(N/A) गैर-पारंपरिक ऊर्जा स्रोतों के दोहन की आवश्यकता निम्नलिखित कारणों से है:
$1$. जीवाश्म ईंधन सीमित हैं और अत्यधिक खपत के कारण तेजी से समाप्त हो रहे हैं।
$2$. वैश्विक जनसंख्या बढ़ रही है, जिससे ऊर्जा की मांग में वृद्धि हुई है।
$3$. जीवन की गुणवत्ता में सुधार करने और जीवाश्म ईंधन के जलने से होने वाले पर्यावरणीय प्रदूषण को कम करने की आवश्यकता है।
समुद्र से ऊर्जा निम्नलिखित तरीकों से प्राप्त की जा सकती है:
$1$. ज्वारीय ऊर्जा $(Tidal Energy)$: यह समुद्र के एक संकीर्ण मुहाने पर बांध बनाकर प्राप्त की जाती है। उच्च और निम्न ज्वार के दौरान समुद्र के जल स्तर में होने वाले बदलाव से टर्बाइन घूमते हैं और बिजली उत्पन्न होती है।
$2$. तरंग ऊर्जा $(Wave Energy)$: यह समुद्र के किनारे लहरों की गतिज ऊर्जा को पकड़कर टर्बाइन घुमाने या अन्य तंत्रों को चलाने के लिए उपयोग की जाती है।
$3$. महासागरीय तापीय ऊर्जा रूपांतरण $(OTEC)$: यह समुद्र की सतह के गर्म पानी और गहराई में मौजूद ठंडे पानी के बीच के तापमान के अंतर का उपयोग करके हीट इंजन चलाने और बिजली उत्पन्न करने के लिए किया जाता है।