(A) दिया गया समीकरण $y = 3 \sin \omega t + 4 \cos \omega t$ ... $(1)$ है।
एक मानक हार्मोनिक तरंग समीकरण $y = a \sin (\omega t + \phi)$ होता है।
इसका विस्तार करने पर,$y = a \sin \omega t \cos \phi + a \cos \omega t \sin \phi$ ... $(2)$ प्राप्त होता है।
समीकरण $(1)$ और $(2)$ की तुलना करने पर:
$a \cos \phi = 3$ ... $(3)$
$a \sin \phi = 4$ ... $(4)$
समीकरण $(3)$ और $(4)$ का वर्ग करके जोड़ने पर:
$a^2 \cos^2 \phi + a^2 \sin^2 \phi = 3^2 + 4^2$
$a^2 (\cos^2 \phi + \sin^2 \phi) = 9 + 16$
$a^2 = 25$
$a = 5 \ cm$ (परिणामी आयाम)।
प्रारंभिक कला $\phi$ ज्ञात करने के लिए,समीकरण $(4)$ को समीकरण $(3)$ से विभाजित करने पर:
$\frac{a \sin \phi}{a \cos \phi} = \frac{4}{3}$
$\tan \phi = \frac{4}{3}$
$\phi = \tan^{-1} (\frac{4}{3}) \approx 53.13^\circ$।