(N/A) गैल्वेनिक सेल: यह एक विद्युत-रासायनिक सेल है जो एक स्वतःस्फूर्त रेडॉक्स अभिक्रिया की रासायनिक ऊर्जा को विद्युत ऊर्जा में परिवर्तित करता है।
$(b)$ डेनियल सेल में होने वाली रासायनिक अभिक्रियाएँ:
$(i)$ $Cu^{2+}_{(aq)} + 2e^{-} \longrightarrow Cu_{(s)}$ (अपचयन अर्ध-अभिक्रिया)
$(ii)$ $Zn_{(s)} \longrightarrow Zn^{2+}_{(aq)} + 2e^{-}$ (ऑक्सीकरण अर्ध-अभिक्रिया)
$(iii)$ $Zn_{(s)} + Cu^{2+}_{(aq)} \longrightarrow Zn^{2+}_{(aq)} + Cu_{(s)}$ (कुल रेडॉक्स अभिक्रिया)
ये अभिक्रियाएँ डेनियल सेल के दो अलग-अलग भागों में होती हैं। अपचयन अर्ध-अभिक्रिया कॉपर इलेक्ट्रोड पर होती है,जबकि ऑक्सीकरण अर्ध-अभिक्रिया जिंक इलेक्ट्रोड पर होती है। इन दो भागों को अर्ध-सेल कहा जाता है। रेडॉक्स युग्म को ऑक्सीकरण या अपचयन अर्ध-अभिक्रिया में भाग लेने वाले पदार्थ के ऑक्सीकृत और अपचयित रूपों के संयोजन के रूप में परिभाषित किया जाता है। उदाहरण के लिए,$Zn^{2+}/Zn$ और $Cu^{2+}/Cu$ रेडॉक्स युग्म हैं।