(N/A) $A(2, 3, -4)$ और $B(1, -2, 3)$ को जोड़ने वाली रेखा के दिक्-अनुपात $(x_2 - x_1, y_2 - y_1, z_2 - z_1)$ द्वारा दिए जाते हैं।
$a_1 = 1 - 2 = -1$
$b_1 = -2 - 3 = -5$
$c_1 = 3 - (-4) = 7$
अतः,$AB$ के दिक्-अनुपात $(-1, -5, 7)$ हैं।
$B(1, -2, 3)$ और $C(3, 8, -11)$ को जोड़ने वाली रेखा के दिक्-अनुपात:
$a_2 = 3 - 1 = 2$
$b_2 = 8 - (-2) = 10$
$c_2 = -11 - 3 = -14$
अतः,$BC$ के दिक्-अनुपात $(2, 10, -14)$ हैं।
हम देखते हैं कि $BC$ के दिक्-अनुपात $AB$ के दिक्-अनुपातों के $-2$ गुना हैं:
$(2, 10, -14) = -2 \times (-1, -5, 7)$.
चूंकि दिक्-अनुपात समानुपाती हैं,इसलिए रेखाएं $AB$ और $BC$ समांतर हैं।
बिंदु $B$ दोनों रेखाखंडों $AB$ और $BC$ में उभयनिष्ठ है,इसलिए बिंदु $A, B$ और $C$ एक ही सीधी रेखा पर स्थित हैं।
अतः,बिंदु $A, B$ और $C$ संरेख हैं।