(N/A) सर्दियों में अंटार्कटिका के ऊपर ध्रुवीय समतापमंडलीय बादल नामक विशेष बादल बनते हैं। ये बादल क्लोरीन नाइट्रेट के जल-अपघटन के लिए एक सतह प्रदान करते हैं जिससे हाइपोक्लोरस अम्ल बनता है,और वे हाइड्रोजन क्लोराइड के साथ प्रतिक्रिया करके क्लोरीन अणु भी उत्पन्न करते हैं।
$ClONO_{2(g)} + H_2O_{(g)} \rightarrow HOCl_{(g)} + HNO_{3(g)}$
$ClONO_{2(g)} + HCl_{(g)} \rightarrow Cl_{2(g)} + HNO_{3(g)}$
जब वसंत ऋतु में अंटार्कटिका पर सूर्य का प्रकाश वापस आता है,तो सूर्य की गर्मी इन बादलों को तोड़ देती है। इसके बाद सूर्य का प्रकाश $HOCl$ और $Cl_2$ का प्रकाश-अपघटन (photolysis) करता है:
$HOCl_{(g)} \xrightarrow{hv} \cdot OH_{(g)} + Cl^{\bullet}_{(g)}$
$Cl_{2(g)} \xrightarrow{hv} 2Cl^{\bullet}_{(g)}$
इस प्रकार,क्लोरीन मुक्त मूलक (free radicals) उत्पन्न होते हैं,जो ओजोन क्षय के लिए श्रृंखला अभिक्रिया शुरू करते हैं।