(N/A) नर सहायक नलिकाओं में $rete testis$ (वृषणजाल), $vasa efferentia$ (शुक्रवाहिकाएं), $epididymis$ (अधिवृषण) और $vas deferens$ (शुक्रवाहिनी) शामिल हैं। इनका प्राथमिक कार्य शुक्राणुओं का परिवहन और अस्थायी भंडारण करना है।
दूसरी ओर, नर सहायक ग्रंथियों में $seminal vesicles$ (शुक्राशय), $prostate gland$ (प्रोस्टेट ग्रंथि) और $bulbourethral glands$ (बल्बोयूरेथ्रल ग्रंथियां) शामिल हैं।
ये ग्रंथियां वीर्य प्लाज्मा का स्राव करती हैं, जो $fructose$ (फ्रुक्टोज), $calcium$ (कैल्शियम) और कुछ एंजाइमों से समृद्ध होता है।
यह तरल पदार्थ शुक्राणुओं को पोषण प्रदान करता है, उनकी गतिशीलता को सुगम बनाता है और मादा प्रजनन पथ की अम्लता को बेअसर करने में मदद करता है।