(N/A) कार्बनिक यौगिक में ऑक्सीजन की प्रतिशत मात्रा सामान्यतः कुल प्रतिशत संरचना $(100)$ और अन्य सभी तत्वों की प्रतिशत मात्रा के योग के अंतर द्वारा ज्ञात की जाती है।
$\% O = 100 - (\text{अन्य सभी तत्वों की } \% \text{ का योग})$
$(b)$ कार्बनिक यौगिक के एक निश्चित द्रव्यमान को नाइट्रोजन गैस की धारा में गर्म करके विघटित किया जाता है। ऑक्सीजन युक्त गैसीय उत्पादों के मिश्रण को $1373 \ K$ पर लाल-तप्त कोक के ऊपर से गुजारा जाता है,जहाँ सभी ऑक्सीजन कार्बन मोनोऑक्साइड $(CO)$ में परिवर्तित हो जाती है।
$2C + O_2 \xrightarrow{1373 \ K} 2CO$
इस मिश्रण को फिर गर्म आयोडीन पेंटोक्साइड $(I_2O_5)$ से गुजारा जाता है,जहाँ कार्बन मोनोऑक्साइड का कार्बन डाइऑक्साइड में ऑक्सीकरण होता है और आयोडीन $(I_2)$ उत्पन्न होती है।
$I_2O_5 + 5CO \rightarrow I_2 + 5CO_2$
$(c)$ गणना:
माना कार्बनिक यौगिक का द्रव्यमान $m \ g$ है और उत्पन्न $CO_2$ का द्रव्यमान $m_1 \ g$ है।
चूंकि $88 \ g \ CO_2$ में $32 \ g$ ऑक्सीजन होती है,इसलिए $m_1 \ g \ CO_2$ में ऑक्सीजन का द्रव्यमान $\frac{32 \times m_1}{88} \ g$ होगा।
अतः,$\% O = \frac{32 \times m_1}{88 \times m} \times 100$.
$(d)$ आधुनिक विधियाँ: वर्तमान में,$CHN$ एलीमेंटल एनालाइज़र का उपयोग करके आकलन किया जाता है,जिसमें केवल $1-3 \ mg$ पदार्थ की आवश्यकता होती है और त्वरित परिणाम प्राप्त होते हैं।