(N/A) नहीं। $1 \; atm$ दाब और $-60^{\circ} C$ पर,$CO_{2}$ वाष्प अवस्था में होता है। जैसे ही इसे समतापीय रूप से संपीड़ित किया जाता है,यह वाष्प क्षेत्र से सीधे ठोस क्षेत्र में चला जाता है,और द्रव अवस्था से होकर नहीं गुजरता है।
$(b)$ $4 \; atm$ दाब पर,जो त्रिक बिंदु दाब $5.11 \; atm$ से कम है,$CO_{2}$ को कमरे के तापमान से ठंडा करने पर यह सीधे वाष्प अवस्था से ठोस अवस्था में परिवर्तित हो जाता है (निक्षेपण)।
$(c)$ $10 \; atm$ दाब पर,जो त्रिक बिंदु दाब से अधिक है,ठोस $CO_{2}$ को $-65^{\circ} C$ से गर्म करने पर यह पहले गलन वक्र पर द्रव अवस्था में पिघलता है और फिर कमरे के तापमान तक पहुँचने पर वाष्पीकरण वक्र पर गैस अवस्था में परिवर्तित हो जाता है।
$(d)$ चूंकि $70^{\circ} C$ तापमान $CO_{2}$ के क्रांतिक तापमान $(31.1^{\circ} C)$ से अधिक है,इसलिए इसे केवल संपीड़न द्वारा द्रवित नहीं किया जा सकता है। यह वाष्प अवस्था में ही रहेगा,लेकिन इसका घनत्व बढ़ेगा और जैसे-जैसे दाब बढ़ेगा,यह आदर्श गैस व्यवहार से विचलित हो जाएगा।