(N/A) हुंड का अधिकतम बहुलता का नियम एक ही उपकोश (subshell) से संबंधित कक्षकों में इलेक्ट्रॉनों के भरने की प्रक्रिया को बताता है।
नियम: एक ही उपकोश ($p, d$ या $f$) के कक्षकों में इलेक्ट्रॉनों का युग्मन तब तक नहीं होता जब तक कि उस उपकोश के प्रत्येक कक्षक में एक-एक इलेक्ट्रॉन न भर जाए।
इसका अर्थ है कि इलेक्ट्रॉन पहले एक उपकोश के सभी उपलब्ध कक्षकों में समानांतर चक्रण (parallel spin) के साथ अकेले भरे जाएंगे और उसके बाद ही युग्मन शुरू होगा।
उदाहरण के लिए,$p$-उपकोश में,$4^{th}$ इलेक्ट्रॉन युग्मन प्रक्रिया शुरू करता है। इसी तरह,$d$ और $f$ उपकोशों के लिए,युग्मन क्रमशः $6^{th}$ और $8^{th}$ इलेक्ट्रॉन के साथ शुरू होता है।
उदाहरण: नाइट्रोजन $(Z=7)$ का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास $1s^2 2s^2 2p_x^1 2p_y^1 2p_z^1$ है,और ऑक्सीजन $(Z=8)$ का इलेक्ट्रॉनिक विन्यास $1s^2 2s^2 2p_x^2 2p_y^1 2p_z^1$ है।