(N/A) $\alpha, \beta$-हाइड्रोजन: जिस कार्बन परमाणु से हैलोजन जुड़ा होता है,उसे $\alpha$-कार्बन परमाणु कहते हैं और इस $\alpha$-कार्बन के पड़ोसी कार्बन परमाणुओं को $\beta$-कार्बन कहते हैं। $\alpha$-कार्बन से जुड़े हैलोजन को $\alpha$-हैलोजन और $\beta$-कार्बन से जुड़े $H$ परमाणुओं को $\beta$-हाइड्रोजन परमाणु कहते हैं।
$(b)$ विहाइड्रोहैलोजनीकरण या $\beta$-विलोपन अभिक्रिया: जब $\beta$-हाइड्रोजन युक्त हेलोऐल्केन को पोटैशियम हाइड्रॉक्साइड $(KOH)$ के ऐल्कोहॉलीय विलयन के साथ गर्म किया जाता है,तो $\beta$-कार्बन से एक हाइड्रोजन परमाणु और $\alpha$-कार्बन से एक हैलोजन परमाणु $(X)$ का विलोपन होकर उत्पाद के रूप में ऐल्कीन और हाइड्रोजन हैलाइड $(HX)$ प्राप्त होता है। इस अभिक्रिया को सामान्यतः $\beta$-विलोपन या विहाइड्रोहैलोजनीकरण अभिक्रिया कहते हैं।
$(c)$ ज़ेटसेफ $(Saytzeff)$ नियम और $\beta$-विलोपन: $1875$ में रूसी रसायनज्ञ अलेक्जेंडर ज़ेटसेफ ने एक से अधिक प्रकार के $\beta$-हाइड्रोजन युक्त हेलोऐल्केन से बनने वाले मुख्य ऐल्कीन उत्पाद को निर्धारित करने के लिए एक नियम दिया था।