(N/A) जीवद्रव्यकुंचन (plasmolysis) को पादप कोशिका के जीवद्रव्य (protoplast) के उसकी कोशिका भित्ति से दूर सिकुड़ने के रूप में परिभाषित किया जाता है,जो तब होता है जब कोशिका को अतिपरासारी (hypertonic) विलयन में रखा जाता है।
$1$. क्रियाविधि: जब एक पादप कोशिका को अतिपरासारी विलयन (कोशिका रस की तुलना में अधिक विलेय सांद्रता वाला विलयन) में रखा जाता है,तो परासरण (osmosis) के कारण पानी कोशिका से बाहर निकल जाता है।
$2$. प्रक्रिया: जैसे-जैसे पानी कोशिका से बाहर निकलता है,जीवद्रव्य सिकुड़ जाता है और कठोर कोशिका भित्ति से दूर हो जाता है। कोशिका भित्ति और प्लाज्मा झिल्ली के बीच का यह स्थान बाहरी अतिपरासारी विलयन से भर जाता है।
$3$. उदाहरण: इस प्रक्रिया को प्याज की झिल्ली को अत्यधिक सांद्र नमक या चीनी के घोल में रखकर सूक्ष्मदर्शी के नीचे स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है।