(N/A) माना $ABCD$ एक समांतर चतुर्भुज है जिसके विकर्ण $AC$ और $BD$ बिंदु $O$ पर प्रतिच्छेद करते हैं।
समांतर चतुर्भुज के नियम के अनुसार,चारों भुजाओं के वर्गों का योग दोनों विकर्णों के वर्गों के योग के बराबर होता है।
माना भुजाएँ $AB$,$BC$,$CD$ और $DA$ हैं। चूँकि $ABCD$ एक समांतर चतुर्भुज है,इसलिए $AB = CD$ और $BC = DA$ है।
$\triangle ABC$ और $\triangle ADC$ में अपोलोनियस प्रमेय के अनुसार,जहाँ $BO$ माध्यिका है ($O$,$AC$ का मध्य-बिंदु है):
$AB^2 + BC^2 = 2(BO^2 + AO^2)$
$AD^2 + CD^2 = 2(DO^2 + AO^2)$
चूँकि $O$,$BD$ का मध्य-बिंदु है,इसलिए $BO = DO$ है।
दोनों समीकरणों को जोड़ने पर:
$AB^2 + BC^2 + CD^2 + DA^2 = 2(BO^2 + AO^2 + DO^2 + AO^2) = 2(2BO^2 + 2AO^2) = 4BO^2 + 4AO^2$।
चूँकि $BD = 2BO$ और $AC = 2AO$ है,इसलिए $BD^2 = 4BO^2$ और $AC^2 = 4AO^2$ होगा।
अतः,$AB^2 + BC^2 + CD^2 + DA^2 = AC^2 + BD^2$।