$\rightarrow$ अम्ल-घुलनशील पूल (acid-soluble pool) में पाए जाने वाले सभी यौगिकों का आणविक भार $18$ से $800$ डाल्टन (Da) के बीच होता है। इन्हें सूक्ष्म-अणु या कम आणविक भार वाले जैव-अणु कहा जाता है।
$\rightarrow$ अम्ल-अघुलनशील अंश (acid-insoluble fraction) में चार प्रकार के कार्बनिक यौगिक होते हैं: प्रोटीन, न्यूक्लिक एसिड, पॉलीसैकराइड और लिपिड। लिपिड को छोड़कर, इनका आणविक भार $10,000$ डाल्टन या उससे अधिक होता है। इन्हें जैव-वृहदणु (biomacromolecules) कहा जाता है।
$\rightarrow$ जैव-अणुओं को उनके आणविक भार के आधार पर वर्गीकृत किया जाता है: $(i)$ सूक्ष्म-अणु (आणविक भार $ < 1000$ डाल्टन) और $(ii)$ जैव-वृहदणु (आणविक भार $ > 1000$ डाल्टन)।
$\rightarrow$ अघुलनशील अंश में मौजूद अणु, लिपिड को छोड़कर, बहुलक (polymeric) पदार्थ होते हैं।
$\rightarrow$ लिपिड कम आणविक भार वाले यौगिक होते हैं, लेकिन वे अम्ल-अघुलनशील अंश में पाए जाते हैं क्योंकि ऊतक को पीसते समय वे पुटिकाएं (vesicles) बनाते हैं, जो पानी में अघुलनशील होती हैं।
$\rightarrow$ कोशिकाओं की औसत संरचना:
| घटक | कुल कोशिकीय द्रव्यमान का % |
| जल | $70-90$ |
| प्रोटीन | $10-15$ |
| कार्बोहाइड्रेट | $3$ |
| लिपिड | $2$ |
| न्यूक्लिक एसिड | $5-7$ |
| आयन | $1$ |