| स्तंभ $I$ | स्तंभ $II$ |
|---|---|
| $(A)$ $X$ द्वारा $Y$ पर लगाया गया बल $Mg$ परिमाण का है। | $(p)$ $M$ द्रव्यमान का ब्लॉक $Y$ एक स्थिर नत समतल $X$ पर अचर वेग से फिसल रहा है। |
| $(B)$ $X$ की गुरुत्वीय स्थितिज ऊर्जा लगातार बढ़ रही है। | $(q)$ दो रिंग चुंबक $Y$ और $Z$,प्रत्येक का द्रव्यमान $M$,घर्षणहीन ऊर्ध्वाधर प्लास्टिक स्टैंड में हैं। $Y$ आधार $X$ पर टिका है और $Z$ संतुलन में है। पूरी प्रणाली अचर वेग से ऊपर जा रही लिफ्ट में है। |
| $(C)$ प्रणाली $X+Y$ की यांत्रिक ऊर्जा लगातार घट रही है। | $(r)$ $m_0$ द्रव्यमान की घिरनी $Y$ को मेज $X$ से जोड़ा गया है। $M$ द्रव्यमान का ब्लॉक घिरनी के ऊपर से गुजरती डोरी से लटका है। पूरी प्रणाली अचर वेग से नीचे जा रही लिफ्ट में है। |
| $(D)$ बिंदु $P$ के परितः $Y$ के भार का बल आघूर्ण शून्य है। | $(s)$ $M$ द्रव्यमान का गोला $Y$ एक अश्यान द्रव $X$ में छोड़ा जाता है और नीचे गति करता है। |
| $(t)$ $M$ द्रव्यमान का गोला $Y$ एक श्यान द्रव $X$ में सीमांत वेग से गिर रहा है। |
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