(EAST) $\alpha$-कण एक धनावेशित कण है। फ्लेमिंग के बाएं हाथ के नियम के अनुसार,गतिमान आवेश पर लगने वाला बल $(F)$,चुंबकीय क्षेत्र $(B)$ और आवेश के वेग $(v)$ दोनों के लंबवत होता है।
दिया गया है: चुंबकीय क्षेत्र $(B)$ ऊर्ध्वाधर ऊपर की ओर है। बल $(F)$ दक्षिण दिशा में है।
फ्लेमिंग के बाएं हाथ के नियम का उपयोग करते हुए: यदि तर्जनी (forefinger) ऊपर की ओर (चुंबकीय क्षेत्र) और अंगूठा दक्षिण की ओर (बल) इंगित करता है,तो मध्यमा उंगली (middle finger) पूर्व दिशा की ओर इंगित करेगी।
इसलिए,$\alpha$-कण को पूर्व दिशा में प्रक्षेपित किया जाना चाहिए।
फ्लेमिंग का बायां हाथ का नियम: अपने बाएं हाथ के अंगूठे,तर्जनी और मध्यमा उंगली को इस प्रकार फैलाएं कि वे एक-दूसरे के लंबवत हों। यदि तर्जनी चुंबकीय क्षेत्र की दिशा में और मध्यमा उंगली विद्युत धारा (या धनावेश की गति) की दिशा में है,तो अंगूठा कण पर लगने वाले बल की दिशा को दर्शाता है।