(N/A) विद्युत बल को संरक्षी माना जाता है क्योंकि दो बिंदुओं के बीच गति करने वाले आवेश पर विद्युत बल द्वारा किया गया कार्य केवल आवेश की प्रारंभिक और अंतिम स्थिति पर निर्भर करता है,न कि अपनाए गए पथ पर।
गणितीय रूप से,एक संरक्षी बल $\vec{F}$ के लिए,किया गया कार्य $W = \int_{A}^{B} \vec{F} \cdot d\vec{l}$ पथ से स्वतंत्र होता है।
इसके अतिरिक्त,किसी भी बंद लूप (closed loop) में आवेश को घुमाने में विद्युत बल द्वारा किया गया कार्य शून्य होता है,अर्थात $\oint \vec{F} \cdot d\vec{l} = 0$।
यह गुण इस तथ्य का सीधा परिणाम है कि विद्युत क्षेत्र एक अदिश विभव फलन (scalar potential function) की प्रवणता (gradient) है,$\vec{E} = -\nabla V$,जो यह दर्शाता है कि बल संरक्षी है।