(N/A) ओम का नियम बताता है कि यदि तापमान और अन्य भौतिक स्थितियाँ स्थिर रहें,तो किसी चालक से प्रवाहित होने वाली विद्युत धारा उसके सिरों के बीच के विभवांतर के सीधे आनुपातिक होती है।
गणितीय रूप में: $V = IR$,जहाँ $V$ विभवांतर है,$I$ विद्युत धारा है,और $R$ प्रतिरोध है।
$(b)$ $(i)$ परिवर्ती प्रतिरोध: इसे प्रतिरोधक प्रतीक पर एक तीर या स्लाइडिंग संपर्क द्वारा दर्शाया जाता है।
$(ii)$ वोल्टमीटर: इसे एक वृत्त के अंदर '$V$' लिखकर दर्शाया जाता है,जिसमें धनात्मक और ऋणात्मक टर्मिनल होते हैं।
$(c)$ दिया गया है: रेटेड शक्ति $P = 100 \, W$,रेटेड वोल्टेज $V = 220 \, V$।
सबसे पहले,बल्ब का प्रतिरोध ज्ञात करें:
$R = \frac{V^2}{P} = \frac{(220)^2}{100} = \frac{48400}{100} = 484 \, \Omega$।
अब,$V_1 = 110 \, V$ पर खपत की गई शक्ति ज्ञात करें:
$P_{new} = \frac{V_1^2}{R} = \frac{(110)^2}{484} = \frac{12100}{484} = 25 \, W$।
खपत की गई शक्ति $25 \, W$ होगी।