्षों पर क्रमश: $1\,\mu C, - 1\,\mu C$ तथा $2\,\mu C$ आवेश वायु में रखे गये हैं। शीर्ष $C$ पर स्थित आवेश पर परिणामी बल......$N$ होगा
$20$ कूलॉम्ब और $Q\;$ कूलॉम्ब के दो धन आवेश एक-दूसरे से $60$ सेमी की दूरी पर स्थित हैं। उनके बीच उदासीन बिन्दु $20$ कूलॉम्ब वाले आवेश से $20$ सेमी पर है, तो $Q$ का मान .......$C$ है
$4\,\mu\,C$ के किसी आवेश को, दो आवेशों में विभाजित किया जाता है। विभाजित आवेशों के बीच की दूरी नियत है। यदि उनके बीच में अधिकतम बल लग रहा है, तो विभाजित आवेशों का परिमाण होगा :
समान त्रिज्याओं के दो गोलाकार चालकों $B$ एवं $C$ पर आवेश की मात्रा समान है तथा उन्हें एक-दूसरे से कुछ दूर रखने पर उनके बीच लगने वाला प्रतिकर्षण बल $F$ है । उतनी ही त्रिज्या वाले एक अन्य अनावेशित चालक का संपर्क पहले $B$ से कराते हैं और फिर $C$ से संपर्क कराकर उसे हटा दिया जाता है । $B$ तथा $C$ के बीच लगने वाला बल अब कितना होगा
दो आवेश वायु में एक-दूसरे से $d$ दूरी पर रखे हैं इनके बीच लगने वाला बल $F$ है। यदि इन्हें $2$ परावैद्युतांक वाले द्रव में डुबो दिया जाये (सभी स्थितियाँ समान रहें), तो अब इनके मध्य लगने वाला बल होगा