(N/A) विभेदन: यह एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें मूल और प्ररोह के शीर्षस्थ विभज्योतक,एधा या अन्य विभज्योतकों से उत्पन्न कोशिकाएं परिपक्व होकर विशिष्ट कार्य करने के लिए संरचनात्मक और कार्यात्मक परिवर्तनों से गुजरती हैं। उदाहरण के लिए,कोशिकाएं वाहिकीय तत्वों (tracheary elements) के निर्माण के लिए अपने जीवद्रव्य को खो देती हैं और पानी को लंबी दूरी तक ले जाने के लिए मजबूत,लचीली,लिग्नोसेल्युलोसिक द्वितीयक कोशिका भित्ति विकसित करती हैं।
निर्विभेदन (Dedifferentiation): यह एक ऐसी घटना है जिसमें जीवित विभेदित कोशिकाएं कुछ परिस्थितियों में समसूत्री विभाजन द्वारा विभाजित होने की क्षमता पुनः प्राप्त कर लेती हैं। ये कोशिकाएं विभज्योतक के रूप में कार्य करती हैं। उदाहरण के लिए,पूर्णतः विभेदित मृदूतकीय कोशिकाओं से अंतःपूलीय एधा और काग एधा का निर्माण।
पुनर्विभेदन (Redifferentiation): जब निर्विभेदित कोशिकाओं या ऊतकों के उत्पाद पुनः विभाजित होने की क्षमता खो देते हैं और विशिष्ट कार्य करने के लिए परिपक्व हो जाते हैं,तो इसे पुनर्विभेदन कहा जाता है। उदाहरण के लिए,काग एधा से द्वितीयक वल्कुट और काग का निर्माण।