(N/A) कोलाइड्स के उदाहरण निम्नलिखित हैं:
$(i)$ आकाश का नीला रंग: हवा में निलंबित धूल के कण और पानी के सूक्ष्म कण नीले प्रकाश का प्रकीर्णन करते हैं,जो हमारी आँखों तक पहुँचता है,जिससे आकाश नीला दिखाई देता है।
$(ii)$ कोहरा,धुंध और वर्षा: जब धूल के कणों वाली हवा का एक बड़ा द्रव्यमान अपने ओसांक (dew point) से नीचे ठंडा होता है,तो नमी इन कणों पर संघनित होकर सूक्ष्म बूंदें बनाती है। ये बूंदें कोलाइडल प्रकृति की होती हैं और हवा में कोहरे या धुंध के रूप में तैरती रहती हैं। बादल हवा में निलंबित पानी की छोटी बूंदों वाले एरोसोल हैं।
ऊपरी वायुमंडल में संघनन के कारण ये कोलाइडल बूंदें बड़ी हो जाती हैं और वर्षा के रूप में नीचे गिरती हैं। कभी-कभी वर्षा तब होती है जब विपरीत आवेश वाले दो बादल मिलते हैं। हवाई जहाज से विद्युतीकृत रेत या बादलों के विपरीत आवेश वाला सोल छिड़क कर कृत्रिम वर्षा कराई जा सकती है।
$(iii)$ खाद्य पदार्थ: दूध,मक्खन,हलवा,आइसक्रीम,फलों का रस आदि सभी कोलाइड्स हैं।
$(iv)$ रक्त: यह एक एल्ब्यूमिनोइड पदार्थ का कोलाइडल घोल है। फिटकरी और फेरिक क्लोराइड की रक्तस्राव रोकने की क्रिया रक्त के स्कंदन (coagulation) के कारण होती है,जिससे थक्का बनता है और रक्त बहना बंद हो जाता है।
$(v)$ मिट्टी: उपजाऊ मिट्टी कोलाइडल प्रकृति की होती है जिसमें ह्यूमस एक सुरक्षात्मक कोलाइड के रूप में कार्य करता है। इस कोलाइडल प्रकृति के कारण,मिट्टी नमी और पोषक तत्वों को अवशोषित करती है।
$(vi)$ डेल्टा का निर्माण: नदी का पानी मिट्टी का एक कोलाइडल घोल है। समुद्री पानी में कई इलेक्ट्रोलाइट्स होते हैं। जब नदी का पानी समुद्र के पानी से मिलता है,तो समुद्र के पानी में मौजूद इलेक्ट्रोलाइट्स मिट्टी के कोलाइडल घोल को स्कंदित (coagulate) कर देते हैं,जिसके परिणामस्वरूप इसका जमाव होता है और डेल्टा का निर्माण होता है।