(N/A) मुक्त पतन किसी वस्तु की वह गति है जो केवल गुरुत्वाकर्षण बल के प्रभाव में,स्थिर त्वरण के साथ होती है।
$(b)$ मुक्त पतन के दौरान गति की दिशा में कोई परिवर्तन नहीं होता है (यह हमेशा ऊर्ध्वाधर नीचे की ओर होती है)।
$(c)$ दिया गया है: प्रारंभिक वेग $u = 0 \, m/s$,ऊँचाई $h = 19.6 \, m$,गुरुत्वीय त्वरण $g = 9.8 \, m/s^2$।
$(i)$ गति के समीकरण $h = ut + \frac{1}{2}gt^2$ का उपयोग करने पर:
$19.6 = 0 + \frac{1}{2} \times 9.8 \times t^2$
$19.6 = 4.9 \times t^2$
$t^2 = 4$
$t = 2 \, s$।
$(ii)$ वेग ज्ञात करने के लिए $v = u + gt$ का उपयोग करने पर:
$v = 0 + 9.8 \times 2$
$v = 19.6 \, m/s$।
$(iii)$ चूँकि वस्तु मुक्त पतन में है,इसलिए इसका त्वरण स्थिर रहता है और गुरुत्वीय त्वरण $g = 9.8 \, m/s^2$ के बराबर होता है,अतः $1 \, s$ के बाद भी त्वरण $9.8 \, m/s^2$ ही रहेगा।