(N/A) हाँ,यदि माता-पिता दोनों अपने संबंधित रक्त समूहों के लिए विषमयुग्मजी (heterozygous) हैं,तो बच्चे का रक्त समूह '$O$' हो सकता है।
रक्त समूह की वंशागति तीन एलील (alleles) द्वारा नियंत्रित होती है: $I^A$,$I^B$ और $i$।
- '$A$' रक्त समूह वाले व्यक्ति का जीनोटाइप $I^A I^A$ (समयुग्मजी) या $I^A i$ (विषमयुग्मजी) हो सकता है।
- '$B$' रक्त समूह वाले व्यक्ति का जीनोटाइप $I^B I^B$ (समयुग्मजी) या $I^B i$ (विषमयुग्मजी) हो सकता है।
यदि दोनों माता-पिता विषमयुग्मजी हैं,यानी पिता का जीनोटाइप $I^A i$ और माता का जीनोटाइप $I^B i$ है,तो क्रॉस इस प्रकार होगा:
जनक: $I^A i \times I^B i$
युग्मक: $(I^A, i) \times (I^B, i)$
संतति के जीनोटाइप: $I^A I^B$ $(AB)$,$I^A i$ $(A)$,$I^B i$ $(B)$,$ii$ $(O)$।
इस प्रकार,बच्चे में '$O$' रक्त समूह (जीनोटाइप $ii$) होने की $25\%$ संभावना है।