(N/A) सिद्धांत: कार्बनिक यौगिक में कार्बन और हाइड्रोजन का निर्धारण यौगिक के ज्ञात द्रव्यमान को अतिरिक्त ऑक्सीजन और कॉपर $(II)$ ऑक्साइड $(CuO)$ की उपस्थिति में जलाकर किया जाता है। कार्बन का ऑक्सीकरण कार्बन डाइऑक्साइड $(CO_2)$ में और हाइड्रोजन का ऑक्सीकरण जल $(H_2O)$ में होता है।
अभिक्रिया: $C_xH_y + (x + \frac{y}{4})O_2 \rightarrow xCO_2 + \frac{y}{2}H_2O$
विधि:
$1$. कार्बनिक यौगिक के ज्ञात द्रव्यमान $(m \ g)$ को प्लैटिनम बोट में लिया जाता है और दहन नली में अतिरिक्त ऑक्सीजन और $CuO$ की उपस्थिति में जलाया जाता है।
$2$. उत्पन्न गैसों को निर्जलीय कैल्शियम क्लोराइड $(CaCl_2)$ युक्त तौली गई $U$-ट्यूब से गुजारा जाता है,जो जल को अवशोषित करती है।
$3$. इसके बाद गैसों को पोटेशियम हाइड्रोक्साइड $(KOH)$ के सांद्र विलयन युक्त दूसरी तौली गई $U$-ट्यूब से गुजारा जाता है,जो कार्बन डाइऑक्साइड को अवशोषित करती है।
गणना:
- मान लीजिए $CaCl_2$ $U$-ट्यूब के द्रव्यमान में वृद्धि $m_1 \ g$ है (उत्पन्न $H_2O$ का द्रव्यमान)।
- मान लीजिए $KOH$ $U$-ट्यूब के द्रव्यमान में वृद्धि $m_2 \ g$ है (उत्पन्न $CO_2$ का द्रव्यमान)।
हाइड्रोजन की प्रतिशतता: चूंकि $18 \ g$ $H_2O$ में $2 \ g$ हाइड्रोजन होता है,इसलिए
$H$ की प्रतिशतता $= \frac{2 \times m_1 \times 100}{18 \times m}$
कार्बन की प्रतिशतता: चूंकि $44 \ g$ $CO_2$ में $12 \ g$ कार्बन होता है,इसलिए
$C$ की प्रतिशतता $= \frac{12 \times m_2 \times 100}{44 \times m}$