(N/A) सूर्य के द्रव्यमान का अनुमान केप्लर के ग्रहों की गति के तीसरे नियम और सार्वत्रिक गुरुत्वाकर्षण के नियम का उपयोग करके लगाया जा सकता है।
दिया गया है:
पृथ्वी की कक्षीय त्रिज्या,$r = 1.5 \times 10^{11} \text{ m}$.
पृथ्वी के परिक्रमण का समय,$T = 1 \text{ year} = 365.25 \times 24 \times 60 \times 60 \text{ s} \approx 3.156 \times 10^{7} \text{ s}$.
गुरुत्वाकर्षण नियतांक,$G = 6.67 \times 10^{-11} \text{ Nm}^2\text{kg}^{-2}$.
पृथ्वी की कक्षा के लिए आवश्यक अभिकेंद्र बल सूर्य और पृथ्वी के बीच के गुरुत्वाकर्षण बल द्वारा प्रदान किया जाता है:
$\frac{M_s m_e}{r^2} = m_e \omega^2 r = m_e \left(\frac{2\pi}{T}\right)^2 r$
सूर्य के द्रव्यमान $(M_s)$ के लिए सूत्र को व्यवस्थित करने पर:
$M_s = \frac{4 \pi^2 r^3}{G T^2}$
मान रखने पर:
$M_s = \frac{4 \times (3.14)^2 \times (1.5 \times 10^{11})^3}{6.67 \times 10^{-11} \times (3.156 \times 10^7)^2}$
$M_s \approx 2.0 \times 10^{30} \text{ kg}$.
अतः,सूर्य का अनुमानित द्रव्यमान $2.0 \times 10^{30} \text{ kg}$ है।