एक बिंदु पर पहुँचने वाली दो समान प्रकाश तरंगों के बीच का प्रकाशीय पथ अंतर $31.5 \lambda$ है,जहाँ $\lambda$ प्रयुक्त प्रकाश की तरंगदैर्घ्य है। वह बिंदु है [दिया गया है: दो प्रकाश स्रोत सुसंगत हैं]

  • A
    वैकल्पिक रूप से चमकीला और अंधेरा।
  • B
    अंधेरा (विनाशी व्यतिकरण)।
  • C
    चमकीला (संपोषी व्यतिकरण)।
  • D
    न तो चमकीला और न ही अंधेरा।

Explore More

Similar Questions

$1 : 4$ के तीव्रता अनुपात वाले दो कला-संबद्ध स्रोत एक व्यतिकरण प्रतिरूप उत्पन्न करते हैं। फ्रिंज दृश्यता (fringe visibility) होगी

संबद्ध स्रोत (Coherent sources) वे स्रोत हैं जिनके लिए

नीचे दो कथन दिए गए हैं: एक को अभिकथन $A$ और दूसरे को कारण $R$ के रूप में लेबल किया गया है।
अभिकथन $A$: यदि दो प्रकाश तरंगें समान मोटाई लेकिन अलग-अलग अपवर्तनांक वाले माध्यमों से होकर गुजरती हैं,तो उनका कलांतर (phase difference) बदल जाता है।
कारण $R$: अलग-अलग माध्यमों में तरंगों की तरंगदैर्ध्य अलग-अलग होती है।
उपरोक्त कथनों के आलोक में,नीचे दिए गए विकल्पों में से सबसे उपयुक्त उत्तर चुनें।

यदि प्रकाश की तरंगदैर्ध्य $4000 \mathring A$ है,तो $1 \ mm$ लंबाई में तरंगों की संख्या क्या होगी?

$n$ समान तरंगें जिनकी प्रत्येक की तीव्रता $I_0$ है, एक-दूसरे के साथ व्यतिकरण करती हैं। यदि व्यतिकरण $(i)$ कला-सम्बद्ध (coherent) और $(ii)$ असम्बद्ध (incoherent) हो, तो अधिकतम तीव्रताओं का अनुपात क्या होगा?

Vedclass Products

For Students

Vedclass Test Series

Mock tests in real JEE/NEET style with performance analysis. 5-day free trial.

Start Free Trial
For Teachers

Exam Paper Generator

Generate Set A/B/C/D exam papers from 7.5L+ questions in 2 minutes. 3 chapters free.

Try Free
For Institutes

Online Exam Module

Live online exams with unlimited students, 360° analytics & white-label branding.

See Demo